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कप्तान ने पूछा- सुसाइड लेटर पर अंगूठे की वजह तलाशो
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बरेली। फरीदपुर के युवक पिंटू की मौत के बाद जेब में मिले सुसाइड नोट पर अंगूठा निशानी लगी होने से संदेह गहरा गया है। पुलिस मामला दबाकर इसे आत्महत्या बनाने पर तुली थी। जानकारी के बाद एसएसपी ने फरीदपुर इंस्पेक्टर से मोबाइल पर ही जवाब तलब कर लिया। कहा, यह स्पष्ट करें कि पिंटू पढ़ा-लिखा था या नहीं। अगर सुसाइड नोट उसी ने लिखा है तो उस पर दस्तखत करने की जगह अंगूठा निशानी लगाने की वजह तलाशें।
फरीदपुर लाइन पार मठिया निवासी मथुरा प्रसाद साहू के मकान में किराये पर रहने वाले गांव थाना निवासी 30 वर्षीय पिंटू का शव गुरुवार सुबह आंगन में पड़ा मिला था। कमरे से सल्फास और चूहेमार दवा के अलावा शराब और गिलास मिले थे। इससे आशंका जताई जा रही थी कि शराब में जहर देकर पिंटू की हत्या की गई है, लेकिन उसकी जेब से मिले सुसाइड नोट ने मामला उलझा दिया। इसमें छोटी बहन के व्यवहार से आहत होकर आत्महत्या करने की बात लिखी है, लेकिन पत्र पर दस्तखत के बजाय अंगूठा लगा होने से मामला उलझ गया है। घटना से एक दिन पहले पिंटू अपनी बड़ी बहन सीमा के घर से आया था। मौत की खबर मिलते ही सीमा और पिंटू की पत्नी रेखा पहुंच गई। उन्होंने भी हत्या की बात कही, लेकिन किसी पर शक नहीं जताया।
फरीदपुर कोतवाल धनंजय सिंह ने घटना की जानकारी एसएसपी को नहीं दी थी। दरअसल, वह इस मामले को आत्महत्या बताकर निपटाने के मूड में थे। शुक्रवार को पता लगने पर एसएसपी ने उन्हें फटकार लगाई। कहा, जब पिंटू सुसाइड नोट लिख सकता था तो उसे अंगूठा लगाने की क्या जरूरत थी। सच्चाई की जानकारी करें कि वह पढ़ा लिखा था या नहीं। यह भी पता करें कि किसी ने साजिश में उसे जहर देकर मार तो नहीं दिया और खुद सुसाइड नोट बनाकर उसकी जेब में रख दिया।
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पोस्टमार्टम में भौंह के पास मिला जख्म
पोस्टमार्टम में पिंटू की मौत जहर से होने के संकेत मिलने पर विसरा सुरक्षित किया गया है। उसकी आंखें सुरक्षित थीं, लेकिन भौंह के पास घाव था। डॉक्टरों ने इसे चूहे के कुतरने का निशान माना है।
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फरीदपुर लाइन पार मठिया निवासी मथुरा प्रसाद साहू के मकान में किराये पर रहने वाले गांव थाना निवासी 30 वर्षीय पिंटू का शव गुरुवार सुबह आंगन में पड़ा मिला था। कमरे से सल्फास और चूहेमार दवा के अलावा शराब और गिलास मिले थे। इससे आशंका जताई जा रही थी कि शराब में जहर देकर पिंटू की हत्या की गई है, लेकिन उसकी जेब से मिले सुसाइड नोट ने मामला उलझा दिया। इसमें छोटी बहन के व्यवहार से आहत होकर आत्महत्या करने की बात लिखी है, लेकिन पत्र पर दस्तखत के बजाय अंगूठा लगा होने से मामला उलझ गया है। घटना से एक दिन पहले पिंटू अपनी बड़ी बहन सीमा के घर से आया था। मौत की खबर मिलते ही सीमा और पिंटू की पत्नी रेखा पहुंच गई। उन्होंने भी हत्या की बात कही, लेकिन किसी पर शक नहीं जताया।
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फरीदपुर कोतवाल धनंजय सिंह ने घटना की जानकारी एसएसपी को नहीं दी थी। दरअसल, वह इस मामले को आत्महत्या बताकर निपटाने के मूड में थे। शुक्रवार को पता लगने पर एसएसपी ने उन्हें फटकार लगाई। कहा, जब पिंटू सुसाइड नोट लिख सकता था तो उसे अंगूठा लगाने की क्या जरूरत थी। सच्चाई की जानकारी करें कि वह पढ़ा लिखा था या नहीं। यह भी पता करें कि किसी ने साजिश में उसे जहर देकर मार तो नहीं दिया और खुद सुसाइड नोट बनाकर उसकी जेब में रख दिया।
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पोस्टमार्टम में भौंह के पास मिला जख्म
पोस्टमार्टम में पिंटू की मौत जहर से होने के संकेत मिलने पर विसरा सुरक्षित किया गया है। उसकी आंखें सुरक्षित थीं, लेकिन भौंह के पास घाव था। डॉक्टरों ने इसे चूहे के कुतरने का निशान माना है।