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पीड़ितों ने कहा-डाका, पुलिस ने चोरी बता दिया
ब्यूरो, अमर उजाला बरेली
Updated Tue, 03 May 2016 01:59 AM IST
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रिछा रेलवे फाटक के गांव इस्लामनगर गौंटिया में रविवार रात हथियारबंद लोगों ने चार घरों से नगदी, जेवर समेत साढ़े तीन लाख रुपये का माल समेट लिया। विरोध करने पर उन्होंने महिलाओं से मारपीट भी की। सुबह पीड़ितों ने गांव के दो लोगों को पहचानने का दावा करते हुए बदमाशों के खिलाफ तहरीर दी तो शाम ढले पुलिस ने इसे चोरी में दर्ज कर लिया। अब पुलिस इसे मारपीट का मामला बता रही है।
गांव में रविवार आधी करीब एक बजे हथियारों से लैस आधा दर्जन बदमाशों ने पहले गाड़ी चालक आरिफ के घर को निशाना बनाया। यहां से बदमाश दो जोड़ी पाजेब, बिछुआ समेत 35 हजार रुपये का समान ले गए। परिवार की महिलाओं और बच्चों को उन्हीं के कपड़ों से बांध दिया। फिर गाड़ी चालक नूरुल यामीन के घर में घुसे। यहां गृहस्वामी घर पर नहीं थे। नूरुल की पत्नी नाजरीन, बच्चे राबिया, शमा फरोज और परवेज को कपड़ों से बांधकर डाल दिया। कमरे का ताला तोड़कर उसमें रखे सोने चांदी के जेवर और नगदी समेत एक लाख का समान लूट ले गये। इसके बाद बदमाशों ने पड़ोस में रहने वाले व्यापारी मोहम्मद शाकिर के घर धावा बोला। यहां बरामदे में सो रही शाकिर की पत्नी खैरून्निशा ने विरोध किया तो बदमाशों ने डंडों से उनकी पिटाई कर दी। उन्हें और उनके बच्चे उवैस, निहा को कपड़ों से बांधकर डाल दिया। बदमाश यहां से झुमकी, पैंडल और 45 हजार रुपये समेत करीब सवा लाख रुपये का माल ले गये। बाद में बदमाश व्यापारी मोहम्मद जाहिद के घर में घुसे। उन्हें और उनकी पत्नी रुखसाना तथा चार बच्चों को बांध दिया। ताले तोड़कर काफी जेवर और दस हजार रुपये समेत एक लाख का समान लूट ले गये। बदमाशों ने विरोध करने पर डंडे से गृहस्वामी की पत्नी रुखसाना की पिटाई कर दी।
बदमाशों के जाने के पीड़ितों ने शोर मचाया तो ग्रामीण जागे और बंधकों को खोला। गांव के पूर्व प्रधान मोहम्मद शफी ने रात में ही पुलिस को खबर दी। एसओ देवरनिया अमरपाल मौके पर गये और मुआयना करके चले आये। सोमवार सुबह जाहिद की तरफ से थाने में संयुक्त तहरीर दी गई। इसमें गांव निवासी दो सगे भाइयों को पहचानने का दावा करते हुए उन्हें नामजद कर बाकी अज्ञात बदमाशों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करने की मांग की गई। पूरे दिन पुलिस ग्रामीणों को गुमराह करती रही और शाम को चोरी में मामला दर्ज कर लिया।
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यह चोरी का मामला है जिसे चोरी की धाराओं में ही दर्ज किया गया है। पुलिस ने गांव जाकर जांच की तो पता लगा कि जिन दो लोगों को नामजद किया गया है उनसे पीड़ित पक्ष की पुरानी रंजिश है। घटना में उनकी संलिप्तता नहीं लगती। फिर भी पुलिस जांच के बाद सच्चाई सामने लाएगी।
- अमर सिंह, एसओ देवरनिया
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गांव में रविवार आधी करीब एक बजे हथियारों से लैस आधा दर्जन बदमाशों ने पहले गाड़ी चालक आरिफ के घर को निशाना बनाया। यहां से बदमाश दो जोड़ी पाजेब, बिछुआ समेत 35 हजार रुपये का समान ले गए। परिवार की महिलाओं और बच्चों को उन्हीं के कपड़ों से बांध दिया। फिर गाड़ी चालक नूरुल यामीन के घर में घुसे। यहां गृहस्वामी घर पर नहीं थे। नूरुल की पत्नी नाजरीन, बच्चे राबिया, शमा फरोज और परवेज को कपड़ों से बांधकर डाल दिया। कमरे का ताला तोड़कर उसमें रखे सोने चांदी के जेवर और नगदी समेत एक लाख का समान लूट ले गये। इसके बाद बदमाशों ने पड़ोस में रहने वाले व्यापारी मोहम्मद शाकिर के घर धावा बोला। यहां बरामदे में सो रही शाकिर की पत्नी खैरून्निशा ने विरोध किया तो बदमाशों ने डंडों से उनकी पिटाई कर दी। उन्हें और उनके बच्चे उवैस, निहा को कपड़ों से बांधकर डाल दिया। बदमाश यहां से झुमकी, पैंडल और 45 हजार रुपये समेत करीब सवा लाख रुपये का माल ले गये। बाद में बदमाश व्यापारी मोहम्मद जाहिद के घर में घुसे। उन्हें और उनकी पत्नी रुखसाना तथा चार बच्चों को बांध दिया। ताले तोड़कर काफी जेवर और दस हजार रुपये समेत एक लाख का समान लूट ले गये। बदमाशों ने विरोध करने पर डंडे से गृहस्वामी की पत्नी रुखसाना की पिटाई कर दी।
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बदमाशों के जाने के पीड़ितों ने शोर मचाया तो ग्रामीण जागे और बंधकों को खोला। गांव के पूर्व प्रधान मोहम्मद शफी ने रात में ही पुलिस को खबर दी। एसओ देवरनिया अमरपाल मौके पर गये और मुआयना करके चले आये। सोमवार सुबह जाहिद की तरफ से थाने में संयुक्त तहरीर दी गई। इसमें गांव निवासी दो सगे भाइयों को पहचानने का दावा करते हुए उन्हें नामजद कर बाकी अज्ञात बदमाशों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करने की मांग की गई। पूरे दिन पुलिस ग्रामीणों को गुमराह करती रही और शाम को चोरी में मामला दर्ज कर लिया।
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यह चोरी का मामला है जिसे चोरी की धाराओं में ही दर्ज किया गया है। पुलिस ने गांव जाकर जांच की तो पता लगा कि जिन दो लोगों को नामजद किया गया है उनसे पीड़ित पक्ष की पुरानी रंजिश है। घटना में उनकी संलिप्तता नहीं लगती। फिर भी पुलिस जांच के बाद सच्चाई सामने लाएगी।
- अमर सिंह, एसओ देवरनिया