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Bareilly News: बुझा गैस का चूल्हा...लकड़ी पर पक रहा मध्याह्न भोजन

Sun, 05 Apr 2026 01:48 AM IST
बरेली ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली
संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली Updated Sun, 05 Apr 2026 01:48 AM IST
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The gas stove is out...lunch is being cooked on wood.
पश्चिम एशिया में युद्ध के चलते रसोई गैस सिलिंडर के लिए मारामारी मची हुई है। लोग गैस सिलिंडर के लिए एजेंसी के बाहर लाइन लगाकर घंटों खड़े हो रहे हैं। वहीं गैस सिलिंडर के अभाव में परिषदीय विद्यालयों में मध्याह्न भोजन लकड़ी जलाकर पकाया जा रहा है, जिससे व्यवस्था पर भी सवाल उठने लगे हैं। यह हकीकत शनिवार को परिषदीय स्कूलों में की गई पड़ताल में पता चली।
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हाफिजगंज : अनुमति के फेर में फंसा सिलेंडर

क्षेत्र के कंपोजिट प्राथमिक विद्यालय हाफिजगंज में व्यवस्था पूरी तरह पटरी से उतर चुकी है। यहां 330 बच्चों के लिए शनिवार को तहरी लकड़ी के चूल्हे पर बनाई गई, जबकि शनिवार को मौसमी सब्जी और चावल बच्चों को बांटा जाना था। प्रधानाचार्य गीता माथुर ने बताया कि गैस सिलिंडर उपलब्ध नहीं हो पा रहा है। नया सिलिंडर प्राप्त करने के लिए भी बीएसए के अनुमति पत्र की प्रतीक्षा की जा रही है। तब तक बच्चों को धुएं के बीच बना भोजन खाने को मजबूर होना पड़ रहा है।
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- रामनगर : बिना कनेक्शन के कैसे बने भोजन

प्राथमिक विद्यालय रामनगर की कहानी और भी अजीब है। यहां अब तक गैस कनेक्शन ही नहीं लिया गया है। प्रधानाध्यापिका ममता अग्रवाल के अनुसार पहले बिना कनेक्शन के ही सिलिंडर मिल जाया करता था, लेकिन अब नियमों की सख्ती के कारण सिलिंडर मिलना बंद हो गया है। आवेदन तो किया गया है, लेकिन जब तक कागजी कार्रवाई पूरी नहीं होती, तब तक लकड़ी का चूल्हा ही एकमात्र सहारा है।
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- धौरेरा में एजेंसी संचालकों की मनमानी

पीएमश्री कंपोजिट विद्यालय धौरेरा के प्रधानाध्यापक प्रेम बाबू गंगवार ने बताया कि स्कूल में 186 बच्चे हैं और गैस सिलिंडर महज पांच दिन में समाप्त हो जाता है। आरोप है कि गैस एजेंसी संचालक सिलिंडर देने में आनाकानी करते हैं, जिससे मजबूरन रसोइयों को लकड़ियों का इंतजाम करना पड़ता है। नगर क्षेत्र के एनजीओ के माध्यम से फरीदपुर में बना-बनाया खाना आता है, जिससे गैस और लकड़ी का झंझट ही खत्म हो गया है।

शहर के स्कूलों में नहीं हैं परेशानी
विभाग की ओर से स्कूलों में सात एनजीओ मिड-डे-मील पहुंचा रहे है। इसमें नगर के स्कूलों में चार एनजीओ मिड डे मील पहुंचा रहे है और अन्य तीन नगर के आसपास के स्कूलों को सेवाएं दे रहे हैं। नगर क्षेत्र में सिलिडर से खाना पकाया जा रहा है। मढ़ीनाथ स्थित मनभावन कल्याण समिति के संचालक योगेंद्र सिंह ने बताया कि हर माह करीब 120 सिलिंडर लगते हैं। एनजीओे से रोजाना 83 स्कूलों में पांच से छह हजार विद्यार्थियों का खाना जाता है। शुरुआत में थोड़ी समस्या हुई थी, लेकिन अब कोई परेशानी नहीं है। खंड शिक्षा अधिकारी सत्यदेव सिंह ने स्वीकार किया कि क्षेत्र के 222 विद्यालयों में से कई जगह समस्या है। उन्होंने इस संबंध में उच्चाधिकारियों को पत्र लिखकर व्यवस्था सुधारने की मांग की है।

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वर्जन
कुछ विद्यालयों में सिलेंडर की कमी की सूचना मिली थी। इसके बाद डीएफओ को पत्र लिखकर इस समस्या को दूर कराने के लिए सिलिंडर की सप्लाई कराने की मांग की गई है। - डॉ. विनीता, बीएसए
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