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Bareilly News: बारिश में गिरी मंदिर की दीवार, इंटरलॉकिंग रोड भी दरकी

Thu, 20 Aug 2026 12:11 AM IST
बरेली ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली
संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली Updated Thu, 20 Aug 2026 12:11 AM IST
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The temple wall collapsed in the rain, and the interlocking road also cracked.
सिरौली। कस्बे से सटे तराई के जंगल के पास स्थित प्राचीन शिवधाम की 10 मीटर ऊंची और 45 मीटर लंबी दीवार मंगलवार रात गिर गई। दीवार से सटी इंटरलॉकिंग रोड भी दरक गई। गनीमत रही कि जनहानि नहीं हुई। इसके साथ 66 लाख रुपये के निर्माण कार्य की खामियां भी उजागर हुईं। दीवार के निर्माण में पिलर या कॉलम नहीं लगाए गए थे।
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इस मंदिर में रोजाना 550-600 श्रद्धालुओं का आवागमन होता है। उनकी सुविधा के लिए नगर पंचायत प्रशासन ने मंदिर की चहारदीवारी और सुंदरीकरण के लिए तीन बार में कुल 66 लाख रुपये के तीन टेंडर जारी किए थे।
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2017 में 25 लाख के टेंडर से छह मीटर ऊंची और 45 मीटर लंबी दीवार मंदिर के उत्तर में बनवाई गई। 2019 में 11 लाख रुपये के टेंडर से दीवार को चार मीटर और ऊंचा कराया गया। 2023 में सुंदरीकरण के लिए 30 लाख रुपये के टेंडर जारी किए गए। इससे मंदिर परिसर में मिट्टी भरवा और इंटरलॉकिंग रोड, दीवारों पर रेलिंग आदि लगवाई गईं। तीनों टेंडर का काम एक ही ठेकेदार ने किया। एस्टीमेट में पिलर और कॉलम का प्रावधान नहीं था।
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स्थानीय लोगों के मुताबिक, दो साल पहले पूरब की दीवार बारिश में गिर गई थी। इसके बाद ईओ ने जेई को बुलाकर सभी दीवारों की मजबूती के लिए टेक बनवाने का आश्वासन दिया था। इसका एस्टीमेट भी बनाया गया लेकिन धरातल की तस्वीर नहीं बदली। दीवार गिरने से हादसे की आशंका बनी रही। मंगलवार रात बारिश में उत्तरी दीवार गिर गई। इसके साथ ही इंटरलॉकिंग रोड भी दरकने लगा। परिसर का फर्श 30 फुट नीचे धंस गया है। मंदिर में दिनभर आवाजाही रहती है। बच्चे खेलते रहते हैं। लोगों में दहशत है।

वर्जन,
दीवार में पिलर और कॉलम नहीं होने के कारण वह ढह गई। बरसात के बाद दीवार का दोबारा निर्माण कराया जाएगा। - राजननाथ तिवारी, ईओ
10 साल पुरानी दीवार कमजोर थी। पिलर नहीं होने के कारण गिर गई। जेई से वार्ता कर दीवारों को बनवाया जाएगा, जिससे मंदिर परिसर सुरक्षित बन सके। श्रद्धालुओं को परेशानी न झेलनी पड़े। - चमन सकलैनी, नपं अध्यक्ष
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