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Basti News: हड़ताल कर रहे अधिवक्ताओं ने आमजन से भी मांगा सहयोग
Sat, 30 Sep 2023 12:59 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बस्ती
संवाद न्यूज एजेंसी, बस्ती
Updated Sat, 30 Sep 2023 12:59 AM IST
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जनपद न्यायालय के गेट नंबर दो पर किया विरोध प्रदर्शन
आरोप, महिलाओं और अधिवक्ताओं पर हो रहे हमले रोकने में सरकार नाकाम
संवाद न्यूज एजेंसी
बस्ती। जनपद न्यायालय के गेट नंबर दो पर शुक्रवार को अधिवक्ताओं ने विरोध प्रदर्शन करते हुए कहा कि हापुड़ घटना किसी दृष्टि से उचित नहीं ठहराई जा सकती है। अधिवक्ताओं ने शुक्रवार को आमजन से हड़ताल में सहयोग मांगा।
वरिष्ठ अधिवक्ता व बार एसोसिएशन के पूर्व मंत्री उपेंद्र नाथ दुबे ने कहा कि सरकार के स्तर से अधिवक्ताओं की इतनी उपेक्षा बर्दास्त से बाहर है। अब तक कोई सरकार इतना उदासीन नहीं रही है। मुख्यमंत्री को गुमान है कि वह कानून व्यवस्था को दुरुस्त किए हुए हैं। प्रदेश में अधिवक्ताओं और महिलाओं पर बढ़ते अत्याचार को रोकने में सरकार नाकाम रही है।
पूर्व महामंत्री शशि प्रकाश शुक्ल ने कहा कि अब तक जितनी सरकारें आईं सभी ने अधिवक्ताओं को केंद्र में रखकर सुधारवादी एजेंडे को आगे बढ़ाया, लेकिन यह सरकार किसी को कुछ समझती ही नहीं है। समय आने पर प्रदेश का हर नागरिक अपने मत से उचित जवाब देगा। कहा कि राजस्थान में अधिवक्ता प्रोटेक्शन एक्ट लागू हो चुका है, लेकिन उत्तर प्रदेश में सरकार इसे नकार रही है। अब यह बर्दास्त नहीं किया जाएगा। इस मौके पर मारुत कुमार शुक्ल, विजय शर्मा, अमित मणि त्रिपाठी, केएन पांडेय, राजेश विक्रम सिंह, राजेश मिश्रा, अरविंद नरायण पांडेय, विवेक शुक्ला आदि मौजूद रहे।
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आरोप, महिलाओं और अधिवक्ताओं पर हो रहे हमले रोकने में सरकार नाकाम
संवाद न्यूज एजेंसी
बस्ती। जनपद न्यायालय के गेट नंबर दो पर शुक्रवार को अधिवक्ताओं ने विरोध प्रदर्शन करते हुए कहा कि हापुड़ घटना किसी दृष्टि से उचित नहीं ठहराई जा सकती है। अधिवक्ताओं ने शुक्रवार को आमजन से हड़ताल में सहयोग मांगा।
वरिष्ठ अधिवक्ता व बार एसोसिएशन के पूर्व मंत्री उपेंद्र नाथ दुबे ने कहा कि सरकार के स्तर से अधिवक्ताओं की इतनी उपेक्षा बर्दास्त से बाहर है। अब तक कोई सरकार इतना उदासीन नहीं रही है। मुख्यमंत्री को गुमान है कि वह कानून व्यवस्था को दुरुस्त किए हुए हैं। प्रदेश में अधिवक्ताओं और महिलाओं पर बढ़ते अत्याचार को रोकने में सरकार नाकाम रही है।
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पूर्व महामंत्री शशि प्रकाश शुक्ल ने कहा कि अब तक जितनी सरकारें आईं सभी ने अधिवक्ताओं को केंद्र में रखकर सुधारवादी एजेंडे को आगे बढ़ाया, लेकिन यह सरकार किसी को कुछ समझती ही नहीं है। समय आने पर प्रदेश का हर नागरिक अपने मत से उचित जवाब देगा। कहा कि राजस्थान में अधिवक्ता प्रोटेक्शन एक्ट लागू हो चुका है, लेकिन उत्तर प्रदेश में सरकार इसे नकार रही है। अब यह बर्दास्त नहीं किया जाएगा। इस मौके पर मारुत कुमार शुक्ल, विजय शर्मा, अमित मणि त्रिपाठी, केएन पांडेय, राजेश विक्रम सिंह, राजेश मिश्रा, अरविंद नरायण पांडेय, विवेक शुक्ला आदि मौजूद रहे।
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