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निजी आईटीआई कालेजों में शुरु नहीं हुआ प्रवेश
Updated Fri, 20 Jul 2018 11:16 PM IST
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निजी आईटीआई कॉलेजों में शुरू नहीं हुआ प्रवेश
राजकीय आईटीआई की तर्ज पर होना है एडमिशन
इस सत्र से पहली बार लागू हुआ आनलाइन प्रवेश
अमर उजाला ब्यूरो
गौर। टेक्निकल शिक्षण संस्थानों की मनमानी के चलते सरकार ने राजकीय आईटीआई की तर्ज पर अब नए सत्र से प्राइवेट आईटीआई कॉलेजों में पहली बार ऑनलाइन प्रवेश प्रक्रिया प्रारंभ की है। इसके चलते जुलाई खत्म होने को है, मगर अभी तक जिले के प्राइवेट शिक्षण प्रशिक्षण संस्थानों में प्रवेश प्रारंभ नहीं हो सका। छात्र इधर-उधर भटक रहे हैं।
जिले के 24 प्राइवेट आईटीआई कॉलेजों में ऑनलाइन प्रवेश होना है। जिसके लिए पिछले माह से लॉगइन खोल दी गई। इसकी अंतिम तिथि सात जुलाई थी। टेक्निकल शिक्षा अध्ययन के लिए भारी संख्या में छात्र-छात्राओं ने वेबसाइट के माध्यम से ऑनलाइन आवेदन किए, लेकिन अभी तक इन संस्थानों में प्रवेश शुरू नहीं हो सका। जबकि राजकीय आईटीआई में प्रवेश समाप्त की ओर है। ऐसे में छात्र अपने भविष्य को लेकर चिंतित हैं। निजी आईटीआई कॉलेज के प्रधानाचार्य ने बताया कि सरकार टेक्निकल शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए तरह-तरह की घोषणाएं कर रही है, मगर जब तक शिक्षण संस्थानों में समुचित संसाधनों की व्यवस्था और योग्य शिक्षकों की नियुक्ति नहीं होगी तब तक टेक्निकल ट्रेड की पढ़ाई संभव नहीं है। ऐसे में राजकीय आईटीआई की तरह प्राइवेट शिक्षण संस्थानों को भी विकसित करना होगा। तभी ग्रामीण अंचलों के बच्चे विभिन्न ट्रेडों में प्रशिक्षण प्राप्त करके रोजगारपरक शिक्षा पाएंगे। राजकीय आईटीआई बस्ती के प्रधानाचार्य बीबी सिंह ने बताया कि इस बार प्राइवेट आईटीआई कॉलेजों को ऑनलाइन प्रवेश प्रक्रिया से जोड़ा गया है। इसके लिए पूरे प्रदेश में एक व्यवस्था प्रणाली लागू की गई है। अभी तक काउंसिलिंग के बारे में ऊपर से कोई आदेश प्राप्त नहीं हुआ है। जैसे ही कोई सूचना प्राप्त होगी तुरंत शिक्षण संस्थाओं को अवगत कराया जाएगा।
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राजकीय आईटीआई की तर्ज पर होना है एडमिशन
इस सत्र से पहली बार लागू हुआ आनलाइन प्रवेश
अमर उजाला ब्यूरो
गौर। टेक्निकल शिक्षण संस्थानों की मनमानी के चलते सरकार ने राजकीय आईटीआई की तर्ज पर अब नए सत्र से प्राइवेट आईटीआई कॉलेजों में पहली बार ऑनलाइन प्रवेश प्रक्रिया प्रारंभ की है। इसके चलते जुलाई खत्म होने को है, मगर अभी तक जिले के प्राइवेट शिक्षण प्रशिक्षण संस्थानों में प्रवेश प्रारंभ नहीं हो सका। छात्र इधर-उधर भटक रहे हैं।
जिले के 24 प्राइवेट आईटीआई कॉलेजों में ऑनलाइन प्रवेश होना है। जिसके लिए पिछले माह से लॉगइन खोल दी गई। इसकी अंतिम तिथि सात जुलाई थी। टेक्निकल शिक्षा अध्ययन के लिए भारी संख्या में छात्र-छात्राओं ने वेबसाइट के माध्यम से ऑनलाइन आवेदन किए, लेकिन अभी तक इन संस्थानों में प्रवेश शुरू नहीं हो सका। जबकि राजकीय आईटीआई में प्रवेश समाप्त की ओर है। ऐसे में छात्र अपने भविष्य को लेकर चिंतित हैं। निजी आईटीआई कॉलेज के प्रधानाचार्य ने बताया कि सरकार टेक्निकल शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए तरह-तरह की घोषणाएं कर रही है, मगर जब तक शिक्षण संस्थानों में समुचित संसाधनों की व्यवस्था और योग्य शिक्षकों की नियुक्ति नहीं होगी तब तक टेक्निकल ट्रेड की पढ़ाई संभव नहीं है। ऐसे में राजकीय आईटीआई की तरह प्राइवेट शिक्षण संस्थानों को भी विकसित करना होगा। तभी ग्रामीण अंचलों के बच्चे विभिन्न ट्रेडों में प्रशिक्षण प्राप्त करके रोजगारपरक शिक्षा पाएंगे। राजकीय आईटीआई बस्ती के प्रधानाचार्य बीबी सिंह ने बताया कि इस बार प्राइवेट आईटीआई कॉलेजों को ऑनलाइन प्रवेश प्रक्रिया से जोड़ा गया है। इसके लिए पूरे प्रदेश में एक व्यवस्था प्रणाली लागू की गई है। अभी तक काउंसिलिंग के बारे में ऊपर से कोई आदेश प्राप्त नहीं हुआ है। जैसे ही कोई सूचना प्राप्त होगी तुरंत शिक्षण संस्थाओं को अवगत कराया जाएगा।
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