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किशोर स्वास्थ्य मंच में दिए स्वस्थ रहने के टिप्स-
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मेही लाल इंटर कालेज मे कार्यक्रम को संबोधित करते सीएचसी अधीक्षक डा.विवेक विस्वास
- फोटो : BASTI
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शरीर में खून की कमी को नजरंदाज करना घातक: डॉ. विस्वास
अमर उजाला फांउडेशन की ओर से स्वास्थ्य कैंप, मेहीलाल इंटर कॉलेज असनहरा में 123 की जांच
सीएचसी के डॉक्टरों ने परामर्श और दवाएं दीं
अमर उजाला ब्यूरो
भानपुर। अधिकतर महिलाएं और बच्चियां असंतुलित भोजन और अव्यवस्थित जीवन शैली से खून की कमी का शिकार हो जाती हैं। समय रहते इलाज न करने पर कई बीमारियों को बढ़ावा मिलने लगता है। यह कहना है मुख्य अतिथि सीएचसी अधीक्षक डा.विवेक विस्वास का। वे अमर उजाला फांउडेशन की ओर से आयोजित अपराजिता मुहिम के तहत स्वास्थ्य शिविर को संबोधित कर रहे थे।
शनिवार को मेहीलाल आदर्श इंटर कॉलेज असनहरा में लगे स्वास्थ्य शिविर में डॉ विस्वास ने खून की कमी से शरीर मे होने वाले रोगों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। साथ ही बचाव के उपाय बताए। इससे पहले शिविर की शुरूआत शबीना खातून और शकीना खातून के सरस्वती वंदना और अदिति व रूपा के स्वागत गीत से हुआ। सहायक विकास अधिकारी (पंचायत) नवनीत मिश्रा ने बच्चियों की अच्छी सेहत और स्वस्थ रहने के लिए शौचालय के प्रयोग की अपील की। प्रबंधक जीवनदास जायसवाल ने अमर उजाला के स्वास्थ शिविर की सराहना की। प्रधानाचार्य राजेंद्र नाथ पांडेय ने कहा कि नारी सशक्तिकरण और उनके सम्मान के लिए चलाया जा रहा अपराजिता अभियान निश्चित तौर पर महिलाओं और बच्चियों के लिए मील का पत्थर साबित होगा। सहायक अध्यापक मनोज मिश्रा ने भी छात्राओं को सेहत संबंधी जानकारी दी। डॉ. अजय शुक्ला, नेत्र परीक्षण अधिकारी अनुज सिंह, संगीता वर्मा और रेनू शुक्ला की टीम ने शिविर लगाकर 123 छात्राओं के स्वास्थ्य की जांच व रक्त का परीक्षण किया। इस दौरान विद्यालय की 175 छात्राओं ने शपथ पत्र भरकर अपराजिता मुहिम को समर्थन किया। इस मौके पर किशोर स्वास्थ्य मंच का भी आयोजन किया गया। इसमें सामान्य ज्ञान प्रतियोगिता आयोजित की गई। टीम के सदस्यों ने उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले 10 छात्राओं को पुरस्कृत किया। कार्यक्रम में कामिंदर मिश्रा, मोहम्मद उमर खान, बृजभान सिंह, नरसिंह चौधरी, सत्य नरायन, अमित जायसवाल, सैफ अली, रूबिया खातून, राम शंकर और सुभाष सहित अन्य शामिल रहे।
स्पीकप
प्रेरणादायक है अपराजिता मुहिम
विद्यालय की कक्षा 12 की छात्रा अदिती जायसवाल कहती हैं कि अमर उजाला की अपराजिता मुहिम महिलाओं और बच्चियों के लिए एक प्रेरणादायक मंच है। मैं काफी खुश हूं कि ग्रामीण परिवेश में रहते हुए भी मुझे ऐसे कार्यक्रम में शामिल होने का अवसर मिला।
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स्वास्थ्य शिविर में मिली विशेष जानकारी
छात्रा रूपा कहती हैं कि स्वास्थ्य शिविर में खून की कमी से होने वाले रोग और उनके बचाव के दिए गए टिप्स सराहनीय रहे। इससे निश्चित ही छात्राओं को लाभ मिलेगा। ऐसे कार्यक्रम होते रहने चाहिए। आज भी संकोच में बच्चियां अपनी समस्याएं नहीं बता पाती हैं।
अपराजिता मुहिम से आएगा बदलाव
विद्यालय की छात्रा निकिता गुप्ता कहती हैं कि अमर उजाला की इस अपराजिता मुहिम से महिलाओं और बच्चियों की सोच में बदलाव आएगा। जो हमें अपराजिता बनकर घर परिवार और समाज के लिए कुछ करने का साहस देगा। कार्यक्रम में कई जानकारियों से वाकिफ हुई।
बीमारियों को लेकर दूर हुआ डर
