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Bareilly News: गीला बांस हाईटेंशन लाइन से टकराया, करंट लगने से राजमिस्त्री की मौत
Sun, 06 Sep 2026 01:35 AM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली
संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली
Updated Sun, 06 Sep 2026 01:35 AM IST
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बहेड़ी। पावर हाउस के पास निर्माणाधीन तीन मंजिला मकान पर शनिवार को काम करने के दौरान मोहल्ला मोहम्मदपुर के राजमिस्त्री गुड्डा (35) की करंट लगने से मौत हो गई। बारिश के दौरान गीला बांस हाईटेंशन लाइन से टकरा गया, जिस कारण हादसा हुआ।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, पावर हाउस के पास बनाए जा रहे तीन मंजिला मकान पर गुड्डा राजमिस्त्री का काम कर रहे थे। वह शनिवार सुबह मोहल्ले में एक महिला के इंतकाल के तीजे की फातिहा पढ़कर काम पर आए थे। दोपहर में काम करने के दौरान निर्माणाधीन मकान पर बंधा गीला बांस 33 केवी हाईटेंशन लाइन से टकरा गया। बांस में उतरे करंट की चपेट में आने से गुड्डा झुलसकर गिर गए। मौके पर ही उनकी मौत हो गई। सूचना पर आए परिजन निजी अस्पताल लेकर गए लेकिन चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने शव का पोस्टमॉर्टम कराया। उसमें करंट से मौत की पुष्टि हुई है।
परिवार का इकलौता सहारा गया
परिजन के मुताबिक, गुड्डा तीन भाइयों और पांच बहनों में सबसे बड़े थे। पिता कुछ काम नहीं करते हैं। गुड्डा ने ही मेहनत-मजदूरी कर पूरे परिवार का पालन-पोषण किया। चार साल पहले ही उनकी शादी हुई थी। दंपती की दो साल की मासूम बेटी है। अब परिवार के पालन-पोषण का संकट खड़ा हो गया है।
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वर्जन,
मकान का काम करने वाले किसी भी व्यक्ति ने निगम से अनुमति या शटडाउन नहीं लिया था। बिना सुरक्षा इंतजाम और उपकरण के मजदूरों से काम कराया जा रहा था। - सूर्यकांत शर्मा, एसडीओ
राजमिस्त्री की मौत के संबंध में तहरीर मिलने पर कार्रवाई की जाएगी। - अरुण कुमार सिंह, सीओ बहेड़ी।
परिवार का इकलौता सहारा गया
परिजन के मुताबिक, गुड्डा तीन भाइयों और पांच बहनों में सबसे बड़े थे। पिता कुछ काम नहीं करते हैं। गुड्डा ने ही मेहनत-मजदूरी कर पूरे परिवार का पालन-पोषण किया। चार साल पहले ही उनकी शादी हुई थी। दंपती की दो साल की मासूम बेटी है। अब परिवार के पालन-पोषण का संकट खड़ा हो गया है।
परिजन के मुताबिक, गुड्डा तीन भाइयों और पांच बहनों में सबसे बड़े थे। पिता कुछ काम नहीं करते हैं। गुड्डा ने ही मेहनत-मजदूरी कर पूरे परिवार का पालन-पोषण किया। चार साल पहले ही उनकी शादी हुई थी। दंपती की दो साल की मासूम बेटी है। अब परिवार के पालन-पोषण का संकट खड़ा हो गया है।
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प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, पावर हाउस के पास बनाए जा रहे तीन मंजिला मकान पर गुड्डा राजमिस्त्री का काम कर रहे थे। वह शनिवार सुबह मोहल्ले में एक महिला के इंतकाल के तीजे की फातिहा पढ़कर काम पर आए थे। दोपहर में काम करने के दौरान निर्माणाधीन मकान पर बंधा गीला बांस 33 केवी हाईटेंशन लाइन से टकरा गया। बांस में उतरे करंट की चपेट में आने से गुड्डा झुलसकर गिर गए। मौके पर ही उनकी मौत हो गई। सूचना पर आए परिजन निजी अस्पताल लेकर गए लेकिन चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने शव का पोस्टमॉर्टम कराया। उसमें करंट से मौत की पुष्टि हुई है।
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परिवार का इकलौता सहारा गया
परिजन के मुताबिक, गुड्डा तीन भाइयों और पांच बहनों में सबसे बड़े थे। पिता कुछ काम नहीं करते हैं। गुड्डा ने ही मेहनत-मजदूरी कर पूरे परिवार का पालन-पोषण किया। चार साल पहले ही उनकी शादी हुई थी। दंपती की दो साल की मासूम बेटी है। अब परिवार के पालन-पोषण का संकट खड़ा हो गया है।
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मकान का काम करने वाले किसी भी व्यक्ति ने निगम से अनुमति या शटडाउन नहीं लिया था। बिना सुरक्षा इंतजाम और उपकरण के मजदूरों से काम कराया जा रहा था। - सूर्यकांत शर्मा, एसडीओ
राजमिस्त्री की मौत के संबंध में तहरीर मिलने पर कार्रवाई की जाएगी। - अरुण कुमार सिंह, सीओ बहेड़ी।
परिवार का इकलौता सहारा गया
परिजन के मुताबिक, गुड्डा तीन भाइयों और पांच बहनों में सबसे बड़े थे। पिता कुछ काम नहीं करते हैं। गुड्डा ने ही मेहनत-मजदूरी कर पूरे परिवार का पालन-पोषण किया। चार साल पहले ही उनकी शादी हुई थी। दंपती की दो साल की मासूम बेटी है। अब परिवार के पालन-पोषण का संकट खड़ा हो गया है।
परिजन के मुताबिक, गुड्डा तीन भाइयों और पांच बहनों में सबसे बड़े थे। पिता कुछ काम नहीं करते हैं। गुड्डा ने ही मेहनत-मजदूरी कर पूरे परिवार का पालन-पोषण किया। चार साल पहले ही उनकी शादी हुई थी। दंपती की दो साल की मासूम बेटी है। अब परिवार के पालन-पोषण का संकट खड़ा हो गया है।