{"_id":"65b970560509aeef060329f7","slug":"villagers-built-a-temporary-cow-shed-police-rescued-the-animals-faridpur-news-c-185-1-sbly1009-100144-2024-01-31","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bareilly News: ग्रामीणों ने बनाई अस्थाई गोशाला, पुलिस ने छुड़वा दिए पशु","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bareilly News: ग्रामीणों ने बनाई अस्थाई गोशाला, पुलिस ने छुड़वा दिए पशु
Wed, 31 Jan 2024 03:25 AM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली
संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली
Updated Wed, 31 Jan 2024 03:25 AM IST
विज्ञापन
भुता। सिमरा बहोर नगला गांव में छुट्टा पशुओं से परेशान ग्रामीणों ने गांव में अस्थाई गोशाला बनाई। यहां छुट्टा पशुओं को रखा गया। उनके चारे-पानी की व्यवस्था भी ग्रामीणों ने अपनी ओर से की। शिकायत पर गांव पहुंची पुलिस ने इन पशुओं को छुड़वा दिया। इससे ग्रामीणों में आक्रोश है।
मामले की शिकायत खंड विकास अधिकारी से की गई है। ग्रामीणों ने छुट्टा पशुओं को पकड़वाकर इन्हें आश्रय स्थल भेजने की मांग की है। ग्रामीणों ने बताया कि गांव में छुट्टा पशुओं का आतंक है। यह पशु फसलों को बर्बाद कर रहे हैं। बीते दिनों आपसी सहयोग से ग्राम पंचायत भवन के पास खाली पड़ी जमीन पर गोशाला बनाई थी। यहां रखे गए पशुओं के चारे-पानी की व्यवस्था भी अपनी ओर से की।
गांव पहुंची पुलिस ने इन पशुओं को छुड़वा दिया। कहा कि इस तरह से पशुओं को बंद नहीं किया जा सकता। मंगलवार को बड़ी संख्या में ग्रामीण बीडीओ से मिलने पहुंचे। बताया कि पंचायत सहायक ने ही उच्च अधिकारियों से गलत शिकायत की थी। इसके बाद इन पशुओं को छुड़वा दिया गया। बीडीओ ने पंचायत सहायक से बात करनी चाहिए मगर उसने मोबाइल फोन स्विच ऑफ कर लिया।
विज्ञापन
ग्रामीण मिले थे। उन्होंने बताया कि हम अपने खर्च पर गोशाला में पशुओं को रख रहे थे। किसी ने गलत शिकायत कर दी। ग्रामीणों को जल्द आश्रय स्थल का निर्माण कराने का आश्वासन दिया है। - विजय शंकर मणि, बीडीओ
विज्ञापन
मामले की शिकायत खंड विकास अधिकारी से की गई है। ग्रामीणों ने छुट्टा पशुओं को पकड़वाकर इन्हें आश्रय स्थल भेजने की मांग की है। ग्रामीणों ने बताया कि गांव में छुट्टा पशुओं का आतंक है। यह पशु फसलों को बर्बाद कर रहे हैं। बीते दिनों आपसी सहयोग से ग्राम पंचायत भवन के पास खाली पड़ी जमीन पर गोशाला बनाई थी। यहां रखे गए पशुओं के चारे-पानी की व्यवस्था भी अपनी ओर से की।
विज्ञापन
गांव पहुंची पुलिस ने इन पशुओं को छुड़वा दिया। कहा कि इस तरह से पशुओं को बंद नहीं किया जा सकता। मंगलवार को बड़ी संख्या में ग्रामीण बीडीओ से मिलने पहुंचे। बताया कि पंचायत सहायक ने ही उच्च अधिकारियों से गलत शिकायत की थी। इसके बाद इन पशुओं को छुड़वा दिया गया। बीडीओ ने पंचायत सहायक से बात करनी चाहिए मगर उसने मोबाइल फोन स्विच ऑफ कर लिया।
विज्ञापन
ग्रामीण मिले थे। उन्होंने बताया कि हम अपने खर्च पर गोशाला में पशुओं को रख रहे थे। किसी ने गलत शिकायत कर दी। ग्रामीणों को जल्द आश्रय स्थल का निर्माण कराने का आश्वासन दिया है। - विजय शंकर मणि, बीडीओ