फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Basti News ›   मासूमों की मौत पर भारी गुस्सा

मासूमों की मौत पर भारी गुस्सा

Sun, 13 Aug 2017 12:00 AM IST
Updated Sun, 13 Aug 2017 12:00 AM IST
विज्ञापन
मासूमों की मौत पर भारी गुस्सा
मासूमों की मौत पर भारी गुस्सा
विज्ञापन

बस्ती।
गोरखपुर मेडिकल कॉलेज में ऑक्सीजन नहीं मिलने से हुई मासूमों की मौत पर जिले भर में गुस्सा है। समाजवादी युवजन सभा, भाकपा और आम आदमी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने प्रदेश सरकार का प्रतीकात्मक पुतला जलाकर विरोध जताया। कांग्रेस समेत कई संगठनों ने श्रद्धांजलि सभा कर दोषियों पर कार्रवाई की मांग की है।
सपा नेता महेन्द्रनाथ यादव के नेतृत्व में लोहिया मार्केट स्थित शिविर कार्यालय पर कार्यकर्ताओं ने योगी सरकार विरोधी नारा लगाते हुए प्रदर्शन किया। कम्पनीबाग चौराहे पर पहुंचकर मुख्यमंत्री का पुतला जलाया। महेंद्रनाथ ने कहा कि गोरखपुर में मस्तिष्क ज्वर से मौतें तो कई वर्षों से हो रही है किंतु एक साथ मासूम बच्चों समेत 63 लोगों की मौत ने व्यवस्था और सरकार के प्रबंधों की पोल खोलकर रख दी है। सरकार के मंत्री और जन प्रतिनिधि केवल भाषण देने में व्यस्त हैं। घटना की उच्चस्तरीय न्यायिक जांच कराकर दोषियों पर कार्रवाई और मृतकों के परिजनों को 20-20 लाख आर्थिक सहायता की मांग की। संतराम आर्य, विजय यादव, एबादुल हक, फूलचंद श्रीवास्तव, जावेद पिण्डारी, रामजतन यादव, आलोक यादव, जावेद सभासद, पिन्टू शुक्ल, मोईन खान, दुर्गेश यादव, अखिलेश आदि रहे।
विज्ञापन

माकपा कार्यकर्ताओं ने राज्य सरकार का पुतला फूंका और न्यायिक जांच की मांग की। सीटू कार्यालय से जिला सचिव केके तिवारी के नेतृत्व में जुलूस निकालकर योगी सरकार का दीवानी कचहरी तिराहे पर पुतला फूंका गया।तिवारी ने कहा कि घटना की नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए स्वास्थ्य मंत्री त्याग पत्र दें और प्रकरण की उच्च न्यायालय के जज से न्यायायिक जांच कराएं तथा पीड़ित परिजनों को 25-25 लाख का मुआवजा दें। इस दौरान वीरेन्द्र मिश्र, वीरेन्द्र प्रताप मिश्र, सत्यराम, शेषमणि, सतीश चौहान, जितेन्द्र, विजय चौधरी, राकेश गुप्ता आदि शामिल रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन

