फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Basti News ›   Advocates boycotted National Lok Adalat

Basti News: अधिवक्ताओं ने किया राष्ट्रीय लोक अदालत का बहिष्कार

Sun, 10 Sep 2023 02:02 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बस्ती
संवाद न्यूज एजेंसी, बस्ती Updated Sun, 10 Sep 2023 02:02 AM IST
विज्ञापन
Advocates boycotted National Lok Adalat
न्यायालय गेट पर अ​धिवक्ताओं ने किया प्रदर्शन।
बस्ती। हापुड़ की घटना को लेकर अधिवक्ताओं का धरना प्रदर्शन शनिवार को भी जारी रहा। बार एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने जनपद न्यायालय के गेट नंबर दो पर विरोध प्रदर्शन किया। साथ ही राष्ट्रीय लोक अदालत का बहिष्कार करते हुए कहा कि जब तक हापुड़ घटना के जिम्मेदार डीएम व एसपी को सरकार नहीं हटाती है तब तक विरोध प्रदर्शन जारी रहेगा।
विज्ञापन

जनपद बार एसोसिएशन अध्यक्ष रजनीश कुमार दुबे ने कहा कि हापुड़ में अधिवक्ताओं पर पुलिस ने बर्बर तरीके से लाठी चार्ज किया। जिसमें तमाम महिला व वरिष्ठ अधिवक्ताओं को गंभीर चोटें आई हैं। प्रदेशभर में इस घटना के विरोध में प्रदर्शन किया जा रहा है। घटना का बार काउंसिल ऑफ उत्तर प्रदेश ने संज्ञान लेते हुए कहा कि प्रथम दृष्टया हापुड़ जिला प्रशासन व पुलिस का दोष प्रतीत होता है। उच्च न्यायालय से एसआईटी का गठन कर जांच के निर्देश दिए हैं। इसके बावजूद प्रदेश सरकार चुप्पी साधे हुए है। यंग बार एसोसिएशन के अध्यक्ष विनोद कुमार भट्ट ने कहा कि घटना पर सरकार की चुप्पी निंदनीय है। लंबे समय से अधिवक्ता प्रोटेक्शन एक्ट लागू करने की मांग की जा रही है। राजस्थान राज्य ने इसे लागू कर दिया लेकिन उत्तर प्रदेश सरकार इसे लेकर अपना रुख स्पष्ट नहीं कर रही है। मौके पर जवाहरलाल मिश्र, विजयनाथ पांडेय, राम प्रसन्न मिश्रा, शेषनाथ पाठक, महेश श्रीवास्तव, रमेश चंद्र पांडेय, शिवपूजन मिश्रा, अंगद मिश्रा, राम प्रसाद चौरसिया, द्वारिका प्रसाद पाठक, दिलीप कुमार मिश्र आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन

-----------------
लोक अदालत में 53 हजार से अधिक वादों का हुआ निस्तारण
बस्ती। विधिक सेवा प्राधिकरण की ओर से शनिवार को जनपद न्यायालय परिसर में राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया गया। जिसमें 53,953 वादों का निस्तारण हुआ। अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश/विधिक सेवा प्राधिकरण सचिव रजनीश कुमार मिश्र ने बताया कि इसमें बैंक ऋण व अन्य प्रकार के 44682 मामलों का निस्तारण किया गया। जबकि न्यायालयों के 9271 वादों का निस्तारण सुलह-समझौते के आधार पर किया गया। लोक अदालत में मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण न्यायालय के 21 मामलों को निस्तारित कर ग्यारह लाख नब्बे हजार रुपये की क्षतिपूर्ति प्रदान की गई। आपराधिक वादों के निस्तारण में 14 लाख 90 हजार रुपये की धनराशि अर्थदंड स्वरूप प्राप्त की गई। बैंक ऋण के 957 मामलों को निस्तारित कराकर बैंकों द्वारा करीब आठ करोड़ तेरह लाख रुपये की धनराशि पर समझौता किया गया। उल्लेखनीय है कि जनपद न्यायाधीश कुलदीप सक्सेना ने लोक अदालत का शुभारंभ किया। मौके पर न्यायिक अधिकारी अनिल कुमार खरवार, अखिलेश दुबे, जेबा मजीद, शिवचंद, आशीष राय आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed