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Bareilly News: खत्म नहीं हो रहा गृहकर का क्लेश, भटक रहे करदाता

Fri, 25 Jul 2025 02:28 AM IST
Bareily Bureau बरेली ब्यूरो
Updated Fri, 25 Jul 2025 02:28 AM IST
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The trouble of house tax is not ending, taxpayers are wandering
बरेली। गृहकर का क्लेश खत्म होने का नाम नहीं ले रहा। नगर निगम की ओर से जारी बिलों में त्रुटियों की भरमार है। किसी के बिल पर नाम गलत है तो किसी का कर ज्यादा लगा दिया गया है। कुछ मामलों में दो-दो आईडी बन गई हैं। इसमें सुधार के लिए लोग नगर निगम के चक्कर लगा रहे हैं। बार-बार शिकायत के बावजूद बिलों में सुधार नहीं हो पा रहा है। जिम्मेदारों का जोर त्रुटियों को ठीक कराने से ज्यादा कर जमा कराने पर है। सदन में भी यह मुद्दा कई बार गूंज चुका है, पर अब तक इसमें सुधार नहीं हो सका है। ब्यूरो
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ये है हाल
- रविंद्रनगर निवासी विमला सेमवाल की दो आईडी बन गईं। उनके बेटे बिल जमा करने गए, लेकिन दो आईडी होने की वजह से जमा नहीं हुआ। अब उन्हें त्रुटि ठीक होेने तक इंतजार की सलाह दी गई है।
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- एजाजनगर निवासी मोहम्मद यासीन ने बताया कि उनका और उनके भाई अकील का घर अलग-अलग है, लेकिन बिल एक ही आ रहा है। गृहकर जमा करने के लिए नगर निगम से जो कॉल आई, उसमें उनके उनका नाम यासीन की जगह मोहम्मद यूनुस दर्ज है।
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- हरूनगला निवासी अरुण किशोर बताते हैं कि उनकी मां गंगा देवी के नाम मकान है। उनके रिहायशी मकान का टैक्स 12 हजार और पड़ोस में उससे दोगुने क्षेत्रफल में बने व्यापारिक भवन का कर सिर्फ नौ हजार रुपये लगाया गया है। नगर निगम के समाधान दिवस में दो बार शिकायत के बावजूद समाधान नहीं हो सका।
- हजियापुर निवासी सोहेल रजा खां ने बताया कि उनके रिश्तेदार का मकान समरजहां के नाम है, पर टैक्स का बिल राशिद के नाम आया है। जिम्मेदार इसे ठीक करने के बजाय बिल जमा कराने पर जोर दे रहे हैं। उनका कहना है कि पहले बिल ठीक किया जाए, फिर भुगतान लिया जाए।

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बिलों की त्रुटियों को शिविर लगाकर हाथों-हाथ ठीक किया जा रहा है। अगर किसी मोहल्ले में शिविर नहीं लगा या कोई प्रस्तावित तिथि नहीं है तो जोन कार्यालय जाएं। समाधान नहीं होता है तो नगर निगम आएं। अगर प्रार्थनापत्र देेने के बाद पांच दिन में समाधान नहीं होता है तो संबंधित कर्मचारी-अधिकारी की जिम्मेदारी तय होगी। - पीके द्विवेदी, मुख्य कर निर्धारण अधिकारी
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