आम आदमी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने शास्त्री चौक पर प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री का पुतला जलाया। कहा कि मासूमों की मौत सरकारी महकमे की लापरवाही के चलते हुई है। स्वास्थ्य मंत्री सिद्धार्थनाथ सिंह अपने पद से इस्तीफा दें। वक्ताओं ने इस वक्तव्य की निंदा की कि ऑक्सीजन की कमी से मौतें नहीं हुई। इस दौरान कुलदीप जायसवाल, वीरेंद्र कसौधन, शब्बीर, शैलेंद्र गुप्ता, डीसी दुबे, अरुण भट्ट, ज्ञानप्रकाश आदि शामिल रहे।
कांग्रेस ने सीएम से इस्तीफा मांगा
बस्ती। गोरखपुर मेडिकल कॉलेज में 63 मासूमों की मौत पर कांग्रेस कार्यालय श्रद्धांजलि सभा हुई। बाद में निंदा प्रस्ताव पारित कर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से इस्तीफे की मांग की गई। जिला अध्यक्ष वीरेंद्र प्रताप पांडेय ने कहा कि मुख्यमंत्री अपने गृह जनपद को ही नही संभाल पा रहे हैं प्रदेश संभालना उनकी क्षमता से बाहर है। उन्हें स्वयं जिम्मेदारी से मुक्ति ले लेनी चाहिए। ऑक्सीजन के अभाव में हुई मौतों की सही जानकारी न देकर पूरे मामले पर लीपापोती की जा रही है। जिम्मेदारों पर आपराधिक मुकदमा पंजीकृत करवाकर मृत बच्चों के परिजनों को 20 लाख रुपये की आर्थिक मदद दिए जाने की मांग की। पूर्व विधायक अंबिका सिंह, उपाध्यक्ष प्रेमशंकर द्विवेदी ने सीबीआई जांच की मांग की। कार्यक्रम में छोटेलाल तिवारी, डॉ. वीएच रिजवी, डॉ. आरजी सिंह, गिरजेश पाल, अजय कुमार पांडे, मानिकराम मिश्रा, पिण्टू मिश्रा, देवी प्रसाद पांडे आदि शामिल रहे।
युवा कांग्रेसियों ने बापू प्रतिमा के समक्ष मोमबत्ती जलाकर श्रद्धांजलि दी। युवा कांग्रेस महासचिव अंकुर वर्मा ने कहा कि गोरखपुर में मासूम बच्चे नहीं देश के भविष्य की अकाल मौत हुई है। सरकार को इसका जबाब देना ही होगा। जिलाध्यक्ष आदित्य त्रिपाठी ने कहा कि जनता ने कानून व्यवस्था, स्वास्थ्य, शिक्षा आदि के सवाल पर जिस सरकार को चुना था उसका सच 4 माह के भीतर इतना क्रूर और संवेदनहीन होगा यह तो किसी ने नहीं सोचा था। इस दौरान संदीप श्रीवास्तव, दुर्गेश त्रिपाठी, अर्जुन कन्नौजिया, सूरज गुप्ता, विक्रम चौहान, आकाश कार्य, शिवम शुक्ल, गोपाल पाण्डेय, अरशद अंसारी,पवन वर्मा आदि तमाम कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
मौत की जिम्मेदारी ले सरकार : आलोक
बस्ती। राज्यसभा सांसद और समाजवादी पार्टी नेता आलोक तिवारी ने गोरखपुर मेडिकल कॉलेज में इलाज और ऑक्सीजन के अभाव में बच्चों की मौत पर दुख जताया। कहा कि समूचे प्रकरण की न्यायिक जांच और परिजनों को 20-20 लाख रुपये बतौर मुआवजा प्रदेश सरकार दे।
सांसद आलोक तिवारी ने मासूम बच्चों की मौत के लिए घोर लापरवाही और प्रदेश की योगी सरकार जिम्मेदार है। मुख्यमंत्री ने स्वयं मेडिकल कॉलेज का दौरा किया था, उन्हें इसकी जानकारी क्यों नहीं दी गई।
महसो प्रतिनिधि के अनुसार शिवसैनिकों ने बैठक कर मेडिकल कॉलेज में मारे गए बच्चों को श्रद्धांजलि दी। मंडल प्रमुख संजय, जिला प्रमुख अर्जुन गुप्ता ने कहा कि मेडिकल कॉलेज मामले की जांच कर दोषियों पर प्रदेश सरकार कार्रवाई करेे। इससे पहले नव नियुक्ति पदाधिकारियों की कार्यकर्ताओं ने स्वागत किया। इस दौरान नागेंद्र, दीपक, अर्चित, ओमप्रकाश, बब्बू, राहुल आदि शामिल रहे।
सवर्ण लिबरेशन फ्रंट के राष्ट्रीय संयोजक दीन दयाल तिवारी ने दोषियों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए मृतकों के परिजनों को 20-20 लाख रुपये का मुआवजा देने की मांग की। इस दुर्भाग्यपूर्ण घटना के लिए सीधे तौर पर प्रदेश की सरकार जिम्मेदार ठहराया है। राष्ट्र उत्थान पार्टी के सचिव अशोक श्रीवास्तव ने कहा कि ऑक्सीजन सप्लाई रुकने से हुई मृत्यु को किसी भी स्थिति में सामान्य घटना नहीं कही जा सकती। इस घटना की जितनी भी निंदा की जाए वह कम है।
गरीब एकतादल की ओर से रोडवेज स्थित कार्यालय में शोकसभा हुई। पूर्वांचल अध्यक्ष मोहम्मद एहसानुल्लाह कैफ ने दोषियों पर कार्रवाई की मांग की। इस दौरान सर्वेश कुमार, अभिषेक पांडेय, शादाबखान, मो. दानिश, आदित्य मिश्र, अभिषेक, आनंद चौधरी आदि शामिल रहे। भारतीय दलित वर्ग संघ के राष्ट्रीय सचिव साधू सरन आर्य ने कहा कि घटना के लिए योगी सरकार दोषी है। राम स्वारथ चौधरी ने कहा कि योगी सरकार जनहित में कम राजनीति पर ज्यादा ध्यान दे रही है। सीएम को अकुशल प्रशासक बताते हुए तत्काल इस्तीफे की मांग की है। नागरिक जागरण मंच के पदाधिकारियों ने बैठक कर गोरखपुर घटना पर दुख जताया। कहा कि यह घोर लापरवाही है। मंच के संस्थापक सत्येंद्रनाथ मतवाला ने कहा कि दोषियों पर सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। इस मौके पर विनय श्रीवास्तव, श्याम प्रकाश शर्मा, संतोष श्रीवास्तव, हरीश दरबेश, लालमणि प्रसाद आदि रहे।
फोटो
मौतों का सही आंकड़ा दबाया गया : राहुल
सड़क से सदन तक सपा इस मामले पर करेगी आंदोलन
अमर उजाला ब्यूरो
बस्ती। गोरखपुर मेडिकल कॉलेज की घटना की सच्चाई जानने के लिए पूर्व मुख्यमंत्री और सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव के निर्देश पर एक प्रतिनिधि मंडल बस्ती पहुंचा। पीड़ित परिजनों से मुलाकात कर सच्चाई जानी।

