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Bareilly News: गले की फांस बना जीआईएस सर्वे, बाहर प्रदर्शन तो निगम में बैठकों का दौर

Sun, 23 Jun 2024 08:07 AM IST
बरेली ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली
संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली Updated Sun, 23 Jun 2024 08:07 AM IST
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GIS survey becomes a pain in the neck, demonstrations outside and rounds of meetings in the corporation
बरेली। नगर निगम की ओर से कराया गया जीआईएस सर्वे अब उसके ही गले की फांस बनता जा रहा है। शनिवार को दामोदर स्वरूप पार्क में धरना-प्रदर्शन तो नगर निगम में बैठकों का दौर जारी रहा। वहीं, पार्षद भी दो धड़ों में बंटे हुए हैं। एक गुट वर्ष 2023-24 की जगह 2024-25 का टैक्स जीआईएस सर्वे के आधार पर लगाने की मांग कर रहा है। वहीं, सपा के पार्षद भाजपा के मंत्रियों और सांसद को इसके लिए जिम्मेदार ठहरा रहे हैं।
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व्यापार मंच के पदाधिकारियों ने सर्वे में शामिल अधिकारियों पर कार्रवाई करने, जीआईएस सर्वे के आधार पर जारी बिल निरस्त करने और टैक्स में दी जाने वाली छूट को बहाल करने की मांग की है। ऐसा नहीं होने पर भूख हड़ताल करने और कोर्ट का दरवाजा खटखटाने की चेतावनी दी है।
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सेठ दामोदर स्वरूप पार्क में पार्षद राजेश अग्रवाल के नेतृत्व में धरना-प्रदर्शन कर उप्र उद्योग व्यापार मंडल के पदाधिकारियों ने मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन कलक्ट्रेट में डीएम को सौंपा। राजेश अग्रवाल ने कहा कि जीआईएस सर्वे के दौरान प्राइवेट कंपनियों ने उगाही की। जब पता चला कि प्राइवेट कर्मचारी नपाई नहीं कर सकते तो नगर निगम ने कहा अब हम नपाई करेंगे और फिर दोबारा उगाही की गई।
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अब जनता को चार-पांच बिल एक साथ भेज रहे हैं। उन्होंने साफ कहा कि इलाहबाद हाईकोर्ट के आदेश पर जीआईएस वहां समाप्त हुआ। इसके अलावा भी कई शहरों में सर्वे को खत्म कर दिया गया है। सिर्फ बरेली में जनता को लूटने के लिए यह सर्वे कराया गया है। इसमें लिप्त अधिकारियों पर कानूनी कार्रवाई करवाकर रहेंगे। जीआईएस सर्वे को खत्म कराने, छूट वापस दिलाने के लिए भूख हड़ताल, आंदोलन करने के साथ ही कोर्ट का दरवाजा भी खटखटाएंगे।

वर्ष 2024-25 से लागू हो टैक्स
पार्षद दल की उपनेता शालिनी जौहरी के नेतृत्व में भाजपा पार्षदों और उपसभापति ने नगर आयुक्त से कहा कि जो टैक्स वर्ष 2023-24 से लागू किया है, उसे 2024-25 से लागू किया जाए। पहले की तरह कर में छूट के प्रावधान को भी दोबारा शुरू किया जाए। नगर आयुक्त ने आश्वासन दिया कि आगे जो भी बिल जारी होंगे, उनमें छूट का प्रावधान होगा।
लोकसभा चुनाव से पहले क्यों नहीं किया लागू : सपा
सपा पार्षद दल के नेता गौरव सक्सेना ने नगर आयुक्त को दिए पांच सूत्री ज्ञापन में कहा है कि लोकसभा चुनाव से आठ माह पूर्व जीआईएस सर्वे पूरा हो गया था। इसके बाद भी लोकसभा चुनाव के बाद इसे लागू किया गया है। यह जनता के साथ धोखा है।
टैक्स अधिकारियों के साथ मंथन
नगर आयुक्त ने टैक्स अधिकारियों के साथ बैठक कर इसका उचित समाधान तलाशने के लिए कहा है। बैठक में तय हुआ कि महापौर और नगर आयुक्त के साथ 25 या 26 जून को बैठक करके आगे की रणनीति तय की जाएगी।

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टैक्स को लेकर पार्षदों व अधिकारियों से बात हुई है। एक-दो बिंदु सामने आए हैं। महापौर के समक्ष पूरा मामला रखा जाएगा। आखिरी निर्णय उन्हीं को लेना है। जल्द ही लोगों की समस्या का समाधान होगा। - निधि गुप्ता वत्स, नगर आयुक्त
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