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सैनिक कॉलोनी में सोलह लाख की डकैती

Thu, 30 Jun 2016 02:13 AM IST
ब्यूरो, अमर उजाला बरेली
ब्यूरो, अमर उजाला बरेली Updated Thu, 30 Jun 2016 02:13 AM IST
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Sixteen million robbery of a military colony
लूट पी‌िड‌ित
इज्जतनगर की सैनिक कॉलोनी में गली नंबर एक में समाज कल्याण विभाग के रिटायर्ड स्टेनो सुरेश कुमार शर्मा के घर बदमाशों ने मंगलवार रात डाका डाला। बदमाश घर में अकेली उनकी बुुजुर्ग पत्नी को बंधक बनाकर सोलह लाख रुपये का माल समेट ले गए। विरोध करने पर उनके साथ मारपीट भी की। बदमाश जाल वाला दरवाजा तोड़कर घर में घुसे थे। घटना से पूरे इलाके में दहशत है। पुलिस मामले की छानबीन करने में लगी है।  
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घनश्याम मंदिर के पास मकान नंबर 234 में रहने वाले सुरेश कुमार शर्मा इन दिनों आलमगीरी गंज स्थित एक होटल में मैनेजर हैं। उनकी बेटी तरुणा शर्मा नोएडा की एक निजी कंपनी में एचआर मैनेजर हैं। बड़ा बेटा ललित शर्मा भी नोएडा में ही प्राइवेट कंपनी में नौकरी करता है। छोटा बेटा शोभित शर्मा इंजीनियरिंग की पढ़ाई कर रहा है। मंगलवार की रात सुरेश शर्मा ड्यूटी पर गए थे। उनकी पत्नी प्रेमलता शर्मा (60) घर में अकेली थीं। गर्मी की वजह से उन्होंने जाल वाला दरवाजा ही बंद कर रखा था।
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प्रेमलता देवी ने बताया कि रात करीब 1.20 बजे वह सो भी नहीं पाई थीं कि अचानक जाल का दरवाजा तोड़कर चार बदमाश घर में घुस आए। उनके कुछ साथी बाहर खड़े थे। एक बदमाश का चेहरा खुला था, बाकी तीन नकाबपोश थे। एक डकैत के चेहरे को टॉर्च से देखने और पूछताछ करने पर चारों बौखला गए। एक ने उन्हें थप्पड़ मार दिया। इसके बाद बदमाशों ने लाइट जलाकर लूटपाट शुरू कर दी। डकैत करीब एक घंटा उनके घर में रहे। घर से एक लाख रुपये की नकदी और तीन अलमारियों में रखे करीब 15 लाख रुपये के जेवर लूटकर ले गए। 
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जाते वक्त डकैतों ने प्रेमलता शर्मा के हाथ पैर बांध दिए। रात 2.10 बजे डकैतों के चले जाने के बाद प्रेमलता ने मुंह से हाथ-पैर खोले और पड़ोसी किशोर के मोबाइल से सुरेश शर्मा को फोन कर घर बुलाया। घटना की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन अभी तक डकैतों के बारे में कोई सुराग नहीं मिला है। 
डकैती की रिपोर्ट चोरी में दर्ज
शहर की पुलिस बदमाशों को पकड़ने में तो पूरी तरह से नाकाम साबित हो ही रही है। बड़ी वारदात को छोटी दिखाने में भी पुलिस माहिर है। पुलिस ने पीड़ित से चोरी की तहरीर लिखा ली। हालांकि चार से अधिक बदमाशों ने प्रेमवती को बंधक बनाकर वारदात की थी। इससे यह बात साफ हो रही है कि डकैती हुई है, लेकिन पुलिस ने इस घटना को चोरी की धाराओं में दर्ज करके खेल कर दिया।   
हाथ नहीं जोड़ती तो मार डालते
डकैती की कहानी पीड़िता की जुबानी
प्रेमलता शर्मा ने बताया कि डकैतों के घुसते ही वह हड़बड़ा गईं। उनके बारे में पूछने पर मारपीट शुरू कर दी गई। यह भी कहा कि कि बुढ़िया ज्यादा बोलेगी तो जान से मार देंगे। बदमाशों ने पहले अंगूठी उतरवाई फिर कुंडल खींचने लगे। इस पर यह कहकर रोक दिया कि मैं खुद की निकाल देती हूं। कुंडल लेते ही एक डकैत ने उनके गले से सोने की चेन भी खींच ली। इसके बाद डकैत अलमारियों की चाबी मांगने लगे। मना किया तो कहने लगे चुप रहना, हम जल्लाद हैं, बोलोगी तो जान के मार डालेंगे। इसी बीच एक डकैत ने कमरे में ही रखी अलमारी खोली तो उसमें सोने की चूड़ियां मिल गई हैं। तीनों अलमारियों के लॉकर्स तोड़कर उसमें रखा करीब 15 लाख रुपये का जेवर लूट लिया। डकैत आपस में बातचीत से ग्रामीण इलाके के लग रहे थे। वे एक को अवधेश और दूसरे को अंकित संबोधित कर रहे थे। डकैतों के पास तमंचे और धारदार हथियार था। उसने हाथ जोड़कर जान बख्शने को नहीं कहा होता तो डकैत उसे मार डालते। जाते समय उन्होंने बाहर से दरवाजा बंद कर दिया था। 
फ्रि ज में रखी मिठाई और फल भी नहीं छोड़े
डकैतों ने एक घंटे तक इत्मीनान से वारदात की। उन्होंने फ्रिज में रखे फल और मिठाई भी खाई। उन्हें मालूम था कि कोई आने वाला नहीं है। इससे लग रहा है कि डकैती कराने में उनकी किसी करीबी का हाथ भी हो सकता है।
मां का तोहफा भी ले गए
प्रेमलता का मायका बदायूं में है। वह अपने माता-पिता की इकलौती संतान थीं इसलिए मां सुखदेवी ने अपना कीमती जेवर प्रेमलता को सौंप दिया था। प्रेमलता ने उस जेवर को बेटे मोहित शर्मा और बेटी तरुणा शर्मा की शादी के लिए रख लिया था। मोहित की तो इंगेजमेंट भी हो गई है। डकैत प्रेमलता को मां से मिला तोहफा ही ले गए। जाते समय बदमाशों ने प्रेमलता को लूटा गया माल दिखाते हुए यह भी कहा कि तुम झूठ बोल रहीं थी। देखो तुम्हारे घर तो लाखों का माल मिल गया।

महिला सैन्य कर्मी का बैग लूटा
 थाना कैंट के  चंद कदम दूर तक्षशिला स्कूल के पास स्कूटी सवार महिला सैन्य कर्मी वंदना चौधरी से बाइक सवार लुटेरे बैग लूटकर फरार हो गए। महिला ने लुटेरों को पकड़ने की कोशिश भी की, लेकिन हाथ नहीं लग पाए। वह बेटी के साथ खरीददारी करके लौट रही थीं। 
डिफेंस कॉलोनी में रहने वाली वंदना चौधरी यूवी एरिया सिग्नल रेजीमेंट के कम्यूनिकेशन सेंटर में सुपरवाइजर हैं। बुधवार की रात करीब साढ़े आठ बजे वह अपनी बेटी याशिका चौधरी की स्कूटी पर बाजार से खरीददारी करके घर लौट रहीं थीं। स्कूटी बेटी याशिका चली रही थी। रास्ते में बाइक सवार लुटेरों ने उनका बैग लूट लिया और भाग गए। मां-बेटी ने स्कूटी से लुटेरों का पीछा किया, लेकिन थाने के पास गोल चक्कर से वह गायब हो गए। उनके बैग में सोने की एक अंगूठी, करीब बीस हजार की कीमत का मोबाइल, दो हजार रुपये की नकदी और खरीदकर लाए गए कपड़े थे। महिला सैन्य कर्मी वंदना चौधरी ने थाना कैंट में मुकदमा दर्ज करा दिया है। 
 
छह बदमाशों ने व्यापारी से सरेशाम 1.20 लाख लूटे
लूट की वारदातें थमने का नाम नहीं ले रहीं हैं। आधा दर्जन बदमाशों ने शाम आठ बजे डेलापीर की कृष्णायन कालोनी  गेट के पास  व्यापारी शुभम अग्रवाल से तमंचे के बल पर 1.20 लाख रुपये लूट लिए। विरोध किया तो बदमाशों ने  व्यापारी को तमंचे की बट से मारकर घायल कर दिया। बदमाश उनकी स्कूटी लेकर वाल्मीकि बस्ती की ओर भाग गए। घायल व्यापारी को पास के ही निजी अस्पताल में भर्ती करा दिया है। 
व्यापारी राकेश अग्रवाल का शहामतगंज में आटा मैदा, घी और तेल का थोक का कारोबार है। बुधवार शाम साढे़ सात बजे उनका बेटा शुभम अग्रवाल उर्फ गोलू दुकान बंद कर स्कूटी से कृष्णायन कालोनी स्थित अपने घर जा रहा था। उसकी पीठ पर बैग पड़ा था, जिसमें 1.20 लाख रुपये और कारोबार संबंधी कागजात भी थे। वह डेलापीर रोड से स्कूटी पर कालोनी के गेट की ओर बढ़ा तो अंधेरे में चेहरे पर ढाटा बांधे दो बदमाशों ने पीछे से आकर उसका मुंह दबा लिया। बाकी के बदमाश कंधे से उसका बैग उतारने लगे। उसने विरोध किया तो बदमाश हाथापाई पर उतर आए। छह बदमाशों से शुभम ने करीब 10 मिनट तक हाथापाई भी की लेकिन बदमाशों ने उसे तमंचे की बट से सिर पर प्रहार किए जिससे वह वहीं गिर गए। बदमाश रुपयों से भरा बैग और स्कूटी लेकर वाल्मीकि बस्ती की ओर भाग गए। शुभम गेट पर ही अपने चाचा संजय के घर गए। जहां से उसे अस्पताल पहुंचाया गया। 
पैदल आए थे बदमाश 
शुभम के मुताबिक लुटेरों की संख्या  छह थी। वह मुंह में नीले रंग का ढाटा बांधकर पैदल ही आए थे। सभी जींस और शर्ट पहने थे। सबसे पहले बदमाशों ने उसका मुंह दबाकर बैग छीना। इसका मतलब साफ है कि बदमाशों को बैग में रुपये होने की जानकारी पहले से थी। हाथापाई के बाद बदमाश उसकी स्कूटी भी ले गए। स्कूटी में दुकान की चाबी भी थी। 
 व्यापारियों ने जताया आक्रोश
आटा व्यापारी से सरेशाम लूट की घटना की खबर मिलते ही व्यापारी नेता राजेंद्र गुप्ता मौके पर पहुंचे और घटना की जानकारी ली। उनके साथ विनोद अग्रवाल, रजत अग्रवाल, आशीष अग्रवाल, अभय गुप्ता, लेखराज मोटवानी, जुगल सुखानी, राजीव ऐरन, जितेंद्र पाल आदि व्यापारी भी पहुंचे। उन्होंने लूट की बढ़ती वारदातों पर आक्रोश जताया। व्यापारियों का आरोप है कि शहर में लूट की वारदातें बढ़ती जा रही हैं। पुलिस किसी भी घटना का खुलासा नहीं कर पा रही है। सरेशाम लाखों की लूट ने ये साबित कर दिया है कि कानून व्यवस्था पूरी तरह ध्वस्त हो चुकी है। व्यापारी नेता विशाल मेहरोत्रा ने एसएसपी से विरोध जताते हुए कहा कि आए दिन हो रही लूट की वारदातों से  लोग दहशत में है। पुलिस हाथ पर हाथ धरे बैठी है। 

एसपी सिटी ने देखा घटना स्थल
एसपी सिटी समीर सौरभ ने अस्पताल पहुंचकर शुभम से लूट की घटना की पूरी जानकारी ली। इसके बाद कृष्णायन कालोनी पहुंचकर घटनास्थल देखा। उन्होंने कहा कि लगातार एक तरह से हो रही लूट की घटनाएं पुलिस के लिए भी चिंता का विषय हैं। व्यापारियों को आश्वासन दिया कि लूट की घटना का खुलासा जल्द करके बदमाशों को पकड़ा जाएगा।
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