{"_id":"697138b25d81c5b53e0f7d75","slug":"mandi-committee-working-against-government-policy-bareilly-news-c-4-vns1074-811906-2026-01-22","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bareilly News: सरकार की नीति के विरुद्ध काम कर रही मंडी समिति","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bareilly News: सरकार की नीति के विरुद्ध काम कर रही मंडी समिति
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
भारतीय उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल की मासिक बैैठक में उठा मुद्दा
बरेली। भारतीय उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल की मासिक बैैठक का आयोजन बुधवार को सिविल लाइंस स्थित एक होटल में किया गया। बैठक में जिला अध्यक्ष अनिल अग्रवाल ने प्रदेश की मंडियों में प्रोपराइटरशिप फर्म में पार्टनर जोड़े जाने संबंधी आदेशों में व्यावहारिक कठिनाइयों को बताया।
उन्होंने कहा कि मंडी परिषद की ओर से जारी आदेश में कई प्रावधान इतने जटिल और अव्यवहारिक हैं कि यह सरकार की नीति के विपरीत कार्य कर रहे हैं। वर्षों से व्यापारियों की यह वैधानिक मांग रही है कि पूंजी निवेश की आवश्यकता होने पर परिवार के सदस्य, रिश्तेदार अथवा निवेशक को पार्टनर बनाकर व्यापार विस्तार किया जा सके। सरकार ने इस मांग को स्वीकार कर सकारात्मक निर्णय लिया था लेकिन मंडी परिषद के बनाए गए जटिल नियमों ने इस व्यवस्था को लगभग निष्प्रभावी बना दिया है।
बैठक में विशेष रूप से प्रीमियम अंतर राशि, पांच प्रतिशत अंतरण शुल्क, 51 प्रतिशत अनिवार्य हिस्सेदारी व सर्किल रेट आधारित मूल्य निर्धारण जैसे प्रावधान का विरोध किया गया। कहा कि इस व्यवस्था के चलते प्रदेश की कोई भी प्रोपराइटरशिप फर्म पार्टनरशिप मॉडल में परिवर्तित नहीं हो पाएगी।
विज्ञापन
महानगर महामंत्री अनुज गुप्ता ने मंडी परिसर की स्वच्छता, पेयजल व्यवस्था तथा फल एवं सब्जी मंडियों में एटीएम स्थापना जैसे मुद्दों को उठाया। बैठक में बैंकिंग मुद्दों पर भी तीखी चर्चा हुई। मुख्यमंत्री युवा उद्यमी योजना में छोटे व्यापारियों के ऋण आवेदन समय से स्वीकृत न होने को लेकर विरोध जताया गया।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि उपनिदेशक मंडी प्रशासन एवं सचिव मंडी परिषद संतोष यादव, बैंक ऑफ बड़ौदा के अग्रणी प्रबंधक कृष्ण कुमार शर्मा, महानगर अध्यक्ष कुमार, गौरव शर्मा, जसपाल सिंह बग्गा, पंकज अग्रवाल, पारस अग्रवाल, हर्ष खंडेलवाल, राघव खंडेलवाल आदि मौजूद रहे। संवाद
विज्ञापन
बरेली। भारतीय उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल की मासिक बैैठक का आयोजन बुधवार को सिविल लाइंस स्थित एक होटल में किया गया। बैठक में जिला अध्यक्ष अनिल अग्रवाल ने प्रदेश की मंडियों में प्रोपराइटरशिप फर्म में पार्टनर जोड़े जाने संबंधी आदेशों में व्यावहारिक कठिनाइयों को बताया।
उन्होंने कहा कि मंडी परिषद की ओर से जारी आदेश में कई प्रावधान इतने जटिल और अव्यवहारिक हैं कि यह सरकार की नीति के विपरीत कार्य कर रहे हैं। वर्षों से व्यापारियों की यह वैधानिक मांग रही है कि पूंजी निवेश की आवश्यकता होने पर परिवार के सदस्य, रिश्तेदार अथवा निवेशक को पार्टनर बनाकर व्यापार विस्तार किया जा सके। सरकार ने इस मांग को स्वीकार कर सकारात्मक निर्णय लिया था लेकिन मंडी परिषद के बनाए गए जटिल नियमों ने इस व्यवस्था को लगभग निष्प्रभावी बना दिया है।
विज्ञापन
बैठक में विशेष रूप से प्रीमियम अंतर राशि, पांच प्रतिशत अंतरण शुल्क, 51 प्रतिशत अनिवार्य हिस्सेदारी व सर्किल रेट आधारित मूल्य निर्धारण जैसे प्रावधान का विरोध किया गया। कहा कि इस व्यवस्था के चलते प्रदेश की कोई भी प्रोपराइटरशिप फर्म पार्टनरशिप मॉडल में परिवर्तित नहीं हो पाएगी।
विज्ञापन
महानगर महामंत्री अनुज गुप्ता ने मंडी परिसर की स्वच्छता, पेयजल व्यवस्था तथा फल एवं सब्जी मंडियों में एटीएम स्थापना जैसे मुद्दों को उठाया। बैठक में बैंकिंग मुद्दों पर भी तीखी चर्चा हुई। मुख्यमंत्री युवा उद्यमी योजना में छोटे व्यापारियों के ऋण आवेदन समय से स्वीकृत न होने को लेकर विरोध जताया गया।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि उपनिदेशक मंडी प्रशासन एवं सचिव मंडी परिषद संतोष यादव, बैंक ऑफ बड़ौदा के अग्रणी प्रबंधक कृष्ण कुमार शर्मा, महानगर अध्यक्ष कुमार, गौरव शर्मा, जसपाल सिंह बग्गा, पंकज अग्रवाल, पारस अग्रवाल, हर्ष खंडेलवाल, राघव खंडेलवाल आदि मौजूद रहे। संवाद