फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Bareilly News ›   Successful candidates home celebration as soon as UPPCS result arrives

यूपीपीसीएस का रिजल्ट आते ही सफल अभ्यर्थियों घर जश्न का माहौल

Sat, 12 Sep 2020 02:50 AM IST
Bareily Bureau बरेली ब्यूरो
Updated Sat, 12 Sep 2020 02:50 AM IST
विज्ञापन
Successful candidates home celebration as soon as UPPCS result arrives
अपने परिवार के साथ हर्षिता गंगवार। - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, बरेली

वर्ष 2018 में परीक्षा देने के बाद से कर रहे थे नतीजे का इंतजार

विज्ञापन
बरेली। उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग यानी यूपीपीसीएस की वर्ष 2018 में हुई परीक्षा नतीजा घोषित होते ही सफल अभ्यर्थियों के घर जश्न का माहौल बन गया। लंबे समय से परिणाम का इंतजार कर रहे अभ्यर्थियों और उनके परिवारों की खुशी का ठिकाना न रहा। उन्हें बधाई देने वालों का तांता लग गया।

एक भाई का एसडीएम, दूसरे का डिप्टी एसपी के लिए चयन

सिविल लाइंस में रहने वाले जिला अस्पताल के डॉक्टर श्रीकृष्ण के दोनों बेेटे अनुराग सिंह और अभिषेक सिंह का चयन यूपीपीसीएस में हो गया है। अनुराग ने बताया कि उनका चयन यूपीपीसीएस-2017 की परीक्षा में भी हो गया था। वह इस समय शाहजहांपुर सदर तहसील में नायब तहसीलदार के पद पर कार्यरत हैं। उन्होंने वर्ष 2012 में बीएससी बायोटेक और 2014 में एमबीए मार्केटिंग की परीक्षा पास की थी। नायब तहसीलदार बनने के बाद भी उन्होंने उच्च प्रशासनिक सेवा के लिए तैयारी जारी रखी। अब वह वर्ष 2018 की यूपीपीसीएस की परीक्षा में 109वीं रैंक पाकर एसडीएम के पद पर चयनित हो गए हैं। अनुराग से एक साल बड़े उनके भाई अभिषेक सिंह ने एमए तक की पढ़ाई रुहेलखंड विश्वविद्यालय से की थी। वह लंबे समय से सिविल सर्विसेज की तैयारी कर रहे थे। यूपीपीसीएस 2018 की परीक्षा में 83 वीं रैंक पाकर वह डिप्टी एसपी बन गए हैं।
विज्ञापन

टेक्सटाइल इंजीनियरिंग करने वाली हर्षिता बनीं डिप्टी एसपी

आशुतोष सिटी में रहने वाले ज्ञानेंद्र सिंह गंगवार की बेटी हर्षिता गंगवार ने यूपीपीसीएस 2018 की परीक्षा में 58वीं रैंक पाई है। उनका चयन डिप्टी एसपी के पद पर हुआ है। गुलाबराय कॉलेज से इंटर की पढ़ाई करने वाली हर्षिता टेक्सटाइल इंजीनियरिंग में बीटेक करने के बाद दिल्ली में रहकर सिविल सर्विसेज की तैयारी कर रही थीं। हर्षिता की छोटी बहन नम्रता वर्तमान में असिस्टेंट लेबर कमिश्नर के पद पर रामपुर में तैनात हैं। बड़े भाई मुंबई में सेबी के मुख्यालय में असिस्टेंट मैनेजर पद पर कार्यरत हैं। हर्षिता के पिता ज्ञानेंद्र सिंह गंगवार मत्स्य विभाग में सहायक निदेशक के पद से कुछ समय पहले ही सेवानिवृत्त हुए हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

कभी वैज्ञानिक रहे अब एसडीएम बनकर नरेंद्र करेंगे देश की सेवा

नवाबगंज की राधारानी कॉलोनी निवासी नरेंद्र कुमार गंगवार का यूपीपीसीएस 2018 में एसडीएम के पद पर चयन हो गया है। वर्ष 2010 में उन्होंने आईआईटी रुड़की से बीटेक की पढ़ाई की थी। इसके बाद उन्होंने वर्ष 2014 तक एक सरकारी संस्था में बतौर वैैज्ञानिक काम किया। चूंकि उनकी इच्छा प्रशासनिक अफसर बनने की थी, इसलिए उन्होंने सिविल सर्विसेज की तैयारी के लिए नौकरी छोड़ दी। उन्होंने आईएएस के लिए भी कई बार भाग्य आजमाया। यूपीपीसीए वर्ष 2018 की परीक्षा में 90वीं रैंक हासिल कर उनका चयन एसडीएम पद के लिए हो गया है।

सेवायोजन से पिछड़ा वर्ग कल्याण अधिकारी बने रवीश चंद्र

मूलरूप से देवरिया के रूद्रपुर तहसील के रहने वाले रवीश चंद्र बरेली में जिला सेवायोजन अधिकारी के तौर पर तैनात हैं। वह वर्ष 2017 में यूपीपीसीएस की परीक्षा पास कर सेवायोजन अधिकारी बने थे। गोरखपुर विश्वविद्यालय से दर्शनशास्त्र से परास्नातक की पढ़ाई करने वाले रवीश चंद्र इससे पहले खाद्य एवं रसद विभाग में मार्केटिंग इंस्पेक्टर भी रहे हैं। काफी समय से वह सिविल सेवा की तैयारी कर रहे थे। यूपीपीसीएस 2018 के परिणाम में उनका चयन पिछड़ा वर्ग कल्याण अधिकारी के तौर पर हो गया है।

पीसीएस बनने के लिए इंजीनियरिंग छोड़ी, आबकारी निरीक्षक बने

डीडीपुरम के रहने वाले 28 वर्षीय सार्थक चावला ने वर्ष 2013 में बीटेक की पढ़ाई पूरी करके एक निजी कंपनी में बतौर इंजीनियर काम किया लेकिन उनका मकसद प्रशासनिक सेवा में जाने था। लिहाजा उन्होंने कुछ समय बाद प्राइवेट नौकरी छोड़ दी। यूपीपीसीएस 2017 की परीक्षा में बैठे लेकिन सफल नहीं हो सके पर हिम्मत नहीं हारी। डीडीपुरम में ही कपड़े के शोरूम के मालिक राजेंद्र चावला ने बेटे का पूरा साथ दिया। इसी का नतीजा रहा कि सार्थक ने यूपीपीसीएस 2018 की परीक्षा पास कर ली और उनका चयन आबकारी निरीक्षक के तौर पर हो गया है। सार्थक अपनी सफलता का श्रेय अपने परिवार को देते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed