{"_id":"676da6babeb9d134fa061e54","slug":"acceleration-in-construction-of-big-projects-on-new-year-overbridge-and-road-will-be-built-simultaneously-basti-news-c-207-1-bst1001-129407-2024-12-27","type":"story","status":"publish","title_hn":"Basti News: नए साल पर बड़ी परियोजनाओं के निर्माण में तेजी... साथ-साथ बनेंगे ओवरब्रिज और सड़क","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Basti News: नए साल पर बड़ी परियोजनाओं के निर्माण में तेजी... साथ-साथ बनेंगे ओवरब्रिज और सड़क
Fri, 27 Dec 2024 12:25 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बस्ती
संवाद न्यूज एजेंसी, बस्ती
Updated Fri, 27 Dec 2024 12:25 AM IST
विज्ञापन
- मुख्यालय से अयोध्या सीमा तक सड़क और फ्लाईओवर बनेंगे
- रिंगरोड और परिक्रमा मार्ग के लिए अधिग्रहित जमीन का पूरा होना वाला हैं चिह्नांकन
- बड़ी परियोजनाओं के लिए 2024 में तैयार किया निर्माण का प्लेटफाॅर्म
बस्ती। नए साल में जिले में बड़ी परियोजनाओं के निर्माण में तेजी आ जाएगी। मुख्यालय से लेकर अयोध्या सीमा तक सड़क और फ्लाईओवर साथ-साथ बनेंगे। तीन महत्वपूर्ण सड़क, नदियों पर दो नए पुल समेत आधा दर्जन फ्लाईओवर निर्माण के लिए 2024 में प्लेटफाॅर्म तैयार कर दिया है। इन परियोजनाओं पर लगभग 2100 करोड़ रुपये खर्च कर बस्ती की तस्वीर बदल दी जाएगी। इसमें मशीनों की धम-धम भी बढ़गी।
बहुप्रतीक्षित सड़क एवं ओवरब्रिज परियोजनाओं का स्वरूप तैयार होने का मुहूर्त 2025 लेकर आ रहा है। सबकुछ ठीक रहा तो जिले को दो नई सड़कों की सौगात मिलेगी। यह परियोजनाएं जिले के लिए बेहद खास भी हैं। पहली बस्ती रिंग रोड परियोजना है। इससे बस्ती को नई पहचान बनेगी। यह शहर के चारों तरफ फोरलेन सड़क के रूप में बनाई जाएगी।
इस सड़क की परिधि में आने वाले लगभग दो सौ गांवों में विकास के काम होंगे। इस परियोजना पर निर्माण की कवायद शुरू कर दी गई है। प्रथम फेज में 11 किमी लंबी सड़क के लिए अधिग्रहित भूमि पर खोदाई करके चिह्नांकन का कार्य शुरू कर दिया गया है। 50 फीसदी से अधिक भूमि भी चिह्नित की जा चुकी है।
विज्ञापन
केंद्रीय राज्य सड़क परिवहन मंत्रालय की ओर से टेंडर प्रक्रिया पहले ही पूरी की जा चुकी है। 1100 करोड़ की लागत वाले इस परियोजना में 600 करोड़ रुपये अवमुक्त भी हो चुके हैं। उम्मीद है कि नए साल में इस नई सड़क को बनाने के लिए निर्माण मशीनों की धम-धम शुरू हो जाएगी।
वहीं मुख्यालय से 50 किमी दूर अयोध्या सीमा के निकट मखौड़ा धाम से 84 कोसी परिक्रमा मार्ग के प्रथम फेज की सड़क के निर्माण की भी तैयारी शुरू कर दी गई है। 36 किमी लंबाई में टू-लेन विद पिप्ड सोल्डर सड़क बनाने के लिए यहां भी अधिग्रहित जमीन पर निर्माण एजेंसी पीडब्ल्यूडी एनएच ने खोदाई का कार्य शुरू करा दिया है।
सड़क के निर्माण से बस्ती जिला गोंडा एवं आंबेडकर जनपद से सीधे जुड़ जाएगा। 2025 में इन दोनों परियोजनाओं पर निर्माण की गतिविधियां तेज हो जाएंगी।
रिंग रोड बनने से महानगर जैसा दिखेगा दृश्य
शहर के चारों तरफ रिंग बनने से महानगर जैसा दृश्य यहां भी दिखने लगेगा। आवागमन भी सुलभ होगा। रिंग रोड निर्माण से शहरी आभा चौतरफा दस किमी दायरे तक बढ़ जाएगी। प्रथम फेज की सड़क 54 गांवों से होकर गुजरेगी।
