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बिना डीएल एक हजार चालक दौड़ा रहे ऑटो
Updated Fri, 14 Jul 2017 01:35 AM IST
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बरेली।
शहर में एक हजार ऑटो बिना ड्राइविंग लाइसेंस के चालक दौड़ा रहे हैं। इन्हें रोकने के लिए यातायात पुलिस ने चिन्हीकरण शुरू किया है। चालकों का पूरा ब्योरा तैयार कर रिकार्ड मेंटेन करने के साथ उनको आईकार्ड जारी किया जा रहा है। हिदायत दी जा रही है कि ऑटो का रजिस्ट्रेशन जिसके नाम होगा, उसी के नाम ड्राइविंग लाइसेंस होना जरूरी है अन्यथा ऑटो नहीं चलने दिया जाएगा।
शहर में लगभग तीन हजार ऑटो हैं। इनमें से करीब एक हजार ऑटो ऐसे चल रहे हैं, जिनके चालकों के पास ड्राइविंग लाइसेंस ही नहीं हैं। ऐसे में कोई भी अपराध होने पर चालक पकड़ में नहीं आता है। ऑटो में जेब काटने की घटनाएं सबसे अधिक होती हैं, वहीं रात में भी चोर उचक्के चोरी करते समय ऑटो का ही इस्तेमाल करते हैं। यही सब देखते हुए यातायात पुलिस ने ऑटो का सत्यापन शुरू किया है।
बिना ड्राइविंग लाइसेंस के ऑटो चलाने वालों का पता लगाने के लिए चालकों को आईकार्ड जारी किया जा रहा है, जिससे ऑनर का नाम, मोबाइल नंबर, ड्राइविंग लाइसेंस आदि जानकारी लिंक की जा रही है। एसपी ट्रैफिक कमलेश बहादुर सिंह ने बताया कि आईकार्ड उन्हीं चालकों के जारी होंगे, जिनके नाम ऑटो का रजिस्ट्रेशन है। अगर ऑटो से अगर कोई घटना-दुर्घटना होती है, तो उसका मालिक ही जिम्मेदार होगा।
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शहर में एक हजार ऑटो बिना ड्राइविंग लाइसेंस के चालक दौड़ा रहे हैं। इन्हें रोकने के लिए यातायात पुलिस ने चिन्हीकरण शुरू किया है। चालकों का पूरा ब्योरा तैयार कर रिकार्ड मेंटेन करने के साथ उनको आईकार्ड जारी किया जा रहा है। हिदायत दी जा रही है कि ऑटो का रजिस्ट्रेशन जिसके नाम होगा, उसी के नाम ड्राइविंग लाइसेंस होना जरूरी है अन्यथा ऑटो नहीं चलने दिया जाएगा।
शहर में लगभग तीन हजार ऑटो हैं। इनमें से करीब एक हजार ऑटो ऐसे चल रहे हैं, जिनके चालकों के पास ड्राइविंग लाइसेंस ही नहीं हैं। ऐसे में कोई भी अपराध होने पर चालक पकड़ में नहीं आता है। ऑटो में जेब काटने की घटनाएं सबसे अधिक होती हैं, वहीं रात में भी चोर उचक्के चोरी करते समय ऑटो का ही इस्तेमाल करते हैं। यही सब देखते हुए यातायात पुलिस ने ऑटो का सत्यापन शुरू किया है।
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बिना ड्राइविंग लाइसेंस के ऑटो चलाने वालों का पता लगाने के लिए चालकों को आईकार्ड जारी किया जा रहा है, जिससे ऑनर का नाम, मोबाइल नंबर, ड्राइविंग लाइसेंस आदि जानकारी लिंक की जा रही है। एसपी ट्रैफिक कमलेश बहादुर सिंह ने बताया कि आईकार्ड उन्हीं चालकों के जारी होंगे, जिनके नाम ऑटो का रजिस्ट्रेशन है। अगर ऑटो से अगर कोई घटना-दुर्घटना होती है, तो उसका मालिक ही जिम्मेदार होगा।
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