{"_id":"5e80d14d8ebc3e768972fc83","slug":"police-beating-the-workers-of-bareilly-being-driven-away-from-nepal-bareilly-news-bly4011255199","type":"story","status":"publish","title_hn":"नेपाल से भगाए जा रहे बरेली के मजदूरों को पीट रही पुलिस","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
नेपाल से भगाए जा रहे बरेली के मजदूरों को पीट रही पुलिस
विज्ञापन
मजबूरी में कुछ इस तरह यात्रा कर रहे हैं लोग।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, बरेली
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मझगवां वापस आने वाले तमाम मजदूर रास्ते में फंसे
विज्ञापन
बरेली। कोरोना वायरस के फैलने का खतरा बढ़ने के साथ नेपाल में काम करने वाले बरेली के तमाम मजदूर वहां से भगाए जा रहे हैं। इन मजदूरों के उत्तराखंड और यूपी बार्डर पर पहुंचने पर पुलिस मार रही है। प्रशासन के पास ऐसी तमाम शिकायतें पहुंच रही हैं।
मझगवां ब्लॉक से एक व्यक्ति ने कलक्ट्रेट में बने कंट्रोल रूम में सूचना दी कि मझगांव के कई मजदूर नेपाल में काम करते हैँ। कुछ दिन पहले नेपाल ने उन्हें भगा दिया है। ये मजदूर खटीमा तक आ गए हैं, लेकिन यहां उत्तराखंड पुलिस उनकी पिटाई कर रही हैं। ऐसे में ये मजदूर रास्ते में फंसे हैँ और वापस नहीं आ पा रहे हैं। इसी तरह सीबीगंज में सरनिया मोड़ डूडा कॉलोनी से शिकायत आई है कि वहां मजदूरों के पांच परिवार हैं। उनके पास खाने-पीने का सामान खत्म हो गया है। प्रशासनिक अधिकारियों ने मदद के लिए डीएसओ को निर्देश कर दिया है। इसी तरह से सुभाषनगर के जज साहब के हाता के पास रहने वाली संगीता ने अधिकारियों का सूचना दी कि बच्चों के लिए खाने की व्यवस्था नहीं हो पा रही है।
मझगवां ब्लॉक से एक व्यक्ति ने कलक्ट्रेट में बने कंट्रोल रूम में सूचना दी कि मझगांव के कई मजदूर नेपाल में काम करते हैँ। कुछ दिन पहले नेपाल ने उन्हें भगा दिया है। ये मजदूर खटीमा तक आ गए हैं, लेकिन यहां उत्तराखंड पुलिस उनकी पिटाई कर रही हैं। ऐसे में ये मजदूर रास्ते में फंसे हैँ और वापस नहीं आ पा रहे हैं। इसी तरह सीबीगंज में सरनिया मोड़ डूडा कॉलोनी से शिकायत आई है कि वहां मजदूरों के पांच परिवार हैं। उनके पास खाने-पीने का सामान खत्म हो गया है। प्रशासनिक अधिकारियों ने मदद के लिए डीएसओ को निर्देश कर दिया है। इसी तरह से सुभाषनगर के जज साहब के हाता के पास रहने वाली संगीता ने अधिकारियों का सूचना दी कि बच्चों के लिए खाने की व्यवस्था नहीं हो पा रही है।
विज्ञापन