शनिवार को सपा कैंप कार्यालय में पत्रकारों से बात चीत में प्रतिनिधि मंडल दल का नेतृत्व कर रहे छात्र सभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल सिंह ने आरोप लगाया कि मेडिकल कॉलेज प्रशासन मासूमों की मौतों का सही आंकड़ा नहीं दे रहा है। मौतों की वास्तविक संख्या ही दबाई जा रही है। कहा कि बीआरडी में ऑक्सीजन की सप्लाई करने वाले दीपांकर शर्मा ने एक अगस्त को ही बकाए भुगतान की मांग की थी। मेडिकल कॉलेज प्रिंसिपल, प्रमुख सचिव स्वास्थ्य एवं शिक्षा, डीएम गोरखपुर को नोटिस भेजकर ऑक्सीजन आपूर्ति ठप करने को कहा था। इसके बाद भी ध्यान नहीं दिया गया। समाजवादी पार्टी सड़क से सदन तक इस मामले का उठाएगी। कहा कि 60-60 बच्चों की मौत पर मुख्यमंत्री की प्रतिक्रिया न आना दुखद है। पत्रकारों के सवाल पर राहुल सिंह ने कहा कि जिले के पीड़ितों से मिलकर संतकबीर नगर में भी घटना की सच्चाई जानूंगा। इसकी रिपोर्ट राष्ट्रीय अध्यक्ष को दी जाएगी। इस दौरान प्रदेश सचिव जय सिंह, जिला अध्यक्ष राजकपूर यादव, निजामुद्दीन, चंद्रभूषण मिश्रा, कृष्ण चंद्र सिंह, आदित्य यादव आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed