{"_id":"58079e3f4f1c1b716b70452e","slug":"the-girl-then-half-the-battle-is-won","type":"story","status":"publish","title_hn":"लड़की ने आधी जंग तो जीत ली है","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
लड़की ने आधी जंग तो जीत ली है
ब्यूरो/अमर उजाला, बरेली
Updated Thu, 20 Oct 2016 01:03 AM IST
विज्ञापन
Rape
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
डीआईजी आशुतोष कुमार ने तलाक के बाद दोबारा निकाह करने का झांसा देकर रेप करने के आरोप में जरी ठेकेदार के खिलाफ प्रेमनगर के प्रभारी निरीक्षक को मुकदमा दर्ज करने के आदेश दिए हैं। डीआईजी के मामले को संज्ञान में लेने से पीड़ित लड़की ने जुल्म करने वालों के खिलाफ आधी जंग जीत ली है। उसे उम्मीद है कि मुकदमा लिखने के बाद आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई होगी और उसे इंसाफ मिलेगा।
बुधवार को फिर से पीड़ित ने डीआईजी से मिलकर अपना दर्द बताया। डीआईजी ने कहा कि पूरा मामला उनकी जानकारी में है। मंगलवार को पीड़िता उनसे मिलकर अपने ऊपर हुए जुल्म की पूरी कहानी सुना चुकी थी। डीआईजी ने पीड़िता के प्रार्थना पत्र लेकर उस पर प्रेमनगर प्रभारी निरीक्षक को मुकदमा लिखने के आदेश जारी कर दिए और कहा कि सुबह थाने जाकर एफआईआर की काफी ले लेना। पीड़िता ने तहरीर में कहा कि शावेज के बलात्कार करने से वह गर्भवती हो गई थी। वह उससे कहती रही कि शादी कर ले, लेकिन इसके लिए तैयार नहीं हुआ। बेटी को जन्म देने के बाद मोहल्ले के लोगों ने शावेज पर दबाव बनाया तो उसने निकाह क र लिया। बाद मेें शावेज और उसके पिता शकील अहमद ने साजिश करके उसकी मासूम बेटी को बेच दिया। इसके बाद शावेज ने उसे तलाक देकर उसका निकाह फरीदपुर में जबरन बूढ़े व्यक्ति से कराया। उसने हलाला कराने के बहाने निकाह कराने की बात कही थी, लेकिन वह फरीदपुर से किसी तरह घर वापस आई तो उसने अपनाने से मना कर दिया। उसने किसी तरह से आरोपी के खिलाफ रेप के आरोप में मुकदमा लिखाया तो पूरा परिवार उसे मनाने में लग गया। आरोपी ने मुकदमा खत्म करने के बाद दोबारा निकाह करने एग्रीमेंट करके उसके कोर्ट में बयान भी अपने पक्ष में करा लिए। उसकी गरीब बहन के अलावा कोई नहीं है। उसे सहारा मिलने की आस लगी तो उसने बयान कर दिया था। शावेज तलाक होने के बाद भी शादी का झांसा देकर उसके साथ शारीरिक संबंध बनाता रहा। विरोध करने पर निकाह न करने की धमकी देता रहा। उसने कई बार उसके साथ अप्राकृतिक मैथुन भी किया।
परिवार और रिश्तेदार भी गुनहगार
शावेज के गलत काम में उसके रिश्तेदारों ने भी साथ दिया। गरीब की बेटी होने की वजह से रेप पीड़िता की किसी ने एक नहीं सुनी। पुलिस ने भी उसका साथ नहीं दिया। आरोपियों से मिलीभगत करके रेप के मुकदमे में फाइनल रिपोर्ट लगा दी। यह भी नहीं देखा कि रेप का मुकदमा लिखाने वाली लड़की किस वजह से मुकर गई। कोर्ट में बयान देने से पहले हुए एग्रीमेंट में शावेज के रिश्तेदार अजमेरी मियां, तसलीम, रफ्फन खां ने उस पर अमल कराने की जिम्मेदारी ली थी इसलिए वे भी शावेज के गुनाह में शामिल हैं।
विज्ञापन
मुझे बेटी भी चाहिए
लड़की के अनुसार डीआईजी से मिलकर इंसाफ की आस जागी है। शावेज और उसके घर वालों ने उसकी बेटी को छीनकर बेचा है। इस लड़ाई के साथ वह अपनी बेटी को लेने के लिए भी जंग शुरू करेगी। जिन लोगों ने छल कपट करके उसकी बेटी को गोद लेने को फर्जी गोदनामा तैयार कराया है, उनके खिलाफ भी कार्रवाई के लिए अधिकारियों से गुहार लगाऊंगी।
लड़की की जान को खतरा
लड़की का कहना है कि रेप करने के आरोपी के खिलाफ दोबारा जंग के एलान से उसकी जान को खतरा बना हुआ है। उसे लगातार धमकियां मिल रही हैं। उसकी मदद करने वालों को भी धमकाया जा रहा है। वह पुलिस के आला अधिकारियों से मिलकर सुरक्षा की गुहार करेगी।
विज्ञापन
बुधवार को फिर से पीड़ित ने डीआईजी से मिलकर अपना दर्द बताया। डीआईजी ने कहा कि पूरा मामला उनकी जानकारी में है। मंगलवार को पीड़िता उनसे मिलकर अपने ऊपर हुए जुल्म की पूरी कहानी सुना चुकी थी। डीआईजी ने पीड़िता के प्रार्थना पत्र लेकर उस पर प्रेमनगर प्रभारी निरीक्षक को मुकदमा लिखने के आदेश जारी कर दिए और कहा कि सुबह थाने जाकर एफआईआर की काफी ले लेना। पीड़िता ने तहरीर में कहा कि शावेज के बलात्कार करने से वह गर्भवती हो गई थी। वह उससे कहती रही कि शादी कर ले, लेकिन इसके लिए तैयार नहीं हुआ। बेटी को जन्म देने के बाद मोहल्ले के लोगों ने शावेज पर दबाव बनाया तो उसने निकाह क र लिया। बाद मेें शावेज और उसके पिता शकील अहमद ने साजिश करके उसकी मासूम बेटी को बेच दिया। इसके बाद शावेज ने उसे तलाक देकर उसका निकाह फरीदपुर में जबरन बूढ़े व्यक्ति से कराया। उसने हलाला कराने के बहाने निकाह कराने की बात कही थी, लेकिन वह फरीदपुर से किसी तरह घर वापस आई तो उसने अपनाने से मना कर दिया। उसने किसी तरह से आरोपी के खिलाफ रेप के आरोप में मुकदमा लिखाया तो पूरा परिवार उसे मनाने में लग गया। आरोपी ने मुकदमा खत्म करने के बाद दोबारा निकाह करने एग्रीमेंट करके उसके कोर्ट में बयान भी अपने पक्ष में करा लिए। उसकी गरीब बहन के अलावा कोई नहीं है। उसे सहारा मिलने की आस लगी तो उसने बयान कर दिया था। शावेज तलाक होने के बाद भी शादी का झांसा देकर उसके साथ शारीरिक संबंध बनाता रहा। विरोध करने पर निकाह न करने की धमकी देता रहा। उसने कई बार उसके साथ अप्राकृतिक मैथुन भी किया।
विज्ञापन
परिवार और रिश्तेदार भी गुनहगार
शावेज के गलत काम में उसके रिश्तेदारों ने भी साथ दिया। गरीब की बेटी होने की वजह से रेप पीड़िता की किसी ने एक नहीं सुनी। पुलिस ने भी उसका साथ नहीं दिया। आरोपियों से मिलीभगत करके रेप के मुकदमे में फाइनल रिपोर्ट लगा दी। यह भी नहीं देखा कि रेप का मुकदमा लिखाने वाली लड़की किस वजह से मुकर गई। कोर्ट में बयान देने से पहले हुए एग्रीमेंट में शावेज के रिश्तेदार अजमेरी मियां, तसलीम, रफ्फन खां ने उस पर अमल कराने की जिम्मेदारी ली थी इसलिए वे भी शावेज के गुनाह में शामिल हैं।
विज्ञापन
मुझे बेटी भी चाहिए
लड़की के अनुसार डीआईजी से मिलकर इंसाफ की आस जागी है। शावेज और उसके घर वालों ने उसकी बेटी को छीनकर बेचा है। इस लड़ाई के साथ वह अपनी बेटी को लेने के लिए भी जंग शुरू करेगी। जिन लोगों ने छल कपट करके उसकी बेटी को गोद लेने को फर्जी गोदनामा तैयार कराया है, उनके खिलाफ भी कार्रवाई के लिए अधिकारियों से गुहार लगाऊंगी।
लड़की की जान को खतरा
लड़की का कहना है कि रेप करने के आरोपी के खिलाफ दोबारा जंग के एलान से उसकी जान को खतरा बना हुआ है। उसे लगातार धमकियां मिल रही हैं। उसकी मदद करने वालों को भी धमकाया जा रहा है। वह पुलिस के आला अधिकारियों से मिलकर सुरक्षा की गुहार करेगी।