Bareilly News: संपत्ति के लिए पिता की हत्या करने वाले बेटे को उम्रकैद की सजा, 10 हजार रुपये का जुर्माना भी
बरेली जिले में संपत्ति के बंटवारे के विवाद में पिता की हत्या करने के दोषी बेटे को उम्रकैद की सजा सुनाई गई है। कोर्ट ने उस पर दस हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
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बरेली में अपर सत्र न्यायाधीश (कोर्ट संख्या पांच) गगन कुमार भारती ने पिता के हत्यारे बेटे को उम्रकैद और 10 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। जमीन के बंटवारे के विवाद में दिनदहाड़े हत्या की वारदात को अंजाम दिया गया था।
नवाबगंज थाना क्षेत्र के गांव बिथरी निवासी रामऔतार ने अपने भाई राकेश उर्फ राजेंद्र के खिलाफ 18 जुलाई 2019 को रिपोर्ट दर्ज कराई थी। बताया कि राकेश जमीन के बंटवारे को लेकर नाराज था। उसे लगता था कि पिता उसे जमीन न देकर बहनों के नाम कर देंगे।
इस विवाद में सुबह 11:45 बजे राकेश उर्फ राजेंद्र ने पिता मैकूलाल पर बांके से हमला कर दिया था। गर्दन पर बांका लगने से वह गंभीर घायल हो गए थे। पुलिस ने हत्या की कोशिश की धाराओं में रिपोर्ट दर्ज की थी। 21 जुलाई को मैकूलाल की मौत होने पर पुलिस ने मामला हत्या की धाराओं में तरमीम कर लिया।
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चार दिसंबर 2019 को चार्जशीट दाखिल कर दी गई। सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष की ओर से आठ गवाह पेश किए गए। गवाहों और दोनों पक्षों के वकीलों को सुनने व साक्ष्यों के आधार पर कोर्ट ने राकेश उर्फ राजेंद्र को सजा सुनाई।
वादी और तहरीर लेखक पर भी कार्रवाई का आदेश
वादी रामऔतार और तहरीर लिखने वाले छत्रपाल के खिलाफ भी कोर्ट ने कार्रवाई का आदेश दिया है। कोर्ट ने कहा कि दोनों के खिलाफ धारा 344 के तहत आपराधिक प्रकीर्ण वाद दर्ज किया जाए। रामऔतार ने मुख्य परीक्षा में अपनी ओर से दी गई तहरीर का समर्थन किया, लेकिन जिरह में वह पक्षद्रोही हो गया। तहरीर लेकर छत्रपाल ने भी पक्षद्रोही होकर राकेश उर्फ राजेंद्र का समर्थन किया।