Bareilly News: बंद मकान में पिता मृत, बेटा अचेत हालत में मिला, जहर खाने की आशंका
सुभाषनगर की तिरुपति धाम कॉलोनी में सोमवार को एक व्यक्ति का शव उसके बंद घर में पड़ा मिला। वहीं उसका बेटा बेहोशी की हालत में मिला। उसे निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
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बरेली के सुभाषनगर थाना क्षेत्र की तिरुपति धाम कॉलोनी के एक बंद घर में पिता मृत हालत में और बेटा अचेत अवस्था में मिला। घर न खुलने पर पुलिस बुलाकर गेट का ताला तुड़वाना पड़ा। बेटे को निजी अस्पताल में वेंटिलेटर पर रखा गया है। मामले में चूहामार दवा खाने की आशंका जताई जा रही है।
70 वर्षीय हरीश प्रसाद माथुर सरकारी नौकरी से रिटायर थे। वह घर में 27 वर्षीय बेटे शुभम के साथ रहते थे। सोमवार सुबह नौ बजे दूधवाला उनके घर दूध देने आया। गेट खटखटाने पर भी नहीं खुला तो पड़ोसी को दूध देकर वह चला गया। पड़ोसी परिवार ने दरवाजा खुलने का इंतजार किया। न खुलने पर पूर्वाह्न 11 बजे पड़ोसी ने दरवाजा खटखटाया। फिर कोई आवाज नहीं आई तो उन्होंने शुभम के दोस्त तनय शर्मा को कॉल की।
अंदर से बंद थे दरवाजे
तनय ने आकर दरवाजा खुलवाने का काफी प्रयास किया। फिर पुलिस को सूचना दी। पहले पीआरवी आई। पुलिस के साथ पड़ोसी की छत पर होकर जीने का अंदर से लगा कुंडा तोड़ा गया। फिर पुलिस के साथ पड़ोसी नीचे गए और मेनगेट का ताला तोड़ा। मेन कमरे की कुंडी भी अंदर से लगी थी।
उसे भी तोड़ा तो अंदर के कमरे में हरीश प्रसाद का शव चारपाई पर पड़ा था। शुभम भी अचेत अवस्था में पड़ा था। पुलिस के साथ तनय उसे लेकर निजी अस्पताल पहुंचे। वहां शुभम को भर्ती कर लिया गया। इंस्पेक्टर के मुताबिक हरीश प्रसाद की मौत संभवत सुबह हो गई थी, उन्हें मृत देखकर शुभम की यह हालत शायद अवसाद में हुई है।
खुली पड़ी थी चूहा मार दवा
पुलिस के साथ स्थानीय लोग अंदर पहुंचे तो देखा कि चूहा मारने की दवा (स्टिक) खुली पड़ी थी। निजी अस्पताल में भी डॉक्टरों ने जांच की तो शुभम के शरीर में जहर जैसे लक्षण मिले। शुभम का ऑक्सीजन लेवल और बीपी काफी कम था। उसे वेंटिलेटर पर लिया गया तो हालत में कुछ सुधार हुआ।
कप्तान ने फटकारा तो पहुंची पुलिस
स्थानीय लोगों की शिकायत के बाद 112 पुलिस के दो कर्मी मौके पर थोड़ी देर बाद आ गए पर लगातार कहने के बाद भी सुभाष नगर थाना और करगैना चौकी की पुलिस करीब ढाई घंटे तक नहीं पहुंची। ऐसे में घर का गेट खुलवाने का काम अटका रहा। तब स्थानीय लोगों ने एसएसपी अनुराग आर्य तक शिकायत पहुंचाई। कप्तान की फटकार पर सुभाष नगर इंस्पेक्टर सतीश राय पुलिस के साथ पहुंचे और कार्रवाई आगे बढ़ी। बाद में एसपी सिटी राहुल भाटी व सीओ टू संदीप कुमार सिंह ने भी मुआयना किया।
मां की मौत के बाद से अवसाद में था शुभम
हरीश प्रसाद काफी बुजुर्ग और कमजोर हो चुके थे। उनकी पत्नी अनुराधा ही बेटे और पति का ख्याल रखती थीं। शुभम प्राइवेट नौकरी करता है। दो महीने पहले अनुराधा का निधन बीमारी से हो गया। इसके बाद से शुभम काफी परेशान और अवसाद की स्थिति में था। हरीश प्रसाद की देखरेख भी प्रभावित हो गई थी।
मोहल्ले वाले घर में घुसे तो देखा कि अनुराधा की मृत्यु के समय के उनके कपड़े व बिस्तर आंगन में वैसी ही अवस्था में पड़ा था जैसा लोगों ने उनके निधन के वक्त देखा था। शुभम दंपती का अकेला बेटा है। पड़ोसियों के बताने पर हरीश प्रसाद के भाई लखनऊ से बरेली को रवाना हो गए हैं।
वरिष्ठ चिकित्सक डॉ. राघवेंद्र शर्मा ने बताया कि शुभम माथुर हमारे यहां भर्ती है। उसकी आंखों की पुतलियां कुछ सिकुड़ी हुई हैं, इसलिए यह भी आशंका है कि उसने कोई जहरीला पदार्थ खाया होगा या फूड प्वाइजनिंग हुई होगी। वह वेंटिलेटर पर है पर उसकी हालत में पहले से सुधार हुआ है।