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तीन दिन में बढ़ गए मलेरिया के 15 मरीज 

Mon, 04 Nov 2019 01:13 AM IST
Bareily Bureau बरेली ब्यूरो
Updated Mon, 04 Nov 2019 01:13 AM IST
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Health
बरेली। शहर में मलेरिया का प्रकोप तेजी से बढ़ा है। विभाग के आंकड़ों के मुताबिक पिछले तीन दिनों में ही मलेरिया के 15 मरीज बढ़ गए हैं। अक्तूबर माह में 110 मरीज मिल चुके हैं। अब संख्या 125 तक पहुंच गई है। टीम ने घरों में जांच कर सुभाषनगर के तीन लोगों को नोटिस भी थमाया है।
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कुल सवा सौ मरीजों का आंकड़ा यह विभागीय आंकड़ा है। संख्या इससे चार गुना है। अधिकांश से अधिक मरीज तो निजी अस्पतालों में इलाज करा रहे हैं। हालांकि प्रकोप फैलने के बाद मलेरिया टीम ने डोर टू डोर जाकर काम करना शुरू कर दिया है। लार्वा तलाशने के लिए फ्रिज के पीछे लगी बकेट, गमलों और कूलरों की जांच की जा रही है। यहां लार्वा मिल भी रहे हैं। लोगाें को बताया जा रहा है कि गमलाें में पानी को जमा न होने दें और कूलरों का पानी खाली कर दें। सबसे अधिक लार्वा वहीं पनप रहे हैं। मलेरिया अधिकारी देशराज बताते हैं कि घर में यदि किसी को बुखार हुआ है तो उसे मच्छरदानी में रखें। वरना मच्छर मरीज को काटकर घर में दूसरे को भी मलेरिया फैला सकता है। अगर मरीज को वायरल है तो उसे खांसते और छींकते समय मुंह पर हाथ या कपड़ा रखने को कहें। बता दें कि 2030 तक दुनिया को मलेरिया से मुक्त बनाने का लक्ष्य रखा गया है। इससे तीन साल पहले यानी 2027 तक भारत ने खुद के लिए इस लक्ष्य को निर्धारित किया है।
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क्या है मलेरिया
मलेरिया प्लाज्मोडियम नाम के पैरासाइट से होने वाली बीमारी है। यह मादा एनोफिलीज मच्छर के काटने से होता है। आमतौर पर मलेरिया के मच्छर रात में काटते हैं। कुछ मामलों में मलेरिया अंदर ही अंदर बढ़ता रहता है। ऐसे में बुखार ज्यादा नहीं होता है जबकि शहरी में कमजोरी होने लगती है। एक स्टेज पर हीमोग्लोबिन की कमी हो जाती है।
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लापरवाही हो सकती है जानलेवा
समुचित इलाज न करने या लापरवाही बरतने पर मलेरिया जानलेवा हो सकता है। देश में हर साल सैकड़ों लोग मलेरिया के कारण मर रहे हैं। इसके लक्षण होने पर तत्काल चिकित्सक को दिखाकर जांच कराएं। मलेरिया अधिकारी देशराज ने बताया कि मलेरिया में क्लोरोक्वीन और सल्फा ड्रग आदि का भी इस्तेमाल होता है। बताया बुखार उतारने के लिए पीड़ित व्यक्ति को पैरासिटामॉल दें और शरीर में पानी की कमी न होने दें। इसके लिए अधिक से अधिक तरल पदार्थ देते रहें।
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