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गन्ने के रस से एथेनॉल बनाएंगी जिले की तीन चीनी मिलें
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suger mill
- फोटो : amar ujala
सरकार से मंजूरी मिलने के बाद चीनी मिलों में लगाए जा रहे प्लांट
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बरेली। जिले की तीन चीनी मिलें अब गन्ने के रस से सीधे एथेनॉल बनाएंगी। शासन से मंजूरी मिलने के बाद फरीदपुर, मीरगंज और नवाबगंज चीनी मिलों में प्लांट लगाया जा रहा है। अगले पेराई सत्र से उत्पादन शुरू होने की उम्मीद है।
गन्ने के रस से सीधे एथेनॉल का उत्पादन शुरू होने के बाद आने वाले समय में चीनी मिलें जरूरत के अनुसार ही चीनी का उत्पादन करेंगी। बाकी रस से सीधे एथेनॉल बनाएंगी। इससे चीनी मिलों को अधिक मुनाफा होगा और वे किसानों को समय से गन्ना मूल्य का भुगतान कर पाएंगी। वर्तमान में चीनी मिलें चीनी उत्पादन के दौरान निकले शीरे से एथेनॉल बना रही हैं। नए प्लांट लगने पर सीधे रस से एथेनॉल बनाया जाएगा। एथेनॉल का उत्पादन बढ़ने का फायदा चीनी मिलों के साथ किसानों को भी मिलेगा।
जिला गन्ना अधिकारी पीएन सिंह ने बताया कि लॉकडाउन के बाद चीनी की मांग में बड़ी गिरावट आई है। आलम यह है चीनी मिलों का आधा स्टॉक भी अब तक खत्म नहीं हुआ है। दो-तीन महीने बाद नया पेराई सत्र शुरू हो जाएगा। चीनी की मांग में आई गिरावट से चीनी मिलें समय पर किसानों को गन्ना मूल्य का भुगतान नहीं कर पा रही। एथेनॉल की बाजार में डिमांड तेजी से बढ़ रही है। आने वाले दिनों में पेट्रोल में एथेनॉल का प्रतिशत बढ़ने के बाद इसकी मांग में और इजाफा होगा।
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गन्ने के रस से सीधे एथेनॉल का उत्पादन शुरू होने के बाद आने वाले समय में चीनी मिलें जरूरत के अनुसार ही चीनी का उत्पादन करेंगी। बाकी रस से सीधे एथेनॉल बनाएंगी। इससे चीनी मिलों को अधिक मुनाफा होगा और वे किसानों को समय से गन्ना मूल्य का भुगतान कर पाएंगी। वर्तमान में चीनी मिलें चीनी उत्पादन के दौरान निकले शीरे से एथेनॉल बना रही हैं। नए प्लांट लगने पर सीधे रस से एथेनॉल बनाया जाएगा। एथेनॉल का उत्पादन बढ़ने का फायदा चीनी मिलों के साथ किसानों को भी मिलेगा।
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जिला गन्ना अधिकारी पीएन सिंह ने बताया कि लॉकडाउन के बाद चीनी की मांग में बड़ी गिरावट आई है। आलम यह है चीनी मिलों का आधा स्टॉक भी अब तक खत्म नहीं हुआ है। दो-तीन महीने बाद नया पेराई सत्र शुरू हो जाएगा। चीनी की मांग में आई गिरावट से चीनी मिलें समय पर किसानों को गन्ना मूल्य का भुगतान नहीं कर पा रही। एथेनॉल की बाजार में डिमांड तेजी से बढ़ रही है। आने वाले दिनों में पेट्रोल में एथेनॉल का प्रतिशत बढ़ने के बाद इसकी मांग में और इजाफा होगा।
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उत्तर भारत की पहली चीनी मिल होगी फरीदपुर
जिला गन्ना अधिकारी ने बताया फरीदपुर चीनी मिल में प्लांट लगाने का काम तेजी से चल रहा है। अधिकांश काम पूरा हो चुका है। अगर सब कुछ सही रहा तो फरीदपुर मिल गन्ने के रस से सीधे एथेनॉल बनाने वाली उत्तर भारत की पहली चीनी मिल होगीपेट्रोल के दामों में आएगी गिरावट
पेट्रोल की लगातर बढ़ रही कीमतों से आम जनता को हो रही परेशानी को देखते हुए पेट्रोल के विकल्प के रूप में एथेनॉल को लाने का प्रयास किया जा रहा है। पहले पेट्रोल में जहां सिर्फ पांच प्रतिशत एथेनॉल मिलाने की मंजूरी थी, वहीं अब इसे बढ़ाकर 20 प्रतिशत कर दिया गया है। पेट्रोल की तुलना में एथेनॉल बहुत सस्ता है। अब शत प्रतिशत एथेनॉल से ही चलने वाले इंजन भी तैयार किए जा रहे हैं।शासन से बीते दिनों ही गन्ने के रस से सीधे एथेनॉल बनाने की मंजूरी मिली है। इसके बाद जिले की तीन चीनी मिलों में प्लांट लगाने का काम किया जा रहा है। अगले पेराई सत्र से सभी जगह गन्ने के रस से सीधे एथनॉल बनाने की शुरूआत हो जाएगी। - पीएन सिंह, जिला गन्ना अधिकारी