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Bareilly News: फतवों से भी नहीं डिगे दानिश, निभा रहे राम का किरदार

Sun, 14 Jan 2024 04:13 PM IST
बरेली ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली
संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली Updated Sun, 14 Jan 2024 04:13 PM IST
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Danish is not deterred even by fatwas, playing the role of Ram
बरेली। शहर की रामलीला कई मायने में अनोखी है। यहां मुस्लिम समुदाय के लोग राम व भरत सहित विभिन्न किरदार निभाते हैं। वर्षों से राम का किरदार निभा रहे दानिश ने जब इसकी शुरुआत की तो अपने ही लोगों का विरोध झेलना पड़ा। मुस्लिम समाज की ओर से उनके खिलाफ कई फतवे भी जारी हुए पर उन्होंने राम का किरदार निभाना नहीं छोड़ा। वह अयोध्या में होने वाली रामलीला में श्रीराम का किरदार निभाना चाहते हैं। प्राण प्रतिष्ठा समारोह को लेकर भी वह उत्साहित हैं।
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विंडरमेयर थिएटर में होने वाली रामलीला सांप्रदायिक सौहार्द की मिसाल है। इसमें श्रीराम का किरदार निभाने वाले दानिश ने बताया कि मर्यादा पुरुषोत्तम को धर्म के चश्मे से न देखा जाए। उनकी प्रभु श्रीराम में आस्था है। वह राम जी के आदर्शों का भी अनुसरण करते हैं। इससे उनके व्यक्तिगत जीवन में भी काफी परिवर्तन आया है। राम का किरदार निभाकर वह अपने भीतर काफी सकारात्मक ऊर्जा को महसूस करते हैं।
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मंदिर से जागा थिएटर प्रेम
पुराना शहर निवासी दानिश खान ने बताया कि वह 19 वर्षों से थिएटर से जुड़े हैं। थिएटर के प्रति उनका प्रेम एक मंदिर से ही जाग्रत हुआ। श्यामगंज स्थित सेठ गिरधारी लाल मंदिर में उन्होंने अपने गुरु राकेश श्रीवास्तव से रंगमंच के गुर सीखे हैं।
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40 दिन पहले से करते हैं परहेज
श्रीराम का किरदार निभाने के लिए 40 दिन पहले से ही दानिश अपने खानपान व बोलचाल को संयमित करते हैं। श्रीराम के जीवन से जुड़े प्रसंगों को सुनते हैं। किसी से अधिक बात भी नहीं करते। थिएटर में भी रामलीला का मंचन शुरू होने के 15 दिन पहले से सुंदरकांड का पाठ किया जाता है।
तिलक लगाकर चले गए थे घर तो सुनने पड़े ताने

दानिश ने बताया कि शुरुआत में समाज के ही कुछ लोगों ने इसका विरोध किया। सोशल मीडिया पर भी लोगों ने जमकर विरोध किया। एक बार मंचन के बाद घर जाते समय लोग उन्हें घूर रहे थे और भला-बुरा कह रहे थे। बाद में पता चला कि किरदार निभाने के बाद वह जल्दबाजी में मुंह धोना भूल गए थे और माथे पर तिलक लगा रह गया था। अब तो समाज के अन्य लोग भी आगे आ रहे है। पिछले वर्ष रामलीला मंचन में कैफी खान शत्रुघ्न, रईस खान दशरथ, मोहसिन मेघनाद, अमान रजा और सादिक अंगद की भूमिका में नजर आए थे।

इन्होंने भी निभाए किरदार
दानिश को देखकर मैंने शत्रुघ्न का किरदार निभाने की इच्छा जाहिर की थी। रामलीला में हर किरदार का अपना महत्व है। इन सबसे बहुत कुछ सीखने को मिलता है। - कैफी खान, सैलानी

मैंने इस साल की रामलीला में मेघनाद का किरदार निभाया था। थिएटर में श्रीराम के आदर्शों से सकारात्मक संदेश मिला, जो निजी जीवन में भी काम आ रहा है। - मोहसिन खान, पुराना शहर

मैं काफी समय से थिएटर से जुड़ा हूं। सभी तरह के किरदार निभाता हूं जो लोगों को पसंद भी आते हैं। एक कलाकार के रूप में यही मेरे लिए बड़ी उपलब्धि है। - रईस खान, नैनीताल रोड
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