पंचायत में खूनी खेल: बरेली में युवक ने चाकू से गोदकर की सास और साले की हत्या, पत्नी की हालत नाजुक
बरेली के इज्जतनगर थाना क्षेत्र के गांव रहपुरा चौधरी में सोमवार को दिनदहाड़े सनसनीखेज वारदात हुई। पंचायत के दौरान एक युवक ने अपनी सास और साले पर चाकू से हमला कर दिया, जिससे दोनों की मौत हो गई। आरोपी ने अपनी पत्नी को भी घायल कर दिया। इसके बाद मौके से भाग गया।
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ई-रिक्शा/एंबुलेंस चालक अफसर खां ने वर्ष 2017 में चचेरी बहन सायमा (30) से प्रेम विवाह किया था। उनके दो बच्चे फैज (8) और आइशा (5) भी हैं। सायमा की बहन शिफा और अनम के मुताबिक, घर खर्च को लेकर अफसर और सायमा के बीच अक्सर विवाद होता था। अफसर नशे का लती है। वह आए दिन सायमा को पीटता था। शनिवार शाम को भी उसने विवाद किया था। तब आसमां (50) बेटी सायमा को बुलाने उसके घर गई थीं। वहां अफसर ने आसमां के साथ मारपीट की थी। रविवार सुबह सायमा ने 112 पर कॉल करके पुलिस बुला ली थी। पुलिस ने घर से कपड़े आदि कुछ सामान दिलाकर थाने में तहरीर देने की बात कही और चली गई।
शिफा और अनम के मुताबिक, रविवार शाम को ही सायमा ने इज्जतनगर थाने में पति से जान का खतरा बताते हुए तहरीर दी थी, लेकिन पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की। इसके बाद अफसर के कहने पर सोमवार दोपहर एक बजे मोहल्ले के ही सराफा कारोबारी राशिद खां के घर पंचायत बुलाई गई। इसमें सायमा, आसमां और आदिल पहुंचे। राशिद के घर पर उनका रिश्तेदार बबलू और मोहल्ले के तीन-चार अन्य लोग भी मौजूद थे।
राशिद के मुताबिक, पंचायत शुरू होते ही दोनों पक्षों में विवाद होने लगा। इसी दौरान आदिल ने अफसर को चप्पल मार दी। विरोध में अफसर ने भी चप्पल उठा ली। वह दोनों को रोकने लगे तभी अफसर ने कमर से चाकू निकाल लिया। उसने आसमां, आदिल और सायमा पर चाकू से ताबड़तोड़ वार किए और वहां से भाग गया। उन्होंने अपनी गाड़ी से तीनों को स्टेडियम रोड स्थित अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टर ने आसमां और आदिल को मृत घोषित कर दिया। सायमा की हालत गंभीर बनी हुई है।
इज्जतनगर पुलिस पर उठ रहे सवाल
- रविवार सुबह 112 पर कॉल करके सायमा ने पुलिस को घटना की जानकारी दी थी। पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन आरोपी को गिरफ्तार क्यों नहीं किया?
- रविवार शाम को सायमा ने इज्जतनगर थाने में तहरीर देकर जान का खतरा जताया था। पुलिस ने घरेलू विवाद बताकर मामले को टरका दिया। पूरे मामले पर गंभीरता क्यों नहीं दिखाई?
- रविवार पूरी रात और सोमवार सुबह तक आरोपी घर में ही मौजूद था। पुलिस ने उसे पकड़ा क्यों नहीं?
- पूर्व में हुई घटना के बाद भी उसके खिलाफ पत्नी ने तहरीर दी थी, लेकिन हर बार पुलिस ने मामले को निपटा दिया। सख्त कार्रवाई क्यों नहीं की गई?
- आरोपी की आपराधिक पृष्ठभूमि होने के बाद भी पुलिस उसकी निगरानी क्यों नहीं कर रही थी?
एसएसपी अनुराग आर्य ने बताया कि घर खर्च के लिए रुपये नहीं देने पर अफसर और उसकी पत्नी के बीच अक्सर विवाद होता था। शनिवार शाम को भी मारपीट हुई थी। रविवार सुबह पुलिस मौके पर पहुंची थी। सायमा ने कार्रवाई पर संतुष्टि भी जाहिर की थी। सोमवार दोपहर पंचायत के दौरान अफसर ने चाकू से हमला कर सास और साले की जान ले ली, जबकि पत्नी गंभीर रूप से घायल है। हत्यारोपी की तलाश के लिए इंस्पेक्टर इज्जतनगर, एसओजी और सर्विलांस टीमों को लगाया गया है।