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15 दिसंबर से आएगा नहरों में पानी
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संवाद न्यूज एजेंसी
बस्ती। रबी वर्ष 2020-21 में 15 दिसंबर से नहरों में पानी आएगा। यह जानकारी डीएम आशुतोष निरंजन ने शुक्रवार को दी।
उन्होंने बताया कि चौधरी चरण सिंह डुमरियागंज पंप नहर प्रणाली के तहत बस्ती शाखा की नहरों के चलने का रोस्टर स्वीकृत कर दिया गया है। उन्होंने सरयू नहर खंड चार के अधिशासी अभियंता को निर्देश दिया कि समय से नहरों को चलाना सुनिश्चित करें।
जिले का अधिकांश भाग खेती पर निर्भर है। उन्नत खेती के लिए समय पर पानी की आवश्यकता होती है। इसकी एक-एक बूंद को बचाना और उसका सदुपयोग करना हम सबका कर्तव्य है। खेतों को पानी देने के साथ-साथ रासायनिक खाद और कंपोस्ट खाद या हरी खाद भी आवश्यक है। इससे जमीन में उर्वरा शक्ति बनी रहती है और पैदावार बढ़ जाती है। किसानों से अपील की है कि पानी बहुत ही मूल्यवान है। इसका दुरुपयोग न करें। कुलावे से पानी लगाने के बाद कुलावा बंद कर दे। उन्होंने कहा कि नए कुलावों की मांग, कमांड विभाजन, दहन, नया स्थान के संबंध में अधीक्षण अभियंता को प्रार्थना पत्र दें।
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बस्ती। रबी वर्ष 2020-21 में 15 दिसंबर से नहरों में पानी आएगा। यह जानकारी डीएम आशुतोष निरंजन ने शुक्रवार को दी।
उन्होंने बताया कि चौधरी चरण सिंह डुमरियागंज पंप नहर प्रणाली के तहत बस्ती शाखा की नहरों के चलने का रोस्टर स्वीकृत कर दिया गया है। उन्होंने सरयू नहर खंड चार के अधिशासी अभियंता को निर्देश दिया कि समय से नहरों को चलाना सुनिश्चित करें।
जिले का अधिकांश भाग खेती पर निर्भर है। उन्नत खेती के लिए समय पर पानी की आवश्यकता होती है। इसकी एक-एक बूंद को बचाना और उसका सदुपयोग करना हम सबका कर्तव्य है। खेतों को पानी देने के साथ-साथ रासायनिक खाद और कंपोस्ट खाद या हरी खाद भी आवश्यक है। इससे जमीन में उर्वरा शक्ति बनी रहती है और पैदावार बढ़ जाती है। किसानों से अपील की है कि पानी बहुत ही मूल्यवान है। इसका दुरुपयोग न करें। कुलावे से पानी लगाने के बाद कुलावा बंद कर दे। उन्होंने कहा कि नए कुलावों की मांग, कमांड विभाजन, दहन, नया स्थान के संबंध में अधीक्षण अभियंता को प्रार्थना पत्र दें।
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