{"_id":"5daf61608ebc3e013202b033","slug":"cultural-bareilly-news-bly381261160","type":"story","status":"publish","title_hn":"रूहानी माहौल के बीच अदा की गई गुस्लो संदल की रस्म","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
रूहानी माहौल के बीच अदा की गई गुस्लो संदल की रस्म
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बरेली। उर्स-ए-रजवी की पूर्व संध्या पर दरगाह आला हजरत पर रूहानी मंजर था। यहां उर्स की पूर्व संध्या पर देर रात संदल और गुस्ल की रस्म अदा की गई। इसमें उलमा और खास लोग ही शामिल हुए।
यह रस्म आला हजरत की मजार शरीफ पर दरगाह प्रमुख मौलाना सुब्हान रजा खां (सुब्हानी मियां) की सदारत में पूरी की गई। इसमें अजमेर की ख्वाजा गरीब नवाज दरगाह से लाया गया संदल पेश किया गया। इससे पहले गुस्ल की रस्म अदा की गई। इस रस्म को अजमेर शरीफ से आए गद्दीनशीन सैयद सुल्तान चिश्ती ने सुब्हानी मियां और सज्जादानशीन मुफ्ती अहसन रजा कादरी व उर्स प्रभारी सैयद आसिफ मियां के साथ कुछ उलमा की मौजूदगी में पूरा कराया। इस मौके पर मुफ्ती आकिल रजवी, मुफ्ती सलीम नूरी, मुफ्ती अनवार अली, मुफ्ती सैयद कफील हाशमी, कारी रिजवान रजा के अलावा मोहतिशिम रजा, हाजी जावेद खान, शाहिद नूरी, नासिर कुरैशी, अजमल नूरी आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
यह रस्म आला हजरत की मजार शरीफ पर दरगाह प्रमुख मौलाना सुब्हान रजा खां (सुब्हानी मियां) की सदारत में पूरी की गई। इसमें अजमेर की ख्वाजा गरीब नवाज दरगाह से लाया गया संदल पेश किया गया। इससे पहले गुस्ल की रस्म अदा की गई। इस रस्म को अजमेर शरीफ से आए गद्दीनशीन सैयद सुल्तान चिश्ती ने सुब्हानी मियां और सज्जादानशीन मुफ्ती अहसन रजा कादरी व उर्स प्रभारी सैयद आसिफ मियां के साथ कुछ उलमा की मौजूदगी में पूरा कराया। इस मौके पर मुफ्ती आकिल रजवी, मुफ्ती सलीम नूरी, मुफ्ती अनवार अली, मुफ्ती सैयद कफील हाशमी, कारी रिजवान रजा के अलावा मोहतिशिम रजा, हाजी जावेद खान, शाहिद नूरी, नासिर कुरैशी, अजमल नूरी आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन