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खाद्य अपमिश्रण में आरोपी को एक वर्ष की सजा
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Thu, 17 Mar 2016 12:40 AM IST
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कोर्ट
- फोटो : demo photo
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बस्ती। अपर मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी प्रमोद कुमार गुप्ता ने कत्था में मिलावट के आरोप में एक व्यक्ति को दोषी करार देते हुए एक वर्ष के कारावास और एक हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है।
अभियोजन के अनुसार, 17 वर्ष पूर्व आरोपी कोतवाली क्षेत्र के अस्पताल चौराहा निवासी बृजकिशोर चौरसिया के खिलाफ मिलावट की शिकायत की गई थी। खाद्य निरीक्षक संतराम चौधरी ने 11 मार्च 1999 को दिन में 11 बजे जिला अस्पताल चौराहे पर स्थित बृजकिशोर चौरसिया की दुकान से 90 रुपए देकर 300 ग्राम कत्था खरीदा।
तीन बराबर भागों में इसे बांटने के बाद एक हिस्सा राजकीय जन विश्लेषक केंद्र लखनऊ को जांच के लिए भेजा। केंद्र की जांच रिपोर्ट में कत्थे में मिलावट की पुष्टि की गई। इस मामले में खाद्य निरीक्षक ने आरोपी के खिलाफ कोर्ट में परिवाद दाखिल किया गया। गवाहों के बयान और सबूतों के आधार पर कोर्ट ने आरोपी को दोषी माना। मुकदमे की लंबी अवधि को ध्यान में रखते हुए आरोपी को एक वर्ष की साधारण कारावास व अर्थदंड की सजा सुनाई गई।
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अभियोजन के अनुसार, 17 वर्ष पूर्व आरोपी कोतवाली क्षेत्र के अस्पताल चौराहा निवासी बृजकिशोर चौरसिया के खिलाफ मिलावट की शिकायत की गई थी। खाद्य निरीक्षक संतराम चौधरी ने 11 मार्च 1999 को दिन में 11 बजे जिला अस्पताल चौराहे पर स्थित बृजकिशोर चौरसिया की दुकान से 90 रुपए देकर 300 ग्राम कत्था खरीदा।
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तीन बराबर भागों में इसे बांटने के बाद एक हिस्सा राजकीय जन विश्लेषक केंद्र लखनऊ को जांच के लिए भेजा। केंद्र की जांच रिपोर्ट में कत्थे में मिलावट की पुष्टि की गई। इस मामले में खाद्य निरीक्षक ने आरोपी के खिलाफ कोर्ट में परिवाद दाखिल किया गया। गवाहों के बयान और सबूतों के आधार पर कोर्ट ने आरोपी को दोषी माना। मुकदमे की लंबी अवधि को ध्यान में रखते हुए आरोपी को एक वर्ष की साधारण कारावास व अर्थदंड की सजा सुनाई गई।
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