फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Basti News ›   Be careful if you get a call without order parcel

Basti News: बिना आर्डर पार्सल आने का फोन आए तो हो सावधान, मत बताइएगा ओटीपी

Sat, 24 Jun 2023 01:53 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बस्ती
संवाद न्यूज एजेंसी, बस्ती Updated Sat, 24 Jun 2023 01:53 AM IST
विज्ञापन
Be careful if you get a call without order parcel
बस्ती। ऑनलाइन ऑर्डर किए बिना अगर कोई पार्सल आने का फोन आए तो सावधान हो जाइएगा। बातचीत में वह ऑर्डर कैंसिल करने के लिए आपसे ओटीपी मांगेगा। अगर ओटीपी दे दिए तो समझिए खाते से रुपये खाली हो जाएंगे। ऑनलाइन फ्राड का नया ट्रेंड सामने आया है।
विज्ञापन

जिसमें फोन करके कहा जाता है कि आपका पार्सल आया है। अगर आप कहेंगे कि मैंने कोई आर्डर नहीं किया है तो फोन करने वाला आपसे कहेगा कि ठीक है आर्डर कैंसिल कर देता हूं, एक ओटीपी गई होगी नंबर बता दीजिए। ऐसे फ्राड के 10 दिन में तीन केस सामने आ चुके हैं। एक में कोतवाली में केस भी दर्ज हो गया है।
विज्ञापन




केस एक-
- गांधीनगर के पंकज सिंह के पास कुछ दिनों पहले एक कॉल आया। सामने वाले ने कहा कि आपका पार्सल आया है। पंकज थोड़ा हैरान हुए, उन्होंने तो कुछ मंगाया नहीं था। कॉल करने वाला बोला कोई बात नहीं, हम ऑर्डर कैंसिल कर देते हैं। इसके लिए आपके पास एक ओटीपी गई होगी। उसे बता दीजिए। पंकज ने कॉल पर ही ओटीपी बता दिया। कुछ देर बाद पंकज के मोबाइल फोन पर नोटिफिकेशन आया। जिसमें लिखा था कि आपके खाते से 49999 रुपये कट गया। पंकज जब साइबर सेल के पास गए तो पता चला कि वह साइबर ठगी के शिकार हो गए।
विज्ञापन
विज्ञापन




केस दो

- मंगल बाजार निवासी अतुल अग्रहरि के घर पिछले रविवार को डिलीवरी ब्वाय पहुंचा। अतुल उस समय घर पर नहीं थे। उनकी पत्नी बाहर निकलीं और मोबाइल पर अतुल से पूछने लगीं कि आपने ऑर्डर देकर क्या मंगाया है। हैरान अतुल ने पल्ला झाड़ लिया। उनकी पत्नी ने कहा यह पार्सल उनका नहीं है, वापस ले जाओ। डिलीवरी ब्वाय गिड़गिड़ाने लगा कि मैडम ऑर्डर कैंसिल करना पड़ेगा वरना उसे अपनी जेब से पार्सल की रकम अदा करना पड़ेगा। उसने कहा कि साहब (अतुल) की मोबाइल पर ओटीपी गया होगा, उसे पूछकर बता दीजिए। उनकी पत्नी ने ओटीपी पूछकर बता दिया। जिसके कुछ देर बाद खाते से 35580 रुपये कट गए।



ठगी का यह नया तरीका

- साइबर सेल के अनुसार, शिकार के पते पर कूरियर के जरिए एक पार्सल भेजा जाता है जो उसने कभी ऑर्डर ही नहीं किया होता। जाहिर है कि वह ऑर्डर रिसीव करने से मना कर देगा। फिर डिलीवरी बॉय उस पार्सल भेजने वाले को फोन लगाएगा जिसका नंबर ''कस्टमर केयर'' के रूप में लेबल पर दिया होगा। शिकार की फोन पर बात कराई जाएगी। उसे समझाया जाएगा कि अगर ऑर्डर उसने नहीं किया तो कैंसिल करा सकता है। बस इसके लिए मोबाइल पर आया ओटीपी बताना होगा। पीछा छुड़ाने के लिए शिकार जल्दबाजी में ओटीपी बता देता है और यहीं पर चूक हो जाती है। कॉल पर ओटीपी मिलते ही दूसरी ओर बैठे ठग शिकार का बैंक खाता खाली कर देते हैं।



यहां करें शिकायत

- साइबर क्राइम एक्सपर्ट मजहर खान बताते हैं कि इस तरह के फ्राड का शिकार अगर कोई उपभोक्ता हो जाता है तो तुरंत केंद्र सरकार के साइबर क्राइम हेल्प लाइन नंबर 1930 पर काल करें। साथ ही साइबर धोखाधड़ी के मामलों में अपनी शिकायत नेशनल साइबर क्राइम रिपोर्टिंग पोर्टल एचटीटीपीएस//डब्ल्यूडब्ल्यूडब्ल्यू डॉट साइबर क्राइम डॉट जीओवी डॉट इन पर या नजदीकी थाना- चौकी में शिकायत दर्ज करवा सकते हैं। 1930 पर तुरंत शिकायत करने पर पैसा सुरक्षित वापस आने की संभावना रहती है।




इस तरह की सावधानी जरूर बरतें

- ऑनलाइन खरीदारी करते समय जांच करें कि वेबसाइट के यूआरएल में एचटीटीपीएस होना अनिवार्य है न की खाली एचटीटीपी, अगर कोई अपरिचित व्यक्ति किसी एप्लीकेशन को डाउनलोड करने के लिए कहता है तो एप्लीकेशन डाउनलोड न करें। केवाईसी करने के नाम पर आपसे 1 या 10 रुपये आपके ही बैंक अकाउंट में ट्रांसफर करने के लिए कहता है तो ऐसा न करें। नहीं तो आपके साथ ठगी हो सकती है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed