फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Basti News ›   विक्रमजोत में घाघरा का कटान बेकाबू

विक्रमजोत में घाघरा का कटान बेकाबू

Thu, 03 Aug 2017 11:22 PM IST
Updated Thu, 03 Aug 2017 11:22 PM IST
विज्ञापन
विक्रमजोत में घाघरा का कटान बेकाबू
विक्रमजोत (बस्ती)। घाघरा नदी का जलस्तर फिलहाल 92.59 सेमी पर स्थिर है जो खतरे के निशान से 11 सेमी नीचे है। लेकिन नदी का दबाव बंधे पर कायम है। बृहस्पतिवार सुबह निर्माणाधीन स्पर का नोज धारा से क्षतिग्रस्त हो गया।
विज्ञापन

विक्रमजोत-लोलपुर बांध के रैम्पो और तटबंधों पर मुख्य धारा का दबाव लगातार बढ़ता जा रहा है। बांध विहीन क्षेत्रों में कटान पर नियंत्रण नहीं हो पा रहा है। केशवपुर, भदोई, कल्याणपुर, सहजौरापाठक, भरथापुर, गांवों में कटान के चलते तमाम किसानों के फसल पानी में है। ऐसे में पशुपालकों के सामने चारे का संकट खड़ा हो गया है।
विज्ञापन

निर्माणाधीन स्पर का नोज क्षतिग्रस्त होने की सूचना पर पहुंचे बाढ़ विभाग के कर्मचारियों ने मरम्मत कार्य तेज कर दिया है मगर तेज बहाव के कारण राहतकार्य बेअसर सावित हो रहा है। सहजौरापाठक गांव पिछले दो सप्ताह से मैरुण्ड बना हुआ है।
विज्ञापन
विज्ञापन

कल्याणपुर और भरथापुर मे कटान रुकने का नाम नहीं ले रहा है। कल्याणपुर प्राथमिक विद्यालय के पास बने चार कटर पानी मे डूब गए हैं और यहां दूसरे दिन मजदूरों के अभाव में राहत कार्य भी बंद है। ग्रामीणों का कहना है कि जिलाधिकारी के निर्देश पर भी दो दशक पुराने ठोकरों पर बोल्डर नहीं डाला गया। जबकि 37लाख रुपये का अतिरिक्त बजट मिल गया है। कल्याणपुर के ग्राम प्रधान संजय यादव का कहना है कि गांव को बचाने का स्थायी कारगर उपाय नहीं किए जा रहे हैं। हम लोगों ने जिले से लेकर लखनऊ तक गुहार लगाई । मगर बाढ़ विभाग के उदासीनता के कारण ईट भरे बोरे से कटान रोकने का नाटक किया जा रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed