फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Bareilly News ›   protest by members of the upper caste community continued for the third day in bareilly

Bareilly: यूजीसी के नए नियमों के विरुद्ध सर्व समाज बरेली का अनिश्चितकालीन धरना जारी, प्रदर्शन कर दिया ज्ञापन

Thu, 29 Jan 2026 04:04 PM IST
मुकेश कुमार संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली
संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली Published by: मुकेश कुमार Updated Thu, 29 Jan 2026 04:04 PM IST
सार

बरेली में यूजीसी के नए नियमों के विरोध में बृहस्पतिवार को भी प्रदर्शन जारी रहा। सर्व समाज बरेली बैनर तले लोगों ने जुलूस निकालकर प्रदर्शन किया। 

विज्ञापन
protest by members of the upper caste community continued for the third day in bareilly
सवर्ण समाज के लोगों ने किया प्रदर्शन - फोटो : संवाद

विस्तार

यूजीसी (विश्वविद्यालय अनुदान आयोग) के नए नियमों को काला कानून बताकर इसे वापस लिए जाने की मांग को लेकर जहां बरेली के सिटी मजिस्ट्रेट अलंकार अग्निहोत्री ने पिछले दिनों पद से इस्तीफा दिया और फिर वह निलंबित हुए, वहीं सेठ दामोदर स्वरूप पार्क में सर्व समाज बरेली बैनर तले लोग अनिश्चितकालीन धरना दे रहे हैं। धरने पर बैठे बुजुर्गों को कहना है कि यूजीसी के विरुद्ध आंदोलन के जनक अलंकार ही हैं। दोपहर में धरने से निकलकर राजपूत करणी सेना के पदाधिकारियों ने प्रदर्शन करते हुए कलक्ट्रेट पहुंचकर प्रधानमंत्री को संबोधित ज्ञापन जिला प्रशासन को दिया।

विज्ञापन


अनिश्चितकालीन धरने में शामिल करणी सेना के जिलाध्यक्ष अंकित सिंह व अन्य पदाधिकारी व कार्यकर्ता दोपहर 12.20 बजे पार्क से निकलकर जुलूस की शक्ल में नारेबाजी करते हुए कलक्ट्रेट गेट पहुंचे। यहां उन लोगों ने निलंबित सिटी मजिस्ट्रेट अलंकार के पक्ष में और केंद्र-राज्य सरकार के विरोध में जमकर नारेबाजी की। रंजीत सिंह, शिवम सिंह, लल्लन सिंह, विशाल चौहान, राजीव सिंह, अवनीश सिंह समेत करीब 50 लोगों ने कलक्ट्रेट गेट पर ही एसडीएम रत्निका श्रीवास्तव को ज्ञापन दिया। यह ज्ञापन यूजीसी के नए नियमों के विरुद्ध सात बिंदुओं की मांग पर आधारित प्रधानमंत्री को संबोधित है। इसमें उन लोगों ने यूजीसी के नए नियमों को हिंदू समाज को आंतरिक रूप से विभाजित करने वाला बताया। 
विज्ञापन


कहा कि इन नियमों से जातिगत वैमनस्यता फैलेगी और उच्च शिक्षा संस्थानों में सामान्य वर्ग के छात्रों का उत्पीड़न होगा। पार्क में सर्व समाज बरेली के बैनर तले चल रहे अनिश्चितकालीन धरना के तीसरे दिन बृहस्पतिवार को भी कई बुजुर्ग और युवा मौजूद थे। यह लोग पार्क में ही टेंट लगाकर धरना दे रहे थे। धरना दे रहे सोहन लाल ने कहा कि जब तक यह काला कानून वापस नहीं होता है, उस समय तक उनका अनिश्चितकालीन धरना जारी रहेगा।
विज्ञापन
विज्ञापन


धरना स्थल पर रजाई-गद्दा और अलावा के इंतजाम
पार्क में धरना स्थल पर ही रजाई-गद्दा, तख्त और अलाव के इंतजाम हैं। धरने पर बैठे फरीदपुर के बुजुर्ग सोहन लाल शर्मा ने बताया कि वह 27 जनवरी के दिन से ही यूजीसी के विरुद्ध चल रहे आंदोलन में सक्रिय हैं और दिन-रात पार्क में ही बैठकर धरना दे रहे हैं। अखिल भारत परिषदीय ब्राम्हण सभा के प्रदेश अध्यक्ष त्रिभुवन शर्मा ने बताया कि वह भी तीन दिन से अनिश्चितकालीन धरने पर हैं। धरने पर बैठे राजेश कुमार शर्मा ने कहा कि केंद्र सरकारा को कानून लाना है तो जनसंख्या नियंत्रण और रोजगार देने जैसे कानून लाए। वर्तमान सरकार ने पहले धर्म में बांटा और हिंदुओं को बांट रहे हैं। उन्होंने कहा कि यूजीसी जैसे कानून से देश बिखर जाएगा।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed