फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Bareilly News ›   religion

डीजे पर बज रहे भजन लोगों के स्वास्थ्य के लिए घातक

Tue, 06 Aug 2019 01:57 AM IST
Bareily Bureau बरेली ब्यूरो
Updated Tue, 06 Aug 2019 01:57 AM IST
विज्ञापन
religion
बरेली। करीब दो साल पहले ईद मीलादुन्नबी पर तेज आवाज में डीजे बजाने पर एक व्यक्ति की मौत हो गई थी। वहीं, अब कांवड़ियोें की ओर से तेज आवाज में भजन बजाने से राहगीरों की हालत खराब हो रही है। ऐसे में कांवड़िये अनजाने में ही राहगीरों की जान खतरे में डाल रहे हैं। डॉक्टरों के मुताबिक अचानक तेज आवाज से ब्लड प्रेशर तेजी से बढ़ते ही धड़कन की गति प्रभावित हो जाती है। इससे दिगाम की नसें फट सकती हैं और 150 से अधिक डेसिबल की अचानक आवाज होने से दिल की धड़कन भी थमने की संभावना जताई है।
विज्ञापन

जिला अस्पताल के फिजिशियन डॉ. वागीश वैश्य ने बताया कि 75 डेसिबल तक की आवाज भी काफी होती है। फिर भी इस डेसिबल तक की आवाज को मनुष्य के लिए सुरक्षित माना जाता है। लेकिन 85 डेसिबल से अधिक की आवाज से सुनने की क्षमता प्रभावित होनी शुरू हो जाती है। इससे अधिक डेसिबल की आवाज होने पर कान के पर्दे फटने व्यक्ति बहरा हो सकता है। बताया कि तेज ध्वनि तरंगों से कोचलियर नर्व को नुकसान पहुंचाती है। इससे मस्तिष्क को ध्वनि तरंगें सही प्रकार नहीं मिल पातीं। आम बातचीत के दौरान आवाज का स्तर 60 डेसिबल, ट्रैफिक में यह स्तर 85 डेसिबल और पटाखे, बंदूक की गोली की आवाज और रॉक कॉन्सर्ट (डीजे) में यही स्तर 110 से 150 तक के खतरनाक स्तर तक भी पहुंच सकता है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed