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विलंब शुल्क के साथ कॉलेज सुनिश्चित कराएं प्रवेश
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MJP Rohilkhand university
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कॉलेजों की चूक से प्रवेश से वंचित छात्रों का प्रवेश कराने के कुलपति ने दिए निर्देश
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बरेली। रुहेलखंड विश्वविद्यालय की वेबसाइट पर तमाम ऐसे छात्रों का आवेदन हुआ है, जिनकी सीट अब तक लॉक नहीं हो सकी है। प्रकरण को गंभीरता से लेते हुए कुलपति के निर्देश पर कुलसचिव ने कॉलेजों को नोटिस जारी किया है। उन्होंने प्रवेश प्रक्रिया से वंचित सभी छात्रों का प्रवेश सुनिश्चित कराने के लिए कहा है। इसके लिए प्रति छात्र 15 सौ रुपये का विलंब शुल्क कॉलेज की ओर से विश्वविद्यालय में जमा होगा।
कुलसचिव की ओर से जारी आदेश में कहा गया है कि स्नातक एवं परास्नातक (प्रवेश परीक्षा से होने वाले दाखिले को छोड़कर) स्तरीय पाठ्यक्रमों में प्रवेश के लिए कॉलेजों को दो मार्च तक का समय दिया गया था। बावजूद इसके तमाम छात्रों का प्रवेश सुनिश्चित नहीं हो सका। इसके बाद कॉलेजों ने अपनी गलती मानी थी। इस पर विचार के बाद कॉलेजों को ऐसे छात्र जिन्होंने पूर्व में विवि की वेबसाइट पर आवेदन फार्म भरा है लेकिन कॉलेज की चूक से उनकी सीट लॉक नहीं हो सकी, उन सभी का प्रवेश सुनिश्चित कराने के लिए 15 सौ रुपए का विलंब शुल्क अदा करना होगा। इसके लिए कॉलेजों को अपनी चूक स्वीकार करनी होगी। अर्थदंड कॉलेजों की ओर से भरे जाने, नियमानुसार प्रवेश प्रक्रिया की जिम्मेदारी कॉलेज की होगी। ताकि छात्र को परीक्षा के दौरान परेशान न होना पड़े। कॉलेजों को नौ से 13 अप्रैल तक का समय भूल स्वीकार करते हुए विलंब शुल्क के साथ छात्र का प्रवेश सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए हैं।
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कुलसचिव की ओर से जारी आदेश में कहा गया है कि स्नातक एवं परास्नातक (प्रवेश परीक्षा से होने वाले दाखिले को छोड़कर) स्तरीय पाठ्यक्रमों में प्रवेश के लिए कॉलेजों को दो मार्च तक का समय दिया गया था। बावजूद इसके तमाम छात्रों का प्रवेश सुनिश्चित नहीं हो सका। इसके बाद कॉलेजों ने अपनी गलती मानी थी। इस पर विचार के बाद कॉलेजों को ऐसे छात्र जिन्होंने पूर्व में विवि की वेबसाइट पर आवेदन फार्म भरा है लेकिन कॉलेज की चूक से उनकी सीट लॉक नहीं हो सकी, उन सभी का प्रवेश सुनिश्चित कराने के लिए 15 सौ रुपए का विलंब शुल्क अदा करना होगा। इसके लिए कॉलेजों को अपनी चूक स्वीकार करनी होगी। अर्थदंड कॉलेजों की ओर से भरे जाने, नियमानुसार प्रवेश प्रक्रिया की जिम्मेदारी कॉलेज की होगी। ताकि छात्र को परीक्षा के दौरान परेशान न होना पड़े। कॉलेजों को नौ से 13 अप्रैल तक का समय भूल स्वीकार करते हुए विलंब शुल्क के साथ छात्र का प्रवेश सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए हैं।
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20 अप्रैल तक कॉलेजों में होगी ऑनलाइन पढ़ाई
बरेली। कोरोना संक्रमण के बढ़ रहे मामलों को देखते हुए शासन से जारी निर्देश के तहत कुलपति प्रोफेसर केपी सिंह के निर्देश पर कुलसचिव ने सभी संबद्ध कॉलेजों में 20 अप्रैल तक ऑनलाइन शिक्षण कार्य के लिए कहा गया है। हालांकि, जिन कॉलेजों में परीक्षा या प्रैक्टिकल हो रहे हैं, उन्हें कोविड प्रोटोकॉल के तहत संपन्न कराने को कहा है। निर्देशों का कड़ाई से अनुपालन करने के निर्देश दिए हैं। ब्यूरो
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