{"_id":"692619105ce9aed0540d7f1f","slug":"trouble-in-faik-enclave-bda-issues-notice-to-25-people-bareilly-news-c-4-vns1074-773764-2025-11-26","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bareilly News: फाइक एन्क्लेव में खलबली, 25 लोगों को बीडीए का नोटिस","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bareilly News: फाइक एन्क्लेव में खलबली, 25 लोगों को बीडीए का नोटिस
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बरेली। शहर में 26 सितंबर को हुए बवाल के मुख्य आरोपी मौलाना तौकीर रजा के करीबी कॉलोनाइजर मोहम्मद आरिफ के ड्रीम प्रोजेक्ट फाइक एन्क्लेव पर कार्रवाई की तलवार लटक रही है। यहां ज्यादातर मकान मानचित्र स्वीकृत कराए बिना ही बनाए गए हैं। बीडीए ने 25 लोगों को नोटिस देकर पूछा है कि नक्शे के बिना मकान क्यों बनाया? संबंधित लोगों को एक सप्ताह का मौका दिया गया है। जवाब नहीं देने पर या उसके संतोषजनक नहीं होने पर कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई है।
वर्षों पहले मोहम्मद आरिफ ने पीलीभीत बाइपास के किनारे फाइक एन्क्लेव को बसाया था। इस प्रोजेक्ट का काफी हिस्सा सीलिंग और अन्य श्रेणी की सरकारी जमीनों पर बना है। जिला प्रशासन इसकी जांच कर रहा है। दूसरी ओर, बरेली विकास प्राधिकरण (बीडीए) ने नक्शे के बिना मकान बनवाने वालों को नोटिस जारी कर कार्रवाई की शुरुआत कर दी है। इसमें उन लोगों के भी मकान हैं जो सरकारी सेवा में रहे या वर्तमान में भी शासकीय सेवाएं दे रहे हैं।
कहने का आशय यह है कि मोहम्मद आरिफ ने अपने ड्रीम प्रोजेक्ट को धरातल पर उतारने के लिए अधिकारियों को भी लाभ पहुंचाया है। उन्हें काफी सस्ते में या उपहार में घर-मकान उपलब्ध कराए हैं।
विज्ञापन
उधर, फाइक एन्क्लेव में बीडीए का नोटिस मिलने के बाद लोगों में खलबली मची है। बताया जा रहा है कि उन मकान मालिकों के पास ऐसे दस्तावेज नहीं हैं, जिससे वह बीडीए को संतुष्ट कर सकें। इसीलिए अभी तक किसी ने नोटिस का जवाब नहीं दिया है। संवाद
विज्ञापन
वर्षों पहले मोहम्मद आरिफ ने पीलीभीत बाइपास के किनारे फाइक एन्क्लेव को बसाया था। इस प्रोजेक्ट का काफी हिस्सा सीलिंग और अन्य श्रेणी की सरकारी जमीनों पर बना है। जिला प्रशासन इसकी जांच कर रहा है। दूसरी ओर, बरेली विकास प्राधिकरण (बीडीए) ने नक्शे के बिना मकान बनवाने वालों को नोटिस जारी कर कार्रवाई की शुरुआत कर दी है। इसमें उन लोगों के भी मकान हैं जो सरकारी सेवा में रहे या वर्तमान में भी शासकीय सेवाएं दे रहे हैं।
विज्ञापन
कहने का आशय यह है कि मोहम्मद आरिफ ने अपने ड्रीम प्रोजेक्ट को धरातल पर उतारने के लिए अधिकारियों को भी लाभ पहुंचाया है। उन्हें काफी सस्ते में या उपहार में घर-मकान उपलब्ध कराए हैं।
विज्ञापन
उधर, फाइक एन्क्लेव में बीडीए का नोटिस मिलने के बाद लोगों में खलबली मची है। बताया जा रहा है कि उन मकान मालिकों के पास ऐसे दस्तावेज नहीं हैं, जिससे वह बीडीए को संतुष्ट कर सकें। इसीलिए अभी तक किसी ने नोटिस का जवाब नहीं दिया है। संवाद