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बिना अनुदान दे रहे नि:शुल्क ज्ञान
Updated Sat, 26 Aug 2017 01:23 AM IST
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ज्ञानपुर। जनपद के अधिकतर मदरसे बिना सरकारी अनुदान के बच्चों को ज्ञान दे रहे हैं। जिले के कुल 80 मदरसों में से सिर्फ सात मदरसे वित्तपोषित हैं। 73 वित्तविहीन मदरसे अपना खर्च खुद के स्रोतों से चला रहे हैं। इन मदरसों में बच्चों को नि:शुल्क तालीम दी जा रही है। स्वतंत्रता दिवस पर अन्य विद्यालयों की तरह इन मदरसों में भी ध्वजारोहण के बाद राष्ट्रगान गाया गया। हालांकि कई मदरसों में राष्ट्रगान की बजाए सारे जहां से अच्छा का गान हुआ।
इस बार स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर अल्पसंख्यक शिक्षण संस्थानों में ध्वजारोहण के बाद राष्ट्रगान गाने का शासनादेश जारी हुआ था। इस संबंध में शासन ने रिपोर्ट भी मंागी थी। जनपद में पहले से ही स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर मदरसों में ध्वजारोहण के बाद राष्ट्रगान गाया जाता रहा है। वित्तपोषित मदरसों में प्राइमरी स्तर तक पढ़ाने वाले शिक्षकों को लगभग 29 हजार रुपये और जूनियर स्तर से लेकर स्नातक तक पढ़ाने वाले शिक्षकों को लगभग 32 रुपये वेतन के रूप में दिए जाते हैं। प्रधानाचार्य को वेतन के रूप में लगभग 35 हजार रुपये दिए जाते हैं। मदरसों को मात्र 600 से 700 रुपये प्रतिवर्ष पोषण अनुदान मिलता है। जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी विनोद कुमार जायसवाल ने बताया कि आधे से अधिक मदरसों ने स्वतंत्रता दिवस समारोह मनाने की सीडी उपलब्ध करा दी है। शेष मदरसे शीघ्र सीडी उपलब्ध करा देंगे। इसके बाद रिपोर्ट शासन को भेज दी जाएगी। उन्होंने कहा कि स्वतंत्रता दिवस न मनाने की शिकायत कहीं से भी नहीं मिली है।
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इस बार स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर अल्पसंख्यक शिक्षण संस्थानों में ध्वजारोहण के बाद राष्ट्रगान गाने का शासनादेश जारी हुआ था। इस संबंध में शासन ने रिपोर्ट भी मंागी थी। जनपद में पहले से ही स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर मदरसों में ध्वजारोहण के बाद राष्ट्रगान गाया जाता रहा है। वित्तपोषित मदरसों में प्राइमरी स्तर तक पढ़ाने वाले शिक्षकों को लगभग 29 हजार रुपये और जूनियर स्तर से लेकर स्नातक तक पढ़ाने वाले शिक्षकों को लगभग 32 रुपये वेतन के रूप में दिए जाते हैं। प्रधानाचार्य को वेतन के रूप में लगभग 35 हजार रुपये दिए जाते हैं। मदरसों को मात्र 600 से 700 रुपये प्रतिवर्ष पोषण अनुदान मिलता है। जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी विनोद कुमार जायसवाल ने बताया कि आधे से अधिक मदरसों ने स्वतंत्रता दिवस समारोह मनाने की सीडी उपलब्ध करा दी है। शेष मदरसे शीघ्र सीडी उपलब्ध करा देंगे। इसके बाद रिपोर्ट शासन को भेज दी जाएगी। उन्होंने कहा कि स्वतंत्रता दिवस न मनाने की शिकायत कहीं से भी नहीं मिली है।
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