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दो हमलों से आप नेता का परिवार दहशत में, बेटे ने स्कूल जाना छोड़ा
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आप प्रत्याशी कृष्णा भारद्वाज पर शेरू गैंग के गुर्गे ने किया था हमला
मुख्य आरोपी पर इज्जतनगर और प्रेमनगर थाने की पुलिस मेहरबान
बरेली। आम आदमी पार्टी की प्रत्याशी कृष्णा भारद्वाज और उनके पति चंद्रशेखर पर जानलेवा हमले का आरोपी शेरू गैंग का गुर्गा ललित सक्सेना चार महीने बाद भी गिरफ्तार नहीं हो सका है। दहशत के चलते 12वीं में पढ़ने वाले उनके बेटे तनिष्क ने स्कूल और कोचिंग जाना छोड़ दिया है।
बुधवार को एसएसपी ऑफिस पहुंचीं इज्जतनगर के रोड नंबर पांच स्थित परतापुर चौधरी निवासी कृष्णा भारद्वाज ने बताया कि 21 नवंबर की रात क्षेत्र में जनसंपर्क करके लौटने के दौरान कुदेशिया फ्लाईओवर पर मठ लक्ष्मीपुर निवासी ललित सक्सेना और उसके साथियों ने उन पर हमला किया था। कार से खींचकर मारपीट करके गंभीर रूप से घायल कर दिया था। उनकी कार भी तोड़ दी। इस मामले में उनके पति चंद्रशेखर ने ललित समेत अन्य के खिलाफ थाना प्रेमनगर में जानलेवा हमले की रिपोर्ट दर्ज कराई लेकिन अब तक उस पर कोई कार्रवाई नहीं हुई है। आरोप लगाया कि इसके बाद सात दिसंबर को रामपुर में उनके पति पर हमला किया गया। इसकी सूचना रामपुर और बरेली पुलिस को दी गई। फिर 12 दिसंबर की दोपहर किला फ्लाईओवर पर उनके भाई विकल्प भारद्वाज को घेरकर धमकाया गया, लेकिन कार्रवाई फिर भी नहीं हुई।
पांच अगस्त को भी किया था हमला
कृष्णा भारद्वाज ने बताया कि अगस्त 2020 में ललित ने किसी व्यक्ति को गोली मारी थी। उन लोगों ने इसकी सूचना पुलिस को दे दी थी, तब से ही वह उनसे रंजिश मानता है। इसके चलते ही पहले भी ललित उन पर हमले कर चुका है। पांच अगस्त की रात वह अपने पति चंद्रशेखर के साथ स्कूटी से प्लॉट देखकर लौट रही थीं, तब रास्ते में ललित सक्सेना और उसके साथी मोईनुद्दीन ने कार चढ़ाकर उन्हें मारने की कोशिश की। वे लोग जान बचाकर भागे तो फायरिंग कर दी। इस मामले में थाना इज्जतनगर में जानलेवा हमले की रिपोर्ट दर्ज हुई। पुलिस ने मोईनुद्दीन को पकड़ लिया लेकिन ललित अब तक फरार है। डर के कारण 12वीं में पढ़ने वाला उनका बेटा तनिष्क स्कूल और कोचिंग नहीं जा रहा है। आरोप लगाया कि पुलिस के कार्रवाई न करने से ललित के हौसले बुलंद हैं। वह जब भी शिकायत करती हैं तो टाल दिया जाता है। एसएसपी ने प्रेमनगर पुलिस को कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
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मुख्य आरोपी पर इज्जतनगर और प्रेमनगर थाने की पुलिस मेहरबान
बरेली। आम आदमी पार्टी की प्रत्याशी कृष्णा भारद्वाज और उनके पति चंद्रशेखर पर जानलेवा हमले का आरोपी शेरू गैंग का गुर्गा ललित सक्सेना चार महीने बाद भी गिरफ्तार नहीं हो सका है। दहशत के चलते 12वीं में पढ़ने वाले उनके बेटे तनिष्क ने स्कूल और कोचिंग जाना छोड़ दिया है।
बुधवार को एसएसपी ऑफिस पहुंचीं इज्जतनगर के रोड नंबर पांच स्थित परतापुर चौधरी निवासी कृष्णा भारद्वाज ने बताया कि 21 नवंबर की रात क्षेत्र में जनसंपर्क करके लौटने के दौरान कुदेशिया फ्लाईओवर पर मठ लक्ष्मीपुर निवासी ललित सक्सेना और उसके साथियों ने उन पर हमला किया था। कार से खींचकर मारपीट करके गंभीर रूप से घायल कर दिया था। उनकी कार भी तोड़ दी। इस मामले में उनके पति चंद्रशेखर ने ललित समेत अन्य के खिलाफ थाना प्रेमनगर में जानलेवा हमले की रिपोर्ट दर्ज कराई लेकिन अब तक उस पर कोई कार्रवाई नहीं हुई है। आरोप लगाया कि इसके बाद सात दिसंबर को रामपुर में उनके पति पर हमला किया गया। इसकी सूचना रामपुर और बरेली पुलिस को दी गई। फिर 12 दिसंबर की दोपहर किला फ्लाईओवर पर उनके भाई विकल्प भारद्वाज को घेरकर धमकाया गया, लेकिन कार्रवाई फिर भी नहीं हुई।
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पांच अगस्त को भी किया था हमला
कृष्णा भारद्वाज ने बताया कि अगस्त 2020 में ललित ने किसी व्यक्ति को गोली मारी थी। उन लोगों ने इसकी सूचना पुलिस को दे दी थी, तब से ही वह उनसे रंजिश मानता है। इसके चलते ही पहले भी ललित उन पर हमले कर चुका है। पांच अगस्त की रात वह अपने पति चंद्रशेखर के साथ स्कूटी से प्लॉट देखकर लौट रही थीं, तब रास्ते में ललित सक्सेना और उसके साथी मोईनुद्दीन ने कार चढ़ाकर उन्हें मारने की कोशिश की। वे लोग जान बचाकर भागे तो फायरिंग कर दी। इस मामले में थाना इज्जतनगर में जानलेवा हमले की रिपोर्ट दर्ज हुई। पुलिस ने मोईनुद्दीन को पकड़ लिया लेकिन ललित अब तक फरार है। डर के कारण 12वीं में पढ़ने वाला उनका बेटा तनिष्क स्कूल और कोचिंग नहीं जा रहा है। आरोप लगाया कि पुलिस के कार्रवाई न करने से ललित के हौसले बुलंद हैं। वह जब भी शिकायत करती हैं तो टाल दिया जाता है। एसएसपी ने प्रेमनगर पुलिस को कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
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