Bareilly News: दो भाइयों के विवाद में दरोगा और प्रशिक्षु सिपाही ने गिराई दीवार, दोनों पर हो सकती है कार्रवाई
बरेली के फरीदपुर क्षेत्र में जमीन विवाद से जुड़े मामले में दरोगा और प्रशिक्षु सिपाही नियम-कायदे भूल गए। विवाद की सूचना पर पहुंचे दरोगा और सिपाही ने खुद ही विवादित दीवार गिरा दी। वीडियो वायरल होने पर जांच की गई तो दोनों ने अपनी गलती स्वीकार की।
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बरेली के फरीदपुर थाना क्षेत्र के गांव कैरुआ में दो भाइयों के विवाद को सुलझाने गए दरोगा और प्रशिक्षु सिपाही ने खुद ही दीवार ढहा दी। मामले का वीडियो वायरल हुआ तो सीओ ने उनसे पूछताछ की। दरोगा ने नियमों की जानकारी कम होने की बात कही। हालांकि, सीओ ने दोनों पर कार्रवाई की संस्तुति करते हुए जांच रिपोर्ट एसएसपी को भेज दी है।
बताया जा रहा है कि कैरुआ निवासी रजनीश और उसके भाई आरेंद्र में करीब 20 साल से पैतृक भूमि के बंटवारे को लेकर विवाद है। शनिवार सुबह आरेंद्र ने उसी भूमि पर दीवार का निर्माण शुरू कर दिया। रजनीश की सूचना पर यूपी 112 पुलिस आई और दोनों को थाने ले गई। वहां दोनों पर शांतिभंग की कार्रवाई करते हुए निर्माण कार्य पर रोक लगा दी गई।
बताते हैं कि शाम को फिर आरेंद्र ने निर्माण शुरू किया तो रजनीश ने पुलिस को सूचना दी। चूंकि, रजनीश एक किसान संगठन से जुड़ा है तो उसने धरना-प्रदर्शन की चेतावनी दे डाली। इस बार दरोगा परविंदर कुमार एक प्रशिक्षु सिपाही के साथ मौके पर पहुंचे। आरोप है कि उन्होंने खुद ही दीवार गिरानी शुरू कर दी। ग्रामीणों ने इसका वीडियो बनाकर वायरल कर दिया। इसमें दरोगा को हाथ व लात से व प्रशिक्षु सिपाही को फावड़े से ईंट उखाड़ते देखा जा सकता है।
दरोगा ने दी ये दलील
दरोगा परविंदर कुमार से जब अधिकारियों ने जानकारी ली तो उसने माफी मांगी। सफाई दी कि वह काफी समय यातायात पुलिस में तैनात रहा। कुछ समय पहले ही पदोन्नति के बाद थाने में जिम्मेदारी मिली है। उनको जानकारी नहीं थी कि पुलिस को इस तरह निर्माण नहीं हटाना चाहिए।
सीओ फरीदपुर संदीप सिंह ने बताया कि दरोगा व प्रशिक्षु सिपाही से जवाब मांगा गया है। प्राथमिक जांच में उनकी गलती पाई गई है। उच्चाधिकारियों को इसकी रिपोर्ट भेज दी गई है।