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देखते-देखते बही खून की धारा
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Mon, 01 Jan 2018 12:15 AM IST
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मुण्डेरवा थाना क्षेत्र के बोदवल मे तलवार से घायल जैनब।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूूराो
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बस्ती/मुंडेरवा। बोदवल के बरडाड़ पोखरे में किताबुन्निशा की शिकायत पर एक माह के भीतर आरोपी तबारक उर्फ सोनू का तीन बार शांतिभंग की आशंका में चालान किया जाना साबित करता है कि पुलिस प्रशासन की जानकारी के बावजूद विवाद इतना बढ़ता गया। इस विवाद को सुलझने के लिए राजस्व विभाग की टीम पुलिस के साथ मौके पर जा चुकी थी। बावजूद इसके जैनब और उसकी मां किताबुन्निशा नेे कांटा फंसाना बंद नहीं किया।
आसपास के लोगों का कहना है कि रफीउल्लाह के परिवार में उसका बड़ा बेटा मोहम्मद फारूख गल्ले की दुकानों पर पल्लेदारी और ठेला आदि लगाता है। छोटा भाई तबरेज उर्फ सोनू भी मजदूरी करके किसी तरह से गृहस्थी चलाने में पिता और भाई का हाथ बंटाता रहा। प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत मिले आवास का जब-जब निर्माण शुरू कराता था, तब-तब किताबुन्निशा और जैनब कुछ न कुछ कर देती थी, जिससे काम रोक दिया जाता रहा।
मृतका किताबुन्निशा के बेटे मोहम्मद जुबेर ने देर शाम मुख्य अभियुक्त समेेत सात लोगों को नामजद कराया है। जिसमें तबरेज के अलावा उसका भाई मोहम्मद फारुख, अखतर अली और अब्दुल्लाह पर मारपीट कर हत्या और बैठोले, करमहुसैन और निजामुद्दीन पर साजिश करने, उकसाने और अन्य आरोप लगाया।
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पुलिस ने सातों पर मुकदमा दर्ज कर लिया। सोनू के अलावा सभी फरार बताए जा रहे हैं। पुलिस गिरफ्त में आए रफीउल्लाह के छोटे बेटे तबारक उर्फ सोनू ने कबूल किया कि इस बार भी जब वे दोनों निर्माण रोकने पर आमादा होते दिखीं तो वह आपा खो बैठा। तलवार लेकर बरडांड़ के पास जाती मां-बेटी पर तलवार भांज दिया। जिंदगी और मौत के बीच झूल रही जैनब मां के साथ ही रहती थी।
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आसपास के लोगों का कहना है कि रफीउल्लाह के परिवार में उसका बड़ा बेटा मोहम्मद फारूख गल्ले की दुकानों पर पल्लेदारी और ठेला आदि लगाता है। छोटा भाई तबरेज उर्फ सोनू भी मजदूरी करके किसी तरह से गृहस्थी चलाने में पिता और भाई का हाथ बंटाता रहा। प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत मिले आवास का जब-जब निर्माण शुरू कराता था, तब-तब किताबुन्निशा और जैनब कुछ न कुछ कर देती थी, जिससे काम रोक दिया जाता रहा।
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मृतका किताबुन्निशा के बेटे मोहम्मद जुबेर ने देर शाम मुख्य अभियुक्त समेेत सात लोगों को नामजद कराया है। जिसमें तबरेज के अलावा उसका भाई मोहम्मद फारुख, अखतर अली और अब्दुल्लाह पर मारपीट कर हत्या और बैठोले, करमहुसैन और निजामुद्दीन पर साजिश करने, उकसाने और अन्य आरोप लगाया।
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पुलिस ने सातों पर मुकदमा दर्ज कर लिया। सोनू के अलावा सभी फरार बताए जा रहे हैं। पुलिस गिरफ्त में आए रफीउल्लाह के छोटे बेटे तबारक उर्फ सोनू ने कबूल किया कि इस बार भी जब वे दोनों निर्माण रोकने पर आमादा होते दिखीं तो वह आपा खो बैठा। तलवार लेकर बरडांड़ के पास जाती मां-बेटी पर तलवार भांज दिया। जिंदगी और मौत के बीच झूल रही जैनब मां के साथ ही रहती थी।