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Basti News: सिर्फ पोर्टल पर दिख रहे मजदूर... कार्यस्थल से नदारद
Mon, 26 Aug 2024 01:25 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बस्ती
संवाद न्यूज एजेंसी, बस्ती
Updated Mon, 26 Aug 2024 01:25 PM IST
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मनरेगा में बंद नहीं हो रहा फर्जी हाजिरी लगाने का खेल, उठ रहे सवाल
फसलों से लहलहाते स्थानों पर जिम्मेदार दे रहे कच्चे कार्यों को स्वीकृति
संवाद न्यूज एजेंसी
बहादुरपुर। मनरेगा में फर्जी हाजिरी लगाकर सरकारी धन के गोलमाल करने का खेल बंद नहीं हो रहा है। जिम्मेदारों की मिली भगत से मनरेगा पोर्टल पर मजदूरों की संख्या सैकड़ों में दिख रही है। जबकि कार्यस्थल पर मजदूर खोजे नहीं मिल रहे हैं। इतना ही नहीं, ग्राम पंचायतों में बिना कार्य किए ही ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज हो जा रही है।
ताजा मामला बहादुरपुर ब्लॉक क्षेत्र के ग्राम पंचायत मटेरा का है। यहां 200 से अधिक मजदूरों की ऑनलाइन उपस्थिति मनरेगा पोर्टल पर दर्ज की गई है। जबकि मौके पर एक भी मजदूर कार्य करते नहीं देखे जा रहे हैं। वर्तमान में कच्चे कार्यों को कराना कठिन है। क्योंकि खेतों में फसल, तालाब और पोखरों में पानी भरा है। ऐसे में मिट्टी का कार्य संभव नहीं है। बावजूद इसके मटेरा ग्राम पंचायत में शनिवार को 32 मस्टर रोल पर 250 से अधिक मजदूर तो रविवार को 28 मस्टर रोल पर 200 अधिक मजदूरों की उपस्थिति दर्ज हुई है।
जारी मस्टर रोल में बुझारत के खेत से जावेद के खेत तक चकमार्ग, उमेश पांडेय के खेत से पिच रोड तक चकमार्ग, प्राथमिक विद्यालय छबैला के सामने चक मार्ग, जावेद के खेत से जलालपुर सरहद तक चकमार्ग निमार्ण का कार्य होना दर्शाया गया है। कुल आठ स्थलों पर रविवार को मजदूरों की उपस्थिति दर्ज की गई है। शनिवार को उपरोक्त कार्यों के अलावा प्राथमिक विद्यालय छबैला में मिट्टी पटाई कार्य के लिए भी उपस्थिति दर्ज की गई है। बेसमय खेतों के बीच चकमार्गों के निमार्ण की स्वीकृति पर सवाल उठ रहे हैं।
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इसका जवाब जिम्मेदार भी नहीं दे पा रहे हैं। जबकि शासन ने मनरेगा में गड़बड़झाला रोकने के लिए कार्य स्थल से ही मजदूरों की ऑनलाइन उपस्थिति रोजगार सेवक/ मनरेगा मेट द्वारा दर्ज किया जाना अनिवार्य किया गया है। इसकी निगरानी के लिए सचिव, कलस्टर प्रभारी, एपीओ, बीडीओ के अलावा जिले स्तर के अधिकारियों को भी लगाया गया है। किंतु अधिकारियों की नजर से बचने के लिए अधिकतर ग्राम पंचायतों में दोपहर बाद ही उपस्थिति दर्ज कराई जा रही है।
..
कोट
मामले की जांच कराई जाएगी। यदि आरोप सही मिले तो मस्टर रोल शून्य करते हुए जिम्मेदारों पर कार्रवाई की जाएगी।
-मंजुल मयंक गौतम, एपीओ, बहादुरपुर
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फसलों से लहलहाते स्थानों पर जिम्मेदार दे रहे कच्चे कार्यों को स्वीकृति
संवाद न्यूज एजेंसी
बहादुरपुर। मनरेगा में फर्जी हाजिरी लगाकर सरकारी धन के गोलमाल करने का खेल बंद नहीं हो रहा है। जिम्मेदारों की मिली भगत से मनरेगा पोर्टल पर मजदूरों की संख्या सैकड़ों में दिख रही है। जबकि कार्यस्थल पर मजदूर खोजे नहीं मिल रहे हैं। इतना ही नहीं, ग्राम पंचायतों में बिना कार्य किए ही ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज हो जा रही है।
ताजा मामला बहादुरपुर ब्लॉक क्षेत्र के ग्राम पंचायत मटेरा का है। यहां 200 से अधिक मजदूरों की ऑनलाइन उपस्थिति मनरेगा पोर्टल पर दर्ज की गई है। जबकि मौके पर एक भी मजदूर कार्य करते नहीं देखे जा रहे हैं। वर्तमान में कच्चे कार्यों को कराना कठिन है। क्योंकि खेतों में फसल, तालाब और पोखरों में पानी भरा है। ऐसे में मिट्टी का कार्य संभव नहीं है। बावजूद इसके मटेरा ग्राम पंचायत में शनिवार को 32 मस्टर रोल पर 250 से अधिक मजदूर तो रविवार को 28 मस्टर रोल पर 200 अधिक मजदूरों की उपस्थिति दर्ज हुई है।
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जारी मस्टर रोल में बुझारत के खेत से जावेद के खेत तक चकमार्ग, उमेश पांडेय के खेत से पिच रोड तक चकमार्ग, प्राथमिक विद्यालय छबैला के सामने चक मार्ग, जावेद के खेत से जलालपुर सरहद तक चकमार्ग निमार्ण का कार्य होना दर्शाया गया है। कुल आठ स्थलों पर रविवार को मजदूरों की उपस्थिति दर्ज की गई है। शनिवार को उपरोक्त कार्यों के अलावा प्राथमिक विद्यालय छबैला में मिट्टी पटाई कार्य के लिए भी उपस्थिति दर्ज की गई है। बेसमय खेतों के बीच चकमार्गों के निमार्ण की स्वीकृति पर सवाल उठ रहे हैं।
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इसका जवाब जिम्मेदार भी नहीं दे पा रहे हैं। जबकि शासन ने मनरेगा में गड़बड़झाला रोकने के लिए कार्य स्थल से ही मजदूरों की ऑनलाइन उपस्थिति रोजगार सेवक/ मनरेगा मेट द्वारा दर्ज किया जाना अनिवार्य किया गया है। इसकी निगरानी के लिए सचिव, कलस्टर प्रभारी, एपीओ, बीडीओ के अलावा जिले स्तर के अधिकारियों को भी लगाया गया है। किंतु अधिकारियों की नजर से बचने के लिए अधिकतर ग्राम पंचायतों में दोपहर बाद ही उपस्थिति दर्ज कराई जा रही है।
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कोट
मामले की जांच कराई जाएगी। यदि आरोप सही मिले तो मस्टर रोल शून्य करते हुए जिम्मेदारों पर कार्रवाई की जाएगी।
-मंजुल मयंक गौतम, एपीओ, बहादुरपुर