इस परियोजना के लिए 80 प्रतिशत से अधिक मुआवजे की धनराशि बंट चुकी है। छह किमी लंबाई में अधिग्रहित भूमि की खोदाई भी लगभग पूरी कर ली गई है। इसके बाद मिट्टी पटाई का कार्य शुरू होने वाला है। नए साल में इस सड़क का स्वरुप उभरकर सामने आने लगेगा।
राजाचक में पुल और बायपोखर में आरओबी का होगा निर्माण
रिंगरोड परियोजना में कुआनो नदी पर राजाचक गांव के पास पुल का निर्माण भी किया जाएगा। इसके अलावा बायपोखर गांव के पास रेल लाइन के ऊपर रेलवे ओवरब्रिज भी बनाया जाएगा। लुंबिनी-दुद्धी मार्ग पर खुटहन के पास अंडरपास का निर्माण भी प्रस्तावित है। यह रिंग रोड गोरखपुर-लखनऊ हाईवे, लुंबिनी-दुद्धी मार्ग को जोड़ने के साथ दो सौ गांवों का आवागमन सुलभ बनाएगा।
सरयू नदी पर बनेगा एक नया पुल
84 कोसी परिक्रमा मार्ग परियोजना भी जिले के लिए खास तोहफा लेकर आ रही है। मखौड़ा से शुरू होने वाली प्रथम फेज की सड़क 56 गांवों से होकर गुजरेगी। इसे आंबेडकरनगर जनपद के श्रृंगी ऋषि आश्रम तक पहुंचाया जाएगा। इसके लिए दुबौलिया विकास खंड क्षेत्र में सरयू नदी पर पुल का निर्माण करना होगा। यहां पुल की जरूरत लंबे समय से महसूस की जा रही है। जनपद के आधा दर्जन गांव नदी के उस पार बसे हैं। बीच में नदी होने के कारण यहां के वाशिंदे जनपद से कटे रहते हैं। पुल बन जाने से इन नागरिकों का आवागमन बहाल हो जाएगा।
बोले जिम्मेदार
बस्ती रिंग रोड और 84 कोसी परिक्रमा मार्ग परियोजना के लिए भूमि अधिग्रहण की कार्रवाई तेजी के साथ पूरी की जा रही है। अधिकांश भूखंडों का कब्जा पत्र निर्माण एजेंसियों को सौंप दिया गया है। निर्माण में कुछ जगहों को छोड़ दें तो बाधा कहीं नहीं है।
- मनोज प्रकाश, प्रभारी, विशेष भूमि आधिपत्य अधिकारी
84 कोसी परिक्रमा मार्ग के लिए अधिग्रहित जमीन पर कब्जा के लिए खोदाई शुरू करा दिया गया है। इसके बाद मिट्टी पटाई का कार्य कराया जाएगा।
- ई. एसके वर्मा, एक्सईएन, पीडब्ल्यूडी, एनएच
विज्ञापन
- रिंगरोड और परिक्रमा मार्ग के लिए अधिग्रहित जमीन का पूरा होना वाला हैं चिह्नांकन
- बड़ी परियोजनाओं के लिए 2024 में तैयार किया निर्माण का प्लेटफाॅर्म
बस्ती। नए साल में जिले में बड़ी परियोजनाओं के निर्माण में तेजी आ जाएगी। मुख्यालय से लेकर अयोध्या सीमा तक सड़क और फ्लाईओवर साथ-साथ बनेंगे। तीन महत्वपूर्ण सड़क, नदियों पर दो नए पुल समेत आधा दर्जन फ्लाईओवर निर्माण के लिए 2024 में प्लेटफाॅर्म तैयार कर दिया है। इन परियोजनाओं पर लगभग 2100 करोड़ रुपये खर्च कर बस्ती की तस्वीर बदल दी जाएगी। इसमें मशीनों की धम-धम भी बढ़गी।
बहुप्रतीक्षित सड़क एवं ओवरब्रिज परियोजनाओं का स्वरूप तैयार होने का मुहूर्त 2025 लेकर आ रहा है। सबकुछ ठीक रहा तो जिले को दो नई सड़कों की सौगात मिलेगी। यह परियोजनाएं जिले के लिए बेहद खास भी हैं। पहली बस्ती रिंग रोड परियोजना है। इससे बस्ती को नई पहचान बनेगी। यह शहर के चारों तरफ फोरलेन सड़क के रूप में बनाई जाएगी।
विज्ञापन
इस सड़क की परिधि में आने वाले लगभग दो सौ गांवों में विकास के काम होंगे। इस परियोजना पर निर्माण की कवायद शुरू कर दी गई है। प्रथम फेज में 11 किमी लंबी सड़क के लिए अधिग्रहित भूमि पर खोदाई करके चिह्नांकन का कार्य शुरू कर दिया गया है। 50 फीसदी से अधिक भूमि भी चिह्नित की जा चुकी है।
