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मुहब्बत में तोड़ी मजहब की दीवार: उजमा ने उर्मिला बनकर भागीरथ के साथ लिए सात फेरे, घरवालों से जताया खतरा
Mon, 02 Oct 2023 07:13 AM IST
मुकेश कुमार
संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली
संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली
Published by: मुकेश कुमार
Updated Mon, 02 Oct 2023 07:13 AM IST
सार
बरेली में उजमा ने धर्म परिवर्तन कर अपने प्रेमी भागीरथ के साथ हिंदू रीति रिवाजके अनुसार शादी कर ली। बरेली में एक आचार्य ने दोनों का विवाह कराया। उजमा ने कहा कि उसने अपनी मर्जी से शादी की है, जिसमें किसी की जोर जबरदस्ती नहीं है।
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उजमा ने भागीरथ के साथ की शादी
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
पीलीभीत की रहने वाली उजमा मुहब्बत में उर्मिला बन गई। उसने अपने प्रेमी भागीरथ के साथ सात फेरे ले लिए। दो साल से दोनों के बीच प्रेम प्रसंग चल रहा था। दोनों साथ जीवन बिताना चाहते थे, लेकिन धर्म की दीवार आड़े आ रही थी। पांच माह पहले दोनों घर छोड़कर चले गए थे। रविवार को दोनों बरेली पहुंचे। यहां मढ़ीनाथ स्थित एक आश्रम में दोनों का हिंदू रीति रिवाज से विवाह हुआ।
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पीलीभीत के न्यूरिया थाने के गांव अल्लाकारी ढकिया निवासी भागीरथ का ननिहाल न्यूरिया के मोहल्ला खब्बापुर में है। उजमा उजमा मोहल्ला खब्बापुर की निवासी है। भागीरथ का अपनी ननिहाल में आना-जाना लगा रहता था। इसी दौरान दोनों की मुलाकात हुई। बातचीत का सिलसिला शुरू हुआ तो दोनों में दोस्ती हो गई। दोनों एक-दूसरे से फोन पर बात करने लगे। यह दोस्ती प्यार में बदल गई।
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घर छोड़ने के बाद यहां-वहां भटके
उजमा और भागीरथ ने साथ जीने मरने की कसमें खी लीं, लेकिन उनकी मुहब्बत के आड़े मजहब की दीवार आ गई। उजमा के घरवालों को जब उसके प्रेम प्रसंग का पता लगा तो उस पर बंदिशें लगा दी गईं। भागीरथ के घरवाले भी शादी करने के लिए तैयार नहीं थे। ऐसे में दोनों से घर छोड़ने का फैसला कर लिया। पांच महीने पहले दोनों घर से भाग गए। इसके बाद यहां-वहां भटकते रहे।
भागीरथ और उजमा रविवार को बरेली के मढ़ीनाथ स्थित एक आश्रम पहुंचे। दोनों आश्रम के आचार्य को अपने बारे में बताया और शादी करने की इच्छा जाहिर की। यहां उजमा ने धर्म परिवर्तन करने के बाद अपना नाम उर्मिला कर लिया। आचार्य ने दोनों का विवाह कराया। उजमा ने कहा कि उसने अपनी मर्जी से शादी की है। उसने अपने घरवालों से जान का खतरा जताया है।