{"_id":"695593e3538c95c6f704f607","slug":"deep-understanding-of-subjects-is-essential-for-success-bareilly-news-c-4-vns1074-797446-2026-01-01","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bareilly News: सफलता के लिए विषयों की गहरी समझ अनिवार्य","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bareilly News: सफलता के लिए विषयों की गहरी समझ अनिवार्य
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बरेली। सीबीएसई बोर्ड परीक्षाओं की आहट के साथ ही छात्रों के बीच तैयारी को लेकर हलचल तेज हो गई है। इस बीच, पद्मावती सीनियर सेकेंडरी स्कूल की प्रधानाचार्या और सीबीएसई सिटी कोऑर्डिनेटर ममता सक्सेना ने विद्यार्थियों को सफलता का मूल मंत्र दिया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि बदलते परीक्षा पैटर्न में अब केवल किताबें पूरी करने से बेहतर परिणाम नहीं मिलेंगे, सफलता के लिए विषयों की गहरी समझ अनिवार्य है।
ममता सक्सेना ने बताया कि आज की परीक्षाएं विद्यार्थियों की तार्किक क्षमता और ज्ञान को वास्तविक परिस्थितियों में लागू करने के कौशल को परख रही हैं। उन्होंने सुझाव दिया कि छात्र- छात्राएं कॉन्सेप्ट क्लियर करने पर ध्यान दें। प्रश्नों को जल्दबाजी में पढ़ने के बजाय उन्हें ध्यान से समझें और उत्तर को क्रमबद्ध व संतुलित तरीके से प्रस्तुत करने का अभ्यास करें।
सैंपल पेपर, प्री-बोर्ड और मॉक टेस्ट के महत्व पर प्रकाश डालते हुए उन्होंने कहा कि इन्हें केवल औपचारिकता न समझें। यह परीक्षाएं आत्ममूल्यांकन का सबसे बड़ा माध्यम हैं। प्रधानाचार्या ने परीक्षा के दौरान समय प्रबंधन, लेखन की स्पष्टता और मानसिक संतुलन को महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने विद्यार्थियों को सलाह दी कि वह तनाव से दूर रहें, शिक्षकों से निरंतर संवाद बनाए रखें और सकारात्मक दृष्टिकोण के साथ अध्ययन करें। नियमित अभ्यास और आत्मविश्वास न केवल बोर्ड परीक्षा में अच्छे अंक दिलाएगा, बल्कि भविष्य की चुनौतियों के लिए भी तैयार करेगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
ममता सक्सेना ने बताया कि आज की परीक्षाएं विद्यार्थियों की तार्किक क्षमता और ज्ञान को वास्तविक परिस्थितियों में लागू करने के कौशल को परख रही हैं। उन्होंने सुझाव दिया कि छात्र- छात्राएं कॉन्सेप्ट क्लियर करने पर ध्यान दें। प्रश्नों को जल्दबाजी में पढ़ने के बजाय उन्हें ध्यान से समझें और उत्तर को क्रमबद्ध व संतुलित तरीके से प्रस्तुत करने का अभ्यास करें।
विज्ञापन
सैंपल पेपर, प्री-बोर्ड और मॉक टेस्ट के महत्व पर प्रकाश डालते हुए उन्होंने कहा कि इन्हें केवल औपचारिकता न समझें। यह परीक्षाएं आत्ममूल्यांकन का सबसे बड़ा माध्यम हैं। प्रधानाचार्या ने परीक्षा के दौरान समय प्रबंधन, लेखन की स्पष्टता और मानसिक संतुलन को महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने विद्यार्थियों को सलाह दी कि वह तनाव से दूर रहें, शिक्षकों से निरंतर संवाद बनाए रखें और सकारात्मक दृष्टिकोण के साथ अध्ययन करें। नियमित अभ्यास और आत्मविश्वास न केवल बोर्ड परीक्षा में अच्छे अंक दिलाएगा, बल्कि भविष्य की चुनौतियों के लिए भी तैयार करेगा।
विज्ञापन