फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Basti News ›   Codeine syrup: Underground drug dealers target more pharmaceutical firms

कोडीन सिरप : धंधेबाज हुए भूमिगत निशाने पर दवाओं की कई और फर्में

Fri, 12 Dec 2025 01:01 AM IST
Gorakhpur Bureau गोरखपुर ब्यूरो
Updated Fri, 12 Dec 2025 01:01 AM IST
विज्ञापन
Codeine syrup: Underground drug dealers target more pharmaceutical firms
बस्ती। देश भर के दवा बाजार में कोडीन युक्त सिरप की आपूर्ति का मामला गर्म हुआ तो बस्ती भी चर्चा में आ गया। दवा व्यापार की आड़ में कोडीन युक्त सिरप के धंधे से जुड़े कई चेहरे बेनकाब हो गए हैं। दवा कारोबार में अच्छी खासी रसूख वाले कुल आठ लोग पुलिस कार्रवाई की जद में आ चुके हैं। पुरानी बस्ती और कोतवाली थाने में इनके खिलाफ मुकदमा भी दर्ज हो चुका है।
विज्ञापन

पूरब के इस मध्य अंचल में बस्ती समेत आसपास के जिले और नेपाल सीमा तक कोडीन युक्त सिरप सप्लाई के यह मुख्य किरदार बताए जा रहे हैं। अभी इनके नेटवर्क में और भी लोगों के शामिल होने की खबर मिल रही है। पुलिसिया जांच आगे बढ़ने पर कई नए चेहरे सामने आ सकते हैं। बस्ती में एक महीने के भीतर ताबड़तोड़ कोडीन युक्त सिरप की दो खेप पकड़ी गई। पहली बार नवंबर में पुरानी बस्ती क्षेत्र के खुशबू गोयल पत्नी शंकर गोयल के दवा गोदाम में 15,696 बोतल कोडीन युक्त सिरप की खेप पकड़ी गई थी।
विज्ञापन

दूसरी बार तीन दिन पहले 9 दिसंबर को कोतवाली क्षेत्र के गणपति फार्मा के माध्यम से 1.72 लाख शीशी कोडीन युक्त सिरप के खपाने का मामला सामने आया। इसमें स्थानीय चार अन्य फर्मों की ओर से सप्लाई करने भूमिका पकड़ में आई। संबंधित फर्मों के संचालकों के खिलाफ कोतवाली में एफआईआर भी दर्ज हुआ है। पुलिस रडार पर आ चुके दवा व्यवसाय से जुड़े यह चेहरे अब गिरफ्तारी की भय से भूमिगत बताए जा रहे हैं। ताबड़तोड़ कोडीन युक्त सिरप बरामद होने के साथ बड़ी मात्रा में इसकी खेप खपाने वाले धंधेबाज पुलिस पकड़ से अभी दूर हैं। जबकि इनका नाम सामने आने के बाद नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों में हलचल बढ़ गई है। इन फर्मों के जरिये सप्लाई लेकर कोडीन युक्त सिरप बेचने वाले दवा दुकानदार की धड़कने भी बढ़ी हुई है। उन्हें आशंका है कि मुख्य किरदार पकड़े जाने के बाद उनके नाम का भी खुलासा हो सकता है।
विज्ञापन
विज्ञापन

सिलसिलेवार कई दवा फर्मों के पकड़ में आने के बाद अब खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग की भूमिका पर भी सवाल उठने लगे हैं।
नियमित दवा के थोक एवं फुटकर दुकानों की जांच का दावा करने अधिकारी भी निरूत्तर है। इसलिए कि जिले में भारी मात्रा में खपाई जा रही कोडीन युक्त सिरप की भनक उन्हें लंबे समय से नहीं लगी। धंधेबाज दवा के थोक विक्रेता के पंजीकृत फर्म पर करोड़ों के कोडीन सिरप का वारा न्यारा करते रहे।

उच्च स्तरीय जांच में जब कोडीन सप्लाई करने वाली लखनऊ और रांची की चर्चित फर्मों से बस्ती का तार जुड़ा मिला तो उच्च पदस्थ अधिकारियों ने बस्ती में इस सिरप की धरपकड़ शुरू कराई। वरना स्थानीय स्तर पर मामला दबा ही रह जाता।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed