UP: इस्राइल-फलस्तीन में मुकम्मल जंग बंदी की मांग, मौलाना शहाबुद्दीन रजवी ने कहा- पीएम मोदी निभाएं अहम भूमिका
मौलाना मुफ्ती शहाबुद्दीन रजवी ने कहा कि इस्राइल और हमास की तरफ से बंधकों की रिहाई से अच्छा वातावरण कायम होगा, जिससे जंग बंदी लंबे समय के लिए की जा सकती है। उन्होंने अपील करते हुए कहा कि पीएम मोदी अरब क्षेत्र में अमन-शांति और फलस्तीन मसले का हल निकालने में अहम भूमिका निभाएं।
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बरेली में ऑल इंडिया मुस्लिम जमात के राष्ट्रीय अध्यक्ष मौलाना मुफ्ती शहाबुद्दीन रजवी बरेलवी ने हमास और इस्राइल के बीच चार दिन की जंग बंदी पर कहा कि इससे गाजा में इंसानी जरूरत की चीजों को हासिल करने में मदद मिलेगी, जिससे वहां के लोगों को बड़ी राहत पहुंचेगी। बंधकों को दोनों तरफ से छोड़े जाने पर अच्छा वातावरण कायम होगा, जिससे जंग बंदी लंबे समय के लिए की जा सकती है।
मौलाना ने कहा कि फलस्तीन मुद्दे पर तमाम मुस्लिम देश एकजुट हुए। इनमें कुछ ऐसे भी देश हैं, जो वर्षों से एक साथ नहीं बैठ सके थे वो अब एक साथ आए और फलस्तीन के मुद्दे पर चर्चा की। इन मुस्लिम देशों का प्रतिनिधि मंडल चीन और रूस भी गया। अब भारत आने का कार्यक्रम है। अरब देशों के साथ हमारे पुराने तालुकात है। अरब क्षेत्र में एक करोड़ से ज्यादा भारतीय नागरिक रोजगार से वाबस्ता हैं। ऐसे में ये हमारे राष्ट्रीय हित में है कि हम इसमें अहम किरदार अदा करें।
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पीएम मोदी से की अपील
शहाबुद्दीन रजवी बरेलवी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से अपील करते हुए कहा कि वो अरब क्षेत्र में अमन-शांति और फलस्तीन मसले का हल निकालने में अहम भूमिका निभाएं। गाजा में इंसानी हमदर्दी के नाते भारत ने सहायता की है और भविष्य में भी बड़ी सहायता करने की योजना बनाए हुए हैं।
मौलाना ने कहा कि इस बात पर हर उस इंसान को गैर करना होगा, जिसके सीने में इंसानियत और जमीर जिंदा है। गाजा में जिस तरह से खूनी खेल खेला गया, उसने हर इंसानी जमीर को झकझोर कर रख दिया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, अमेरिका, संयुक्त राष्ट्र, चीन और रूस अगर मुकम्मल जंग बंदी कराने पर उतर जाएं तो इस्राइल मजबूर होकर जंग बंदी करने पर तैयार हो जाएगा।