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IVRI Bareilly: वैज्ञानिकों ने आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस से खोजे 15 रोगाणुरोधी पेप्टाइड, चूहों पर सफल रहा प्रयोग

Tue, 03 Oct 2023 10:44 AM IST
मुकेश कुमार अजीत प्रताप सिंह, अमर उजाला ब्यूरो, बरेली
अजीत प्रताप सिंह, अमर उजाला ब्यूरो, बरेली Published by: मुकेश कुमार Updated Tue, 03 Oct 2023 10:44 AM IST
सार

आईवीआरआई के पशु जैव प्रौद्योगिकी विभाग के प्रधान वैज्ञानिक डॉ. समीर श्रीवास्तव के मुताबिक दुनियाभर के वैज्ञानिक एंटीबायोटिक का विकल्प खोज रहे हैं। पेप्टाइड को एंटीबायोटिक का विकल्प माना जा रहा है। सभी सजीव प्राणियों में रोगाणुरोधी पेप्टाइड मौजूद होते हैं।

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IVRI Bareilly Scientists discovered 15 antimicrobial peptides through artificial intelligence
आईवीआरआई, बरेली - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

बेअसर हो रही एंटीबायोटिक दवाओं का विकल्प खोजने में जुटे भारतीय पशु चिकित्सा अनुसंधान संस्थान (आईवीआरआई) बरेली के वैज्ञानिकों को आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस के जरिये एंटी माइक्रोबियल (रोगाणुरोधी) पेप्टाइड तैयार करने में सफलता मिली है। खोजे गए 15 ऐसे पेप्टाइड का प्राथमिक परीक्षण सफल रहा है।

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आईवीआरआई के पशु जैव प्रौद्योगिकी विभाग के प्रधान वैज्ञानिक डॉ. समीर श्रीवास्तव के मुताबिक दुनियाभर के वैज्ञानिक एंटीबायोटिक का विकल्प खोज रहे हैं। पेप्टाइड को एंटीबायोटिक का विकल्प माना जा रहा है। सभी सजीव प्राणियों में रोगाणुरोधी पेप्टाइड मौजूद होते हैं। हालांकि, इनसे पेप्टाइड निकालना और दवा विकसित करना किसी चुनौती से कम नहीं। इससे निजात के लिए आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस की कवायद शुरू हुई। इसके लिए बीएचयू आईआईटी के सुपर कंप्यूटर परम शिवाय की मदद ली गई। डॉ. संजय कुमार सिंह ने भी सहयोग किया।
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इस तकनीक से की रोगाणुरोधी मॉलिक्यूल की खोज
डॉ. समीर के मुताबिक अलग-अलग जीवों से खोजे गए आठ हजार से अधिक पेप्टाइड जो पब्लिक डोमेन के 17 डाटाबेस में मौजूद हैं, उनका अध्ययन करके यूनिक डाटासेट तैयार किया गया और सुपर कंप्यूटर को मशीन लर्निंग और डीप लर्निंग तकनीक से प्रशिक्षित किया। इसके बाद सुपर कंप्यूटर की मदद से संभावित रोगाणुरोधी मॉलिक्यूल की खोज की गई।

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दूध में घुले एंटीबायोटिक्स का सेवन नुकसानदेह
गोवंश में थनैला रोग होने पर पशुपालक एंटीबायोटिक को स्तन ग्रंथि (थन) में इंजेक्ट करते हैं। चार से पांच दिन तक दूध न निकालने का सुझाव दिया जाता है। हालांकि, चार दिन के आर्थिक नुकसान से बचने के लिए इस सुझाव को नजरंदाज कर दूध निकाल लिया जाता है। ऐसे में दूध के जरिये एंटीबायोटिक के भी शरीर में पहुंचने की आशंका होती है।


चूहों पर सफल रहा प्रयोग
खोजे गए रोगाणुरोधी पेप्टाइड्स को डॉ. समीर की प्रयोगशाला में संश्लेषित कर विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) की ओर से चिह्नित सात घातक बैक्टीरिया ईएसकेएपीईई पर बड़े पैमाने पर परीक्षण किया गया। संश्लेषित पेप्टाइड्स की विषाक्तता (टॉक्सिसिटी) का परीक्षण विभिन्न जानवरों की लाल रक्त कोशिकाओं में किया गया। बैक्टीरिया से संक्रमित चूहों पर न्यूनतम विषाक्त प्रभाव वाले एंटीमाइक्रोबियल पेप्टाइड्स का लेप लगाया। बैक्टीरिया से संक्रमित जले हुए घाव पर भी यह असरदार साबित हुआ। प्रयोगों के परिणाम अंतरराष्ट्रीय शोध पत्रिकाओं में प्रकाशित हुए। अब पशुओं पर परीक्षण की तैयारी है।
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