रोडवेज बसों का बुरा हाल: बारिश में बिन बाइपर दौड़ रहीं बसें, चालक को कपड़े से साफ करना पड़ रहा शीशा
बदायूं डिपो की बस भारी बारिश के बीच अलीगढ़ से लौट रही था, लेकिन वाइपर न होने की वजह से चालक को बार-बार कपड़े से शीशा साफ करना पड़ रहा था।
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परिवहन निगम रोडवेज के एमडी के आदेशों को भी अधिकारी दरकिनार कर यात्रियों की जिंदगी से खिलवाड़ कर रहे हैं। बरेली रीजन में बारिश के दौरान ऐसी बसों का दौड़ाया जा रहा है, जिन की छतें टपक रही हैं। बारिश के बीच दौड़ती बस में चालक को सड़क देखने के लिए बस का शीशा साफ करना पड़ता है। रीजन में अब बदायूं डिपो की बस का इसी तरह का वीडियो वायरल हुआ है।
एमडी के तमाम आदेशों का बाद भी बसों का दशा सुधारने को लेकर जिम्मेदार अधिकारी ध्यान नहीं देते। इसको लेकर निगम की बार-बार किरकिरी होती है। पिछले महीने बुलंदशहर से लौट रही बरेली डिपो की बस बाइपर न होने के कारण तेज बारिश के बीच बुलंदशहर में डिवाइडर से टकरा गई थी।
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बस के चालक को यात्रियों ने इतना पीटा था कि बाद में उसकी मौत हो गई। इससे पहले मई में बरेली से कानपुर जा रही रोडवेज की जनरथ श्रेणी की एसी बस में शार्ट सर्किट से आग लग गई थी। इस में सवार यात्रियों की जान किसी तरह बची थी। इन हादसों के बाद भी रीजन के अधिकारियों ने गंभीरता नहीं दिखाई। अब बदायूं डिपो की बस का एक वीडियो वायरल हुआ है।
शीशे पर नहीं लगा था बाइपर
बदायूं डिपो की यह बस भारी बारिश के बीच अलीगढ़ से लौट रही है। बस में बाइपर नहीं होने के कारण रोड पर दौड़ती बस से सड़क देखने के लिए चालक बस चलाने के साथ बार-बार बस के शीशे साफ करता हुआ नजर आ रहा है।
किसी यात्री ने रोडवेज के अधिकारियों की इस लापरवाही का वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया। मुहम्मद शाहरूख नाम के व्यक्ति ने वीडियो के साथ एमडी मासूम अली सरबर से शिकायत कर दी। एमडी ने आरएम बरेली को कार्रवाई का आदेश दिया है।
सीयूजी नंबर रिसीव नहीं करते अधिकारी
रोडवेड के अधिकारियों को सीयूजी नंबर उपलब्ध कराए गए हैं। शिकायत दर्ज कराने के लिए बसों में भी नंबर अंकित किए गए हैं। आरएम और एसएम से लेकर बरेली और रुहेलखंड डिपो के एआरएम सीयूजी नंबर रिसीव करना जरूरी नहीं समझते।
कई-कई बार कॉल करने और मैसेज से शिकायत करने के बाद भी अधिकारी शिकायतों का संज्ञान नहीं लेते। वर्कशॉप से लेकर टाइम ऑफिस तक मनमानी को भी जिम्मेदार अधिकारी नजरअंदाज कर रहे हैं।
जीएम टेक्निकल/नोडल अधिकारी श्याम बाबू ने बताया कि सीयूजी नंबर पर कॉल रिसीव न करना गलत प्रवृत्ति है। इस संबंध में आरएम समेत अन्य अधिकारियों से बात करूंगा। बसें पूरी तरह से दुरुस्त हों इसको लेकर सभी आरएम और एमआरएम को निर्देशित किया जा चुका है। लापरवाही करने वाले अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।