छात्रा रोशनी आर्या कहती हैं कि स्वास्थ्य शिविर में शामिल होने से कई आवश्यक बातों की जानकारी हुई। शरीर में खून की कमी से होने वाली बीमारियों को लेकर बना डर दूर हुआ। इससे बचाव के लिए बताए गए उपाय सरल और सहज हैं। लाभकारी रहा स्वास्थ्य शिविर।
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अमर उजाला फांउडेशन की ओर से स्वास्थ्य कैंप, मेहीलाल इंटर कॉलेज असनहरा में 123 की जांच
सीएचसी के डॉक्टरों ने परामर्श और दवाएं दीं
अमर उजाला ब्यूरो
भानपुर। अधिकतर महिलाएं और बच्चियां असंतुलित भोजन और अव्यवस्थित जीवन शैली से खून की कमी का शिकार हो जाती हैं। समय रहते इलाज न करने पर कई बीमारियों को बढ़ावा मिलने लगता है। यह कहना है मुख्य अतिथि सीएचसी अधीक्षक डा.विवेक विस्वास का। वे अमर उजाला फांउडेशन की ओर से आयोजित अपराजिता मुहिम के तहत स्वास्थ्य शिविर को संबोधित कर रहे थे।
शनिवार को मेहीलाल आदर्श इंटर कॉलेज असनहरा में लगे स्वास्थ्य शिविर में डॉ विस्वास ने खून की कमी से शरीर मे होने वाले रोगों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। साथ ही बचाव के उपाय बताए। इससे पहले शिविर की शुरूआत शबीना खातून और शकीना खातून के सरस्वती वंदना और अदिति व रूपा के स्वागत गीत से हुआ। सहायक विकास अधिकारी (पंचायत) नवनीत मिश्रा ने बच्चियों की अच्छी सेहत और स्वस्थ रहने के लिए शौचालय के प्रयोग की अपील की। प्रबंधक जीवनदास जायसवाल ने अमर उजाला के स्वास्थ शिविर की सराहना की। प्रधानाचार्य राजेंद्र नाथ पांडेय ने कहा कि नारी सशक्तिकरण और उनके सम्मान के लिए चलाया जा रहा अपराजिता अभियान निश्चित तौर पर महिलाओं और बच्चियों के लिए मील का पत्थर साबित होगा। सहायक अध्यापक मनोज मिश्रा ने भी छात्राओं को सेहत संबंधी जानकारी दी। डॉ. अजय शुक्ला, नेत्र परीक्षण अधिकारी अनुज सिंह, संगीता वर्मा और रेनू शुक्ला की टीम ने शिविर लगाकर 123 छात्राओं के स्वास्थ्य की जांच व रक्त का परीक्षण किया। इस दौरान विद्यालय की 175 छात्राओं ने शपथ पत्र भरकर अपराजिता मुहिम को समर्थन किया। इस मौके पर किशोर स्वास्थ्य मंच का भी आयोजन किया गया। इसमें सामान्य ज्ञान प्रतियोगिता आयोजित की गई। टीम के सदस्यों ने उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले 10 छात्राओं को पुरस्कृत किया। कार्यक्रम में कामिंदर मिश्रा, मोहम्मद उमर खान, बृजभान सिंह, नरसिंह चौधरी, सत्य नरायन, अमित जायसवाल, सैफ अली, रूबिया खातून, राम शंकर और सुभाष सहित अन्य शामिल रहे।
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प्रेरणादायक है अपराजिता मुहिम
विद्यालय की कक्षा 12 की छात्रा अदिती जायसवाल कहती हैं कि अमर उजाला की अपराजिता मुहिम महिलाओं और बच्चियों के लिए एक प्रेरणादायक मंच है। मैं काफी खुश हूं कि ग्रामीण परिवेश में रहते हुए भी मुझे ऐसे कार्यक्रम में शामिल होने का अवसर मिला।
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स्वास्थ्य शिविर में मिली विशेष जानकारी
छात्रा रूपा कहती हैं कि स्वास्थ्य शिविर में खून की कमी से होने वाले रोग और उनके बचाव के दिए गए टिप्स सराहनीय रहे। इससे निश्चित ही छात्राओं को लाभ मिलेगा। ऐसे कार्यक्रम होते रहने चाहिए। आज भी संकोच में बच्चियां अपनी समस्याएं नहीं बता पाती हैं।
अपराजिता मुहिम से आएगा बदलाव
विद्यालय की छात्रा निकिता गुप्ता कहती हैं कि अमर उजाला की इस अपराजिता मुहिम से महिलाओं और बच्चियों की सोच में बदलाव आएगा। जो हमें अपराजिता बनकर घर परिवार और समाज के लिए कुछ करने का साहस देगा। कार्यक्रम में कई जानकारियों से वाकिफ हुई।
बीमारियों को लेकर दूर हुआ डर
छात्रा रोशनी आर्या कहती हैं कि स्वास्थ्य शिविर में शामिल होने से कई आवश्यक बातों की जानकारी हुई। शरीर में खून की कमी से होने वाली बीमारियों को लेकर बना डर दूर हुआ। इससे बचाव के लिए बताए गए उपाय सरल और सहज हैं। लाभकारी रहा स्वास्थ्य शिविर।