फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Bareilly News ›   others in pilibhit

बिना सत्यापन जारी हुए अध्यासी प्रमाणपत्र की फाइल ले गई थीं सिटी मजिस्ट्रेट

Fri, 22 Nov 2019 11:12 PM IST
Bareily Bureau बरेली ब्यूरो
Updated Fri, 22 Nov 2019 11:12 PM IST
विज्ञापन
others in pilibhit
पीलीभीत। नगरपालिका के टैक्स अनुभाग का ताला तोड़कर फाइलें ले जाने के मामले का रहस्य धीरे-धीरे उजागर हो रहा है। इसमें नियम विरुद्ध तरीके से एक अध्यासी प्रमाणपत्र बनने की बात सामने आई है। आरोप है कि नगरपालिका के राजस्व निरीक्षक (आरआई) ने वसीयत का बगैर सत्यापन कराए ही अध्यासी प्रमाणपत्र जारी कर दिया। जारी करने से पहले राजस्व निरीक्षक (आरआई) द्वारा नोटिस भी जारी नहीं किया गया। अब मामले की गंभीरता समझ में आई तो ईओ निशा मिश्रा ने आरआई को कारण बताओ नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण मांगा है।
विज्ञापन

शहर निवासी एक व्यापारी ने दो करोड़ की हैसियत का प्रमाणपत्र बनवाने के लिए कलक्ट्रेट में आवेदन किया था। इसमें आवेदक ने वर्ष 2013 में अपनी स्वर्गवासी बुआ की वसीयत लगाई थी। जब यह मामला डीएम वैभव श्रीवास्तव के समक्ष पहुंचा तो उनको इसमें कुछ गड़बड़ी की आशंका हुई। इसमें पाया गया कि नगर पालिका कर्मचारियों ने वसीयत का बिना सत्यापन कराए ही व्यापारी को अध्याशी प्रमाण पत्र जारी कर दिया। खास बात यह रही कि अध्यासी प्रमाणपत्र जारी करने से पहले 30 दिन का नोटिस जारी किया जाता है, मगर नगरपालिका ने व्यापारी को वह नोटिस भी जारी नहीं किया। प्रशासन को इसमें गड़बड़ी का संदेह होने पर बुधवार रात एसडीएम सदर और सिटी मजिस्ट्रेट ने नगरपालिका पहुंचकर ताले तोड़े और इससे संबंधित फाइलें जब्त कर ली। ईओ निशा मिश्रा ने अध्यासी प्रमाणपत्र जारी करने वाले राजस्व निरीक्षक करनपाल सिंह को नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है।
विज्ञापन

अध्यासी प्रमाण पत्र बताता है संपत्ति पर कब्जा किसका
नगरपालिका द्वारा अध्यासी प्रमाण पत्र केवल करों के निर्धारण एवं वसूली के लिए जारी किया जाता है। इस प्रमाणपत्र का भवन के स्वामित्व का कोई संबंध नहीं है। अध्यासी प्रमाण पत्र जारी करने से पूर्व 30 दिन का नोटिस जारी किया जाता है। यदि किसी को आपत्ति है तो वह नगरपालिका में अपनी आपत्ति दर्ज करा सकता है। अध्यासी प्रमाण पत्र यह दर्शाता है कि अमुक संपत्ति पर कब्जा किसका है।
विज्ञापन
विज्ञापन

आरआई करनपाल सिंह द्वारा बिना नोटिस जारी किए ही अध्यासी प्रमाणपत्र जारी किया गया है। इसको लेकर आरआई को कारण बताओ नोटिस दिया है। जवाब असंतोषजनक होने की स्थिति में उन पर कार्रवाई होगी। -निशा मिश्रा, ईओ, नगर पालिका
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed