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औलाद न होने पर विवाहिता की गला दबाकर हत्या

Mon, 13 Jun 2016 01:11 AM IST
ब्यूरो, अमर उजाला बरेली
ब्यूरो, अमर उजाला बरेली Updated Mon, 13 Jun 2016 01:11 AM IST
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Strangulation murder of children is not married
मेनका का फाइल फोटो
दहेज में एक लाख की मांग पूरी न होना और ऊपर से शादी के तीन साल बाद भी औलाद नहीं होने पर विवाहिता की गला दबाकर हत्या कर दी गई। यही नहीं हत्या करने के बाद आत्महत्या का रूप देने को उसका शव फंदे पर लटकाकर ससुराल वाले घर से भाग गए। पोस्टमार्टम में विवाहिता की हत्या गला दबाकर किए जाने की पुष्टि हुई है। मायके पक्ष ने पति समेत पांच लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है। 
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बहेड़ी के गांव जाम निवासी राजेंद्र ने अपनी पुत्री मेनका की शादी तीन साल पहले नवाबगंज के गांव कचनेरा निवासी रोहित के साथ की थी। बताया जाता है कि शादी के तीन साल बीत जाने के बाद भी मेनका के कोई औलाद नहीं हुई। इसको लेकर उसको अक्सर ताने दिए जाते थे। बताया जाता है कि शनिवार की रात मेनका की गला दबाकर हत्या कर दी गई और उसका शव फंदे पर लटका कर घरवाले भाग गए। आसपास के लोगों की सूचना पर राजेंद्र पुलिस को लेकर मेनका के घर पहुंचे। इसके बाद शव पोस्टमार्टम को भेजा गया। पोस्टमार्टम में मेनका की गला दबाकर हत्या किए जाने की पुष्टि हुई है। राजेंद्र का आरोप है कि दहेज में एक लाख रुपये और कोई औलाद न होने पर ससुरालियों ने मेनका की हत्या की है। कार्यवाहक कोतवाल मुकेश शर्मा ने बताया कि राजेंद्र की तहरीर पर आरोपी पति, सास, ससुर, ननद और चचिया ससुर के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। सभी आरोपी घर से फरार हैं। 
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बीए फाइनल की छात्रा थी मेनका
मेनका में पढ़ाई की बेहद ललक थी। इसीलिए शादी के बाद भी उसने पढ़ाई नहीं छोड़ी। इस बार उसने बहेड़ी डिग्री कॉलेज में बीए फाइनल की परीक्षा दी थी। उसकी हत्या से सहपाठियों में भी शोक छाया हुआ है। 
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