{"_id":"69f4e4a7e76139030d069793","slug":"mosquitoes-breeding-inside-outside-and-in-water-will-be-attacked-bareilly-news-c-4-bly1053-875588-2026-05-01","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bareilly News: घर के अंदर, बाहर और पानी में पनप रहे मच्छरों पर होगा वार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bareilly News: घर के अंदर, बाहर और पानी में पनप रहे मच्छरों पर होगा वार
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
संवेदनशील गांवों में मलेरिया नियंत्रण के लिए मच्छरों पर करारे वार की तैयारी है। घर के अंदर, बाहर और पानी में पनप रहे लार्वा नष्ट करने की कवायद शुरू कर दी गई है।
स्वास्थ्य विभाग की ओर से मानसून से 75 दिन पूर्व संवेदनशील क्षेत्रों में इंडोर रेसिड्यू स्प्रे (आईआरएस) किया जाता है। शुक्रवार को पहले दिन मझगवां के दो गांव तमरौली और प्रह्लादपुर के घरों में कीटनाशकों का छिड़ाव किया गया। इससे पहले घर के बाहर मच्छरों को खत्म करने के लिए विशेष संचारी रोग नियंत्रण मुहिम चलाकर नाला-नाली, झाड़ियों की कटान, फॉगिंग की गई।
जिला मलेरिया अधिकारी सत्येंद्र कुमार के मुताबिक, मच्छरजनित रोगों से निजात के लिए मच्छरों पर प्रभावी नियंत्रण बेहद जरूरी है। विभाग में आईआरएस के लिए कर्मचारियों की संख्या कम होने से सीएमओ डॉ. विश्राम सिंह की पहल पर 66 दैनिक मजदूरों को प्रशिक्षित किया गया है।
विज्ञापन
15 जुलाई तक चलेगा पहला चरण
आईआरएस का पहला चरण 15 जुलाई तक चलेगा और दूसरा 16 जुलाई से 30 सितंबर तक चलेगा। पहले चरण में ब्लॉक मझगवां, मीरगंज, भमोरा, रामनगर, फतेहगंज पश्चिमी, शेरगढ़ के संवेदनशील सौ गांवों के हर घर में मुहिम चलेगी। पहले चरण में जिन घरों में छिड़काव होगा, दूसरे चरण में फिर वहीं मुहिम चलेगी। आईआरएस 75 दिन प्रभावी रहता है।
ताकि पानी में ही नष्ट हो जाएं लार्वा
शासन ने मच्छरों पर प्रभावी अंकुश के लिए बैसिलस थुरिनजिएंसिस इजरायलेसिस (बीटीआई) कीटनाशक 250 लीटर भेजा है। मच्छर जलभराव वाले स्थानों पर अंडे देते हैं। इसे पानी में डालने पर 90 फीसदी लार्वा नष्ट हो जाएंगे।
विज्ञापन
स्वास्थ्य विभाग की ओर से मानसून से 75 दिन पूर्व संवेदनशील क्षेत्रों में इंडोर रेसिड्यू स्प्रे (आईआरएस) किया जाता है। शुक्रवार को पहले दिन मझगवां के दो गांव तमरौली और प्रह्लादपुर के घरों में कीटनाशकों का छिड़ाव किया गया। इससे पहले घर के बाहर मच्छरों को खत्म करने के लिए विशेष संचारी रोग नियंत्रण मुहिम चलाकर नाला-नाली, झाड़ियों की कटान, फॉगिंग की गई।
विज्ञापन
जिला मलेरिया अधिकारी सत्येंद्र कुमार के मुताबिक, मच्छरजनित रोगों से निजात के लिए मच्छरों पर प्रभावी नियंत्रण बेहद जरूरी है। विभाग में आईआरएस के लिए कर्मचारियों की संख्या कम होने से सीएमओ डॉ. विश्राम सिंह की पहल पर 66 दैनिक मजदूरों को प्रशिक्षित किया गया है।
विज्ञापन
15 जुलाई तक चलेगा पहला चरण
आईआरएस का पहला चरण 15 जुलाई तक चलेगा और दूसरा 16 जुलाई से 30 सितंबर तक चलेगा। पहले चरण में ब्लॉक मझगवां, मीरगंज, भमोरा, रामनगर, फतेहगंज पश्चिमी, शेरगढ़ के संवेदनशील सौ गांवों के हर घर में मुहिम चलेगी। पहले चरण में जिन घरों में छिड़काव होगा, दूसरे चरण में फिर वहीं मुहिम चलेगी। आईआरएस 75 दिन प्रभावी रहता है।
ताकि पानी में ही नष्ट हो जाएं लार्वा
शासन ने मच्छरों पर प्रभावी अंकुश के लिए बैसिलस थुरिनजिएंसिस इजरायलेसिस (बीटीआई) कीटनाशक 250 लीटर भेजा है। मच्छर जलभराव वाले स्थानों पर अंडे देते हैं। इसे पानी में डालने पर 90 फीसदी लार्वा नष्ट हो जाएंगे।