विज्ञापन
केंद्रीय राज्य सड़क परिवहन मंत्रालय की ओर से टेंडर प्रक्रिया पहले ही पूरी की जा चुकी है। 1100 करोड़ की लागत वाले इस परियोजना में 600 करोड़ रुपये अवमुक्त भी हो चुके हैं। उम्मीद है कि नए साल में इस नई सड़क को बनाने के लिए निर्माण मशीनों की धम-धम शुरू हो जाएगी।
वहीं मुख्यालय से 50 किमी दूर अयोध्या सीमा के निकट मखौड़ा धाम से 84 कोसी परिक्रमा मार्ग के प्रथम फेज की सड़क के निर्माण की भी तैयारी शुरू कर दी गई है। 36 किमी लंबाई में टू-लेन विद पिप्ड सोल्डर सड़क बनाने के लिए यहां भी अधिग्रहित जमीन पर निर्माण एजेंसी पीडब्ल्यूडी एनएच ने खोदाई का कार्य शुरू करा दिया है।
सड़क के निर्माण से बस्ती जिला गोंडा एवं आंबेडकर जनपद से सीधे जुड़ जाएगा। 2025 में इन दोनों परियोजनाओं पर निर्माण की गतिविधियां तेज हो जाएंगी।
रिंग रोड बनने से महानगर जैसा दिखेगा दृश्य
शहर के चारों तरफ रिंग बनने से महानगर जैसा दृश्य यहां भी दिखने लगेगा। आवागमन भी सुलभ होगा। रिंग रोड निर्माण से शहरी आभा चौतरफा दस किमी दायरे तक बढ़ जाएगी। प्रथम फेज की सड़क 54 गांवों से होकर गुजरेगी।
इस परियोजना के लिए 80 प्रतिशत से अधिक मुआवजे की धनराशि बंट चुकी है। छह किमी लंबाई में अधिग्रहित भूमि की खोदाई भी लगभग पूरी कर ली गई है। इसके बाद मिट्टी पटाई का कार्य शुरू होने वाला है। नए साल में इस सड़क का स्वरुप उभरकर सामने आने लगेगा।
राजाचक में पुल और बायपोखर में आरओबी का होगा निर्माण
रिंगरोड परियोजना में कुआनो नदी पर राजाचक गांव के पास पुल का निर्माण भी किया जाएगा। इसके अलावा बायपोखर गांव के पास रेल लाइन के ऊपर रेलवे ओवरब्रिज भी बनाया जाएगा। लुंबिनी-दुद्धी मार्ग पर खुटहन के पास अंडरपास का निर्माण भी प्रस्तावित है। यह रिंग रोड गोरखपुर-लखनऊ हाईवे, लुंबिनी-दुद्धी मार्ग को जोड़ने के साथ दो सौ गांवों का आवागमन सुलभ बनाएगा।
सरयू नदी पर बनेगा एक नया पुल
84 कोसी परिक्रमा मार्ग परियोजना भी जिले के लिए खास तोहफा लेकर आ रही है। मखौड़ा से शुरू होने वाली प्रथम फेज की सड़क 56 गांवों से होकर गुजरेगी। इसे आंबेडकरनगर जनपद के श्रृंगी ऋषि आश्रम तक पहुंचाया जाएगा। इसके लिए दुबौलिया विकास खंड क्षेत्र में सरयू नदी पर पुल का निर्माण करना होगा। यहां पुल की जरूरत लंबे समय से महसूस की जा रही है। जनपद के आधा दर्जन गांव नदी के उस पार बसे हैं। बीच में नदी होने के कारण यहां के वाशिंदे जनपद से कटे रहते हैं। पुल बन जाने से इन नागरिकों का आवागमन बहाल हो जाएगा।
बोले जिम्मेदार
बस्ती रिंग रोड और 84 कोसी परिक्रमा मार्ग परियोजना के लिए भूमि अधिग्रहण की कार्रवाई तेजी के साथ पूरी की जा रही है। अधिकांश भूखंडों का कब्जा पत्र निर्माण एजेंसियों को सौंप दिया गया है। निर्माण में कुछ जगहों को छोड़ दें तो बाधा कहीं नहीं है।
- मनोज प्रकाश, प्रभारी, विशेष भूमि आधिपत्य अधिकारी
84 कोसी परिक्रमा मार्ग के लिए अधिग्रहित जमीन पर कब्जा के लिए खोदाई शुरू करा दिया गया है। इसके बाद मिट्टी पटाई का कार्य कराया जाएगा।
- ई. एसके वर्मा, एक्सईएन, पीडब्ल्यूडी, एनएच