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Bareilly News: रुहेलखंड विश्वविद्यालय के पांचाल संग्रहालय में प्रवेश शुल्क वसूलने की तैयारी
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बरेली। रुहेलखंड विश्वविद्यालय परिसर स्थित पांचाल संग्रहालय व प्रेक्षागृह में जल्द ही शुल्क वसूलने के बाद ही प्रवेश दिया जाएगा। इसके लिए प्रस्ताव तैयार करके मंजूरी के लिए विश्वविद्यालय प्रशासन के लिए भेजा गया है। प्रेक्षागृह में प्रदर्शनी लगाने के लिए पांच हजार रुपये देने होंगे। अगले सत्र से शुल्क वसूलने की व्यवस्था शुरू हो सकती है।
निदेशक/विभागाध्यक्ष प्रोफेसर विजय बहादुर सिंह यादव ने बताया कि इस शुल्क का उपयोग संग्रहालय की देखरेख में किया जाएगा। इससे यहां रखी गई धरोहरों के संरक्षण में मदद मिलेगी। संग्रहालय भ्रमण पर शुल्क लगाने के लिए प्राचीन इतिहास विभाग की ओर से सूची प्रशासन के पास भेज दी गई है।
संग्रहालय में आने वाले विद्यार्थियों को 10 व अन्य को 20 रुपये का शुल्क देना होगा। विदेशी नागरिकों को 100 रुपये देने होंगे संग्रहालय में तीन हजार साल पुरानी ऐतिहासिक मूर्तियां, पांडुलिपि, मिट्टी व धातु के बर्तन, कपड़े, शस्त्र, मुद्रा प्रयोगशाला आदि दुर्लभ सामग्री सुरक्षित रखी गई है। अभयपुर में खोदाई के दौरान मिला करीब तीन हजार साल पुराना नर कंकाल सबके आकर्षण का केंद्र बना हुआ है।
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कार्यक्रमों के लिए भी शुल्क निर्धारित पांचाल प्रेक्षागृह के उपयोग के लिए विश्वविद्यालय के किसी भी विभाग के कार्यक्रम के लिए 5000 रुपये और बाहरी संस्थानों के लिए 10 हजार रुपये शुल्क लेने का प्रस्ताव बनाया गया है। इसके अलावा मुद्रा प्रयोगशाला में एक की संख्या में मुद्रा या सिक्के को रासायनिक विधि से संरक्षित करने के लिए 500 रुपये शुल्क देना होगा।
संवाद
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निदेशक/विभागाध्यक्ष प्रोफेसर विजय बहादुर सिंह यादव ने बताया कि इस शुल्क का उपयोग संग्रहालय की देखरेख में किया जाएगा। इससे यहां रखी गई धरोहरों के संरक्षण में मदद मिलेगी। संग्रहालय भ्रमण पर शुल्क लगाने के लिए प्राचीन इतिहास विभाग की ओर से सूची प्रशासन के पास भेज दी गई है।
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संग्रहालय में आने वाले विद्यार्थियों को 10 व अन्य को 20 रुपये का शुल्क देना होगा। विदेशी नागरिकों को 100 रुपये देने होंगे संग्रहालय में तीन हजार साल पुरानी ऐतिहासिक मूर्तियां, पांडुलिपि, मिट्टी व धातु के बर्तन, कपड़े, शस्त्र, मुद्रा प्रयोगशाला आदि दुर्लभ सामग्री सुरक्षित रखी गई है। अभयपुर में खोदाई के दौरान मिला करीब तीन हजार साल पुराना नर कंकाल सबके आकर्षण का केंद्र बना हुआ है।
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कार्यक्रमों के लिए भी शुल्क निर्धारित पांचाल प्रेक्षागृह के उपयोग के लिए विश्वविद्यालय के किसी भी विभाग के कार्यक्रम के लिए 5000 रुपये और बाहरी संस्थानों के लिए 10 हजार रुपये शुल्क लेने का प्रस्ताव बनाया गया है। इसके अलावा मुद्रा प्रयोगशाला में एक की संख्या में मुद्रा या सिक्के को रासायनिक विधि से संरक्षित करने के लिए 500 रुपये शुल्क देना होगा।